पुणे
इंग्लैंड के खिलाफ टी20 सीरीज के चौथे मैच में टॉस के समय कप्तान सूर्यकुमार यादव ने तीन बदलाव की जानकारी दी। शिवम दुबे, अर्शदीप सिंह और रिंकू सिंह को प्लेइंग इलेवन में शामिल किया गया। उन्हें मोहम्मद शमी, ध्रुव जुरेल और वॉशिंगटन सुंदर की जगह मौका मिला। हर्षित राणा प्लेइंग इलेवन का हिस्सा नहीं थे। उन्होंने अभी तक भारत के लिए कोई टी20 नहीं खेला था। लेकिन इंग्लैंड की पारी के दौरान वह बॉलिंग करने लगे।
दुबे की जगह राणा का डेब्यू
हर्षित राणा को शिवम दुबे की जगह प्लेइंग इलेवन में शामिल किया गया। दरअसल भारत की पारी के आखिरी ओवर में शिवम दुबे के सिर पर गेंद लगी थी। उन्हें हेलमेट पहन रखा था लेकिन इसके बाद भी गेंद लगने से चोटिल हो गए। उन्होंने उसके बाद बल्लेबाजी तो की लेकिन फील्डिंग के लिए मैदान पर नहीं आए। कन्कशन सब्स्टीट्यूट के रूप में उनकी जगह हर्षित राणा को प्लेइंग इलेवन में जगह मिल गई। वह टी20 खेलने वाले भारत के 119वें क्रिकेटर बने।
क्या होगा है कन्कशन सब्स्टीट्यूट?
क्रिकेट में कन्कशन सब्स्टीट्यूट का नियम एक अगस्त 2019 से लागू हुआ था। वैसे तो कोई खिलाड़ी चोटिल होता है तो उसकी जगह कोई दूसरा खिलाड़ी प्लेइंग इलेवन में नहीं ले सका। वो खिलाड़ी सिर्फ फील्डिंग कर सकता है लेकिन अगर चोट शरीर में गर्दन के ऊपर लगे तो कन्कशन सब्स्टीट्यूट किया जाता है। कन्कशन सब्स्टीट्यूट में आने वाले खिलाड़ी प्लेइंग इलेवन में शामिल हो जाता है और वह बैटिंग के साथ ही बॉलिंग भी कर सकता है। कन्कशन सब्स्टीट्यूट मैच रेफरी की अनुमति से ही मिलता है।
दूसरी ही गेंद पर लिया विकेट
हर्षित राणा को 11वें ओवर में पहली बार गेंदबाजी का मौका मिला। उन्होंने अपने करियर की दूसरी ही गेंद पर विकेट ले लिया। पिछले मैच में विस्फोटक बैटिंग करने वाले लियाम लिविंगस्टोन उनका शिकार बने। ऑफ स्टंप के बाहर की गेंद को लिविंगस्टोन ने थर्ड मैन पर खेलने की कोशिश की लेकिन बल्ले का किनारा लेकर वह विकेटकीपर संजू सैमसन के हाथों में चली गई। 13 गेंद पर लिविंगस्टोन ने 9 रनों की पारी खेली।
