12.5 C
London
Tuesday, May 5, 2026
Homeराज्यबीएसएफ जवान पूर्णम कुमार को पाकिस्तान ने छोड़ा, अटारी बॉर्डर से आए...

बीएसएफ जवान पूर्णम कुमार को पाकिस्तान ने छोड़ा, अटारी बॉर्डर से आए भारत

Published on

कोलकाता

पाकिस्तान रेंजर्स की ओर से हिरासत में लिए गए बीएसएफ कॉन्स्टेबल पूर्णम कुमार साहू रिहा हो गए हैं। उन्हें अटारी बॉर्डर से भारत भेज दिया गया है। 20 दिन पहले पाकिस्तान ने बीएसएफ जवान पुर्नम कुमार साहू को पकड़ लिया था। पहलगाम हमले के एक दिन बाद 23 अप्रैल को पुर्नम गलती से पाकिस्तान बॉर्डर में चले गए थे। इसके बाद से वह लापता थे। उनकी गर्भवती पत्नी, पति की वापसी के लिए लगातार प्रयास कर रही थीं।

बंगाल के रहने वाले BSF कांस्टेबल पूरन कुमार शॉ बुधवार को भारत लौट आए। उन्हें पाकिस्तान में 23 अप्रैल से रखा गया था। वह वाघा-अटारी बॉर्डर से भारत आए। पूर्णम कुमार शॉ को तब पकड़ा गया था जब भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव बहुत बढ़ गया था। यह तनाव जम्मू और कश्मीर के पहलगाम में हुए एक हमले के बाद और बढ़ गया था।

पहलगाम हमले के दूसरे दिन गलती से पहुंच गए पाकिस्तान
पंजाब के फिरोजपुर सेक्टर में तैनात चालीस वर्षीय साहू 23 अप्रैल को अनजाने में अंतरराष्ट्रीय सीमा पार कर गए। बाद में उन्हें पाकिस्तान रेंजर्स ने हिरासत में ले लिया। इधर पूर्णम की पत्नी रजनी को इस बात की खबर मिली तो वह परेशान हो गईं। वह पश्चिम बंगाल के हुगली जिले के रिशरा इलाके से वाघा-अटारी बॉर्डर पहुंची। वह पति की सुरक्षित वापसी पर अड़ गईं।

अटारी बॉर्डर पर पहुंची पत्नी
गर्भवती रजनी को अधिकारियों ने पूर्णम के सुरक्षित होने का आश्वासन दिया और उन्हें वापस लौटने को कहा। उन्हें आश्वासन दिया गया कि पूर्णम ठीक हैं और जल्द ही भारत लौटेंगे। BSF लगातार उन्हें छुड़ाने कोशिश कर रहा था। इसी बीच भारत-पाकिस्तान के बीच तनाव और बढ़ गया। ऑपरेशन सिंदूर और फिर दोनों के बीच युद्ध जैसे हालात ने चिंता और बढ़ा दी।

खुश हुईं पूर्णम की पत्नी रजनी
रजनी ने बताया कि जब हम फिरोजपुर गए, तो BSF के बड़े अधिकारियों ने हमें हर तरह की मदद का भरोसा दिलाया। उन्होंने मुझसे शांत और धैर्य रखने को कहा। मैं इतने दिनों से धैर्य रख रही थी। लेकिन, हालात को देखते हुए हम सब बहुत चिंता हो गई थी। पति की वापसी को लेकर उम्मीदें कम हो रही थीं लेकिन उनकी वापसी के बाद उनका भारतीय सेना और केंद्र पर भरोसा और अटूट हो गया है।

पूर्णम के भारत में आते ही लोगों का गर्व से सीना चौड़ा हो गया। सोशल मीडिया पर भारतीय सेना और पीएम मोदी की तारीफ होने लगी। बॉर्डर पर भारत माता की जय गूंजी। लोगों ने कहा कि यह आज के भारत की ताकत है कि पूर्णम कुमार की 20 दिन बाद सुरक्षित वापसी हुई है।

Latest articles

मप्र के कई जिलों में बारिश, डिंडौरी में ओले गिरे-टीन शेड उड़े, 39 जिलों में अलर्ट

भोपाल। मप्र में मंगलवार सुबह से धार, बड़वानी, झाबुआ सहित कई जिलों में बारिश...

चीन के हुनान में पटाखा फैक्ट्री में भीषण विस्फोट, 21 की मौत, 61 लोग घायल

बीजिंग। मध्य चीन के हुनान प्रांत से एक बेहद दर्दनाक और खौफनाक खबर सामने...

बंगाल में नई सरकार का शपथग्रहण 9 मई को, सीएम चेहरे पर सस्पेंस बरकरार!

नई दिल्ली। पश्चिम बंगाल, असम, तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी में हुए विधानसभा चुनाव के...

भारतीय राजनीति के कई पुराने किले ढहे, बंगाल में दीदी तो तमिलनाडु में स्टालिन हारे, शुभेंदु और विजय का चला जादू

नई दिल्ली। चार राज्यों और एक केंद्र शासित प्रदेश के चुनावी नतीजे लगभग साफ...

More like this

विक्रमशिला सेतु का 34 मीटर हिस्सा गंगा नदी में गिरा, 16 जिलों का आवागमन प्रभावित

भागलपुर। बिहार के भागलपुर में स्थित 4.7 किलोमीटर लंबे विक्रमशिला सेतु का एक बड़ा...

सीसी रोड की खराब गुणवत्ता पर सख्त हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, दोषियों पर कार्रवाई के निर्देश

रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बेमेतरा जिले के नगर पंचायत दाढ़ी...

15 जून तक पूरे हों मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा जल स्वावलंबन अभियान के कार्य, पौधारोपण की तैयारी के निर्देश

जयपुर। मुख्यमंत्री जल स्वावलंबन अभियान 2.0 एवं जल संचय जन भागीदारी 2.0 की समीक्षा...