तेहरान:
सऊदी अरब के रक्षा मंत्री प्रिंस खालिद बिन सलमान अल सऊद गुरुवार को ईरान पहुंचे हैं। प्रिंस खालिद ने तेहरान में ईरान के सशस्त्र बलों के चीफ ऑफ स्टाफ मेजर जनरल मोहम्मद बाघेरी से मुलाकात की है। साथ ही वह ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई से भी मिले हैं। ईरान और सऊदी के रिश्ते ऐतिहासिक रूप से तनावपूर्ण रहे हैं। ऐसे में सऊदी के शाही परिवार के किसी सदस्य का ईरान का ये एक दुर्लभ दौरा है। ये दौरा ऐसे समय हुआ है, जब ईरान और अमेरिका के बीच परमाणु वार्ता चल रही है।
सीएनएन की की रिपोर्ट के मुताबिक, दो दशक से ज्यादा समय बाद किसी बड़े सऊदी शाही सदस्य ने ईरान का दौरा किया है। इससे पहले 1997 में किंग अब्दुल्ला बिन अब्दुल अजीज ने तेहरान का दौरा किया था, उस समय मोहम्मद खतमी राष्ट्रपति थे। तेहरान पहुंचे प्रिंस खालिद, सऊदी किंग सलमान बिन अब्दुल अजीज के बेटे हैं। उनका ये दौरा पश्चिम एशिया में नए समीकरणों को जन्म दे सकता है।
2016 में बिगड़ गए थे संबंध
सऊदी अरब ने रियाद ने 2016 में ईरान से राजनयिक संबंध तोड़ लिए थे। ये तब हुआ था, जब सऊदी अरब में एक शिया मौलवी को फांसी दिए जाने के बाद ईरानी प्रदर्शनकारियों ने तेहरान में सऊदी दूतावास पर हमला कर दिया था। इसके बाद दोनों देशों ने कई सालों तक एक दूसरे के खिलाफ छद्म युद्ध लड़ा है। यमन समेत कई अरब देशों में सऊदी और ईरान ने अलग-अलग पक्षों का समर्थन किया, जिसने क्षेत्रीय अशांति को जन्म दिया।
सऊदी अरब और ईरान के बीच दो साल पहले संबधों में सुधार आया, जब चीन की मध्यस्थता में दोनों देशों ने एक ऐतिहासिक समझौता किया। बीते साल अक्टूबर में सऊदी अरब और ईरान ने ओमान की खाड़ी में संयुक्त नौसैनिक अभ्यास किया था। इसके बाद नवंबर में सऊदी अरब के सशस्त्र बलों के चीफ ऑफ स्टाफ फय्याद अल-रूवैली ने तेहरान का दौरा करते हुए अपने ईरानी समकक्ष से मुलाकात की।
बेहतर होंगे ईरान-अमेरिका के संबंध
सऊदी अरब के अमेरिका को ईरान पर हमले के लिए हवाई स्पेस देने से इनकार करने के बाद दोनों देशों के रिश्ते सुधरे हैं। प्रिंस खालिद और मेजर जनरल बाघेरी के बीच मुलाकात के बाद ईरान और सऊदी के संबंधों में और बेहतरी आने की उम्मीद है। ईरानी मीडिया ने बताया है कि दोनों की बातचीत में रक्षा संबंधों को मजबूत करने पर जोर दिया गया है। दोनों देशों ने क्षेत्रीय शांति और स्थिरता के लिए मिलकर काम करने की बात कही है।
