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अमेरिका ने बिजली की रफ्तार से परमाणु बम गिराने की तैयारी के दिए आदेश, पेंटागन के लीक दस्तावेजों से खुलासा, निशाने पर कौन?

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वॉशिंगटन

पेंटागन ने एक नया आदेश जारी करते हुए 2 मिनट के अंदर परमाणु बमों को चलाने के लिए तैयारी करने के आदेश जारी किए है। रिपोर्ट के मुताबिक यह आदेश परमाणु हथियारों को बहुत तेजी से चलाने को लेकर है। पेंटागन के आदेश के मुताबिक, मैसेज मिलने के बाद दो मिनट या उससे कम समय में परमाणु हथियार चलाने होंगे। पेंटागन का ये आदेश ऐसे वक्त में आया है जब अमेरिका एक खतरनाक परमाणु बम B61-13 को 2026 तक तैयार करने में लगा है। रिपोर्ट के मुताबिक यह बम हिरोशिमा पर गिराए गए बम से 24 गुना ज्यादा शक्तिशाली है। इसकी क्षमता 360 किलोटन है।

अमेरिका के ज्वाइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ के अध्यक्ष ने एक आदेश जारी किया है। जिसमें कहा गया है कि अमेरिका के रक्षा विभाग, खुफिया विभाग, अलग-अलग एजेंसियों और सहयोगी देशों के बीच मैसेज कैसे भेजे जाएंगे। रिपोर्ट के मुताबिक एक आदेश एक गुप्त दस्तावेज का हिस्सा है। इस दस्तावेज का नाम है ‘ऑर्गेनाइजेशनल मैसेजिंग सर्विस’। यह 14 मार्च 2025 को जारी किया गया था। ‘इमरजेंसी एक्शन मैसेज’ के तहत जारी इस आदेश में कहा गया है कि ‘ऑर्गेनाइजेशनल मैसेजिंग सर्विस द्वारा प्रोसेस की जाने वाली सबसे हाई मैसेज प्रायोरिटी, परमाणु कमांड, कंट्रोल और कम्युनिकेशन ऑपरेशंस को दो मिनट या उससे कम समय में सपोर्ट करने के लिए है।”

पेंटागन के इस मैसेज का मतलब क्या है?
क्लिप न्यूज नाम की एक अमेरिकी न्यूज वेबसाइट ने इस गोपनीय रिपोर्ट को सार्वजनिक किया है। इसमें कहा गया है कि सैंडिया नेशनल लेबोरेटरी B61-13 बम बना रही है। उनका कहना है कि “यह बम आज के समय को देखते हुए बनाया जा रहा है। उनके मुताबिक, यह दुश्मनों को डराएगा और सहयोगियों को भरोसा दिलाएगा। यह राष्ट्रपति को कुछ मजबूत और बड़े सैन्य लक्ष्यों के खिलाफ अतिरिक्त विकल्प देगा।” इसका मतलब है कि यह बम दुश्मनों को डराने और दोस्तों को सुरक्षित महसूस कराने के लिए बनाया जा रहा है। इससे राष्ट्रपति के पास मुश्किल लक्ष्यों पर हमला करने के लिए और भी तरीके होंगे। अमेरिका से आई ये रिपोर्ट काफी डरावनी है, क्योंकि ये अमेरिका के एक वरिष्ठ अधिकारी का आदेश है। इसका मतलब यह नहीं है कि अमेरिका फौरन परमाणु हथियार चलाने वाला है। लेकिन इसका मतलब ये है कि अमेरिका 2 मिनट के अंदर किसी के ऊपर परमाणु बम चला सकता है। यह एक तैयारी है, ताकि अगर कभी जरूरत पड़े तो अमेरिका तेजी से कार्रवाई कर सके।

इससे पहले अमेरिका के नेशनल न्यूक्लियर सिक्योरिटी एडमिनिस्ट्रेशन (NNSA) के अधिकारियों ने पिछले दिनों इसकी पुष्टि कर दी थी कि अमेरिका नया परमाणु बम बना रहा है। NNSA ने कहा था कि इस परमाणु बम की ताकत द्वितीय विश्वयुद्ध के दौरान जापानी शहर हिरोशिमा पर गिराए गये परमाणु बम से 24 गुना ज्यादा होगी। यानि अमेरिका का ये नया परमाणु बम कई जापान को भस्म कर सकता है। NNSA ने कहा है कि उसका परमाणु बम कार्यक्रम वक्त से काफी आगे चल रहा है। NNSA के प्रवक्ता ने फॉक्स न्यूज को बताया था कि “नेशनल न्यूक्लियर सिक्योरिटी एडमिनिस्ट्रेशन B61-13 परमाणु बम की पहली प्रोडक्शन यूनिट को इस वित्तीय वर्ष में पूरा कर लिया जाएगा, जो B61 परमाणु गुरुत्वाकर्षण बम का एक आधुनिक वैरिएंट है। यह काम समय से काफी पहले पूरा कर लिया जाएगा।”

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