अशोकनगर:
बरसों तक लोगों की प्यास बुझाने वाले हैंडपंप को ऐसी सजा मिली कि लोग अब इस हैंडपंप की स्थिति को देखकर तरस खा रहे हैं। किसने सोचा था कि दशकों तक जमीन खोदकर लोगों की प्यास बुझाने वाला हैंडपंप आसमान और जमीन के बीच में झूल जाएगा। तस्वीर मध्य प्रदेश के अशोकनगर जिले की है। यहां मुंगावली और गुन्हेरू बामौरी स्टेशन के बीच यह हैंडपंप कई महीनों से हवा में झूल रहा है। जानकारी में पता चला कि इस हैंडपंप को सरकारी काम में बाधा डालने के लिए ये सजा मिली है। चौंकिए मत, आइए बताते हैं पूरा मामला
क्या है मामला
यह हैंडपंप मुंगावली-बीना रोड पर रेलवे लाइन के पास लगा है, जो वर्षो से राहगीरों की प्यास बुझात था। कुछ दिन पहले ही यहां अंडरपास निर्माण के लिए रेलवे लाइन के पास खुदाई की गई है। इससे हैंडपम्प जमीन से करीब 20 फीट ऊपर लटक गया है। इस रेलवे क्रॉसिंग से निकलने वाले लोग हैंडपम्प के पानी से प्यास बुझाते थे। फिलहाल निर्णय नहीं हो पाया है कि हैंडपम्प हटाया जाए या दुरस्त किया जाए।
दो विभागों के बीच लटक गया हैंडपंप
सवाल यह है कि अंडरपास बनाया जाना था तो इस हैंडपंप को शिफ्ट क्यों नहीं किया। तो जवाब यह है कि यह प्रक्रिया दो विभागों के बीच लटकी है। इस वजह से रेलवे ने अपने काम को पूर्ण करने के लिए हैंडपंप को बिना हटाए ही खुदाई कर दी और इसे 20 फीट हवा में एक पाइप के सहारे छोड़ दिया। लेकिन हैरत की बात यह है कि ना तो पीएचई विभाग और ना ही लोकल प्रशासन के अधिकारियों की इस पर नजर अब तक पड़ी है।
