16.2 C
London
Friday, April 24, 2026
Homeअंतरराष्ट्रीयभारत को महान हिंदू सभ्यता को फिर से स्थापित करने की जरूरत......

भारत को महान हिंदू सभ्यता को फिर से स्थापित करने की जरूरत… पुतिन के गुरु ने ऐसा क्यों कहा

Published on

मॉस्को

रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के राजनीतिक गुरु अलेक्जेंडर दुगिन ने भारत को फिर से अपनी महान हिंदू सभ्यता को फिर से स्थापित करने को कहा है। उन्होंने रूस की सरकारी मीडिया रशिया टीवी (आरटी) से बात करते हुए कहा कि भारत को अपनी महान हिंदू सभ्यता को पुनर्स्थापित करने की आवश्यकता है। रूसी राजनीतिक वैज्ञानिक और दार्शनिक दुगिन ने कहा कि वैदिक सभ्यता की अवधारणा समावेशी है और इसकी पुनर्स्थापना से बहुध्रुवीय विश्व की स्थापना में मदद मिलेगी। रूस भी लगातार अमेरिका के विरोध में बहुध्रुवीय व्यवस्था का समर्थन करता रहा है। इससे अमेरिकी प्रभुत्व को झटका लगने की आशंका है।

अखंड भारत भी बोल चुके हैं दुगिन
इसी साल अप्रैल में दुगिन ने कहा था कि भारत हमारी आंखों के सामने एक नए वैश्विक केंद्र के रूप में उभर रहा है। उन्होंने अपने लेख में भारत की अर्थव्यवस्था की तेज रफ्तार को लेकर भी खुशी जताई थी। दुगिन ने लिखा था कि आज पूरी दुनिया में भारतीय मूल लोग बड़ी भूमिका निभा रहे हैं। उन्होंने भारत के आर्थिक विकास, वैश्विक प्रभाव, राजनीतिक बदलाव, सांस्कृतिक और वैचारिक परिवर्तन, उपनिवेशीकरण और संप्रभुता, भू-राजनीतिक रणनीति जैसे उदाहरण देकर भारत के बढ़ते महत्व को समझाया था।

कौन हैं अलेक्जेंडर दुगिन
अलेक्जेंडर दुगिन का पूरा नाम अलेक्सांद्र गेलीविच दुगिन है। रूस में उन्हें एक राजनीतिक दार्शनिक, विश्लेषक और रणनीतिकार के रूप में जाना जाता है। पश्चिमी देशों का आरोप है कि दुगिन फासीवादी विचारधारा के कट्टर समर्थक हैं। पश्चिमी देशों में अलेक्जेंडर दुगिन को रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के दार्शनिक के रूप में माना जाता है। अलेक्जेंडर दुगिन ने ही यूक्रेन को विशुद्ध रूप से रूसी केंद्रीकृत राज्य का प्रशासनिक क्षेत्र कहकर संबोधित किया था। उन्होंने यूक्रेन को नोवोरोसिया (नया रूस) का नाम भी दिया है।

दुगिन के पिता थे रूसी सैन्य अधिकारी
अलेक्जेंडर दुगिन का जन्म मॉस्को में सोवियत सैन्य खुफिया में एक कर्नल-जनरल गेली अलेक्जेंड्रोविच दुगिन के घर हुआ था। उनकी मां गैलिना एक डॉक्टर थीं। जब वह तीन साल के थे, तब उनके पिता ने परिवार छोड़ दिया, लेकिन यह सुनिश्चित किया कि उनका जीवन स्तर अच्छा हो। उन्होंने कई मौकों पर अपनी पहुंच का इस्तेमाल कर परेशानी से बाहर निकलने में अलेक्जेंडर दुगिन की मदद भी की थी।

Latest articles

बंगाल चुनाव में ‘बंपर वोटिंग’, आज़ादी के बाद बना नया रिकॉर्ड, पहले चरण में 93% मतदान

तमिलनाडु के इतिहास में अब तक की सबसे ज़्यादा 85% वोटिंग कोलकाता। पश्चिम बंगाल और...

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने 92 वर्षीय डॉ. निर्मल घोष को किया सम्मानित, आपातकाल के संघर्षों को किया याद

बैकुंठपुर (कोरिया)। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कोरिया जिला मुख्यालय बैकुंठपुर के प्रवास...

ओसियां को 416 करोड़ की सौगात: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने की खेल स्टेडियम की घोषणा, बोले- उन्नत तकनीक से समृद्ध बनें किसान

ओसियां (जोधपुर)। राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने ओसियां उपखण्ड मुख्यालय के दौरे के...

जयपुर में ‘ग्राम-2026’ का शंखनाद: दिल्ली इन्वेस्टर मीट में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने निवेशकों को किया आमंत्रित

नई दिल्ली/जयपुर। राजस्थान की कृषि विकास यात्रा को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के...

More like this

ट्रम्प बोले- इजराइल और लेबनान 10 दिन के सीजफायर पर राजी, आज रात 2:30 बजे से लागू होगा

दोनों देशों से बात कर सहमति बनाई तेहरान/वॉशिंगटन डीसी। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा...

इस्लामाबाद में ईरान-अमेरिका वार्ता: लेबनान पर तकरार, तेहरान और अमेरिका अपनी शर्तों पर अड़े!

नई दिल्ली। लगभग छह हफ़्तों तक चले विनाशकारी संघर्ष के बाद अब पूरी दुनिया...