11.7 C
London
Tuesday, March 31, 2026
Homeराष्ट्रीयभारत-पाकिस्तान में फिर शुरू होगा व्यापार? जयशंकर के इस्लामाबाद दौरे ने बढ़ाई...

भारत-पाकिस्तान में फिर शुरू होगा व्यापार? जयशंकर के इस्लामाबाद दौरे ने बढ़ाई उम्मीद, कई अहम सवाल भी

Published on

इस्लामाबाद

भारत और पाकिस्तान के बीच हालिया समय में रिश्ते में बेहतरी की एक उम्मीद देखी जा रही है। खासतौर से भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर की शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) बैठक के लिए 15-16 अक्टूबर को इस्लामाबाद का दौरा करने को एक संभावना की तरह देखा गया है। हालांकि इस यात्रा के दौरान जयशंकर ने पाक पीएम शहबाज शरीफ के साथ एक संक्षिप्त बातचीत को छोड़कर कोई द्विपक्षीय वार्ता नहीं की। इसके बावजूद ये सवाल पूछा जा रहा है कि क्या पाकिस्तान और भारत के बीच व्यापार फिर से शुरू हो सकता है।

पाक अखबार ट्रिब्यून की रिपोर्ट कहती है कि जयशंकर की यात्रा को खासतौर से इस्लामाबाद में भू-राजनीति से भू-अर्थशास्त्र की ओर रणनीतिक बदलाव की तरह देखा जा रहा है। इस यात्रा ने क्षेत्र की दो बड़ी अर्थव्यवस्थाओं, पाकिस्तान और भारत के बीच आर्थिक संबंधों में पुनरुद्धार की आशा पैदा की है। हालांकि एक्सपर्ट का मानना है कि दोनों मुल्कों में राजनीतिक तनाव बरकरार है, जिससे यह आसान नहीं लगता है। व्यापारिक संबंध बहाल होने में अभी कई अड़चन हैं।

पाकिस्तान का बड़ा व्यापार साझीदार रहा है भारत
पाकिस्तान के बनने के बाद भारत इसका सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार था, जो देश के वैश्विक व्यापार का तकरीबन 70 फीसदी हिस्सा था। साल 1948 में जब विश्व व्यापार संगठन (डब्ल्यूटीओ) के पूर्ववर्ती टैरिफ और व्यापार पर सामान्य समझौता (जीएटीटी) की शुरुआत हुई तो पाकिस्तान और भारत दोनों इसके सदस्य बने और एक-दूसरे को सर्वाधिक पसंदीदा राष्ट्र (एमएफएन) का दर्जा दिया। दोनों मुल्कों में पहली बार 1965 के युद्ध से व्यापार संबंध बाधित हुए और फिर 1973 तक बंद रहे।

दोनों देशों में साल 1974 में आर्थिक संबंध फिर से शुरू हुए तो दोनों देशों ने एमएफएन सिद्धांत के बजाय व्यापार ‘सकारात्मक सूचियों’ के आधार पर किया। यानी केवल निर्दिष्ट (स्पेसिफाइड यानी पहले से तय) वस्तुओं का ही आयात होगा और बाकी पर बैन होगा। जाहिर है, सकारात्मक सूची सिस्टम ने पाकिस्तान-भारत व्यापार को कम कर दिया। इसके बाद साल 1996 में भारत ने पाकिस्तान की एमएफएन स्थिति को बहाल कर दिया लेकिन पाकिस्तान ने भारत के लिए सकारात्मक सूची जारी रखी।

व्यापार संबंधों को झटका देने वाला रहा 2019
पाकिस्तान और भारत के बीच व्यापार संबंधों को सबसे बड़ा झटका और हालिया झटका 2019 में लगा। फरवरी 2019 में पुलवामा हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान का एमएफएन दर्जा रद्द कर दिया। इसी साल अगस्त में भारत ने जम्मू कश्मीर का विशेष राज्य का दर्जा खत्म करते हुए इसे केंद्र शासित प्रदेश बना दिया। इसका पाकिस्तान ने कड़ा विरोध किया और फार्मास्यूटिकल्स जैसे बहुत जरूरी उत्पादों को छोड़कर द्विपक्षीय व्यापार पूरी तरह से रुक गया। दोनों देशों के बीच व्यापार बीते पांच साल से व्यापार तकरीबन बंद ही है। हालांकि कुछ एक्सपर्ट अब उम्मीद जता रहे हैं कि दोनों देशों के बीच व्यावार संबंधों में आने वाले समय में बेहतरी आ सकती है।

Latest articles

एमपी नगर में युवतियों के बीच सड़क पर विवाद, मारपीट का वीडियो वायरल

भोपाल भोपाल के एमपी नगर जोन-2 इलाके में रविवार देर रात कुछ युवतियों के बीच...

इकबाल मैदान का नाम बदलने के बयान पर विवाद, मुस्लिम त्यौहार कमेटी का प्रदर्शन

भोपाल भोपाल में ऐतिहासिक इकबाल मैदान का नाम बदलने को लेकर विवाद तेज हो गया...

काटजू अस्पताल में नवजात की मौत पर भारी हंगामा: डॉक्टरों ने खुद को कमरों में किया बंद

भोपाल शहर के कैलाशनाथ काटजू अस्पताल में एक नवजात शिशु की मौत के बाद स्थिति...

विधानसभा में ‘युवा विधायक सम्मेलन’ का आगाज: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किया उद्घाटन

भोपाल मप्र विधानसभा परिसर में दो दिवसीय 'युवा विधायक सम्मेलन' का भव्य शुभारंभ हुआ। उद्घाटन...

More like this

1 अप्रैल से जेब पर बढ़ेगा बोझ: नेशनल हाईवे पर सफर होगा 5 से 10% तक महंगा

आने वाली 1 अप्रैल से नेशनल हाईवे पर सफर करना आपकी जेब पर भारी...

रामनवमी पर प्रदेशभर में धार्मिक आयोजन, मंदिरों में विशेष पूजा और भंडारे

भोपाल रामनवमी के पावन अवसर पर मप्र के विभिन्न शहरों में श्रद्धा और उत्साह के...