भोपाल। राजधानी भोपाल के बड़े तालाब को अतिक्रमण मुक्त करने के लिए प्रशासन ने एक बड़ा अभियान शुरू किया है। सोमवार को जिला प्रशासन और नगर निगम की टीम ने भारी पुलिस बल की मौजूदगी में भदभदा के पास प्रेमपुरा इलाके में कार्रवाई करते हुए तालाब किनारे अवैध रूप से बनी 9 दुकानों और 2 मकानों को ध्वस्त कर दिया। करीब 3 घंटे चली इस कार्रवाई के दौरान क्षेत्र में काफी गहमागहमी रही।
प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, बड़े तालाब के फुल टैंक लेवल (FTL) के 50 मीटर के दायरे में किसी भी प्रकार का निर्माण प्रतिबंधित है। प्रेमपुरा में हटाई गई दुकानों और मकानों की जमीन की कीमत कलेक्टर गाइडलाइन के मुताबिक लगभग 3 करोड़ रुपये से ज्यादा आंकी गई है। सोमवार सुबह एसडीएम अर्चना शर्मा और तहसीलदार कुणाल राउत के नेतृत्व में टीम ने कार्रवाई शुरू की। हालांकि दो दुकानदारों ने इस कार्रवाई का विरोध भी किया, लेकिन अफसरों ने स्पष्ट कर दिया कि सुनवाई के बाद ही यह कदम उठाया गया है। प्रशासन ने टीटी नगर सर्कल के अंतर्गत एफटीएल क्षेत्र में कुल 116 अतिक्रमणों को चिह्नित किया है। इनमें से 68 सरकारी जमीन पर और 48 निजी जमीन पर बने हुए हैं।
सेविनिया गौंड, गौरा गांव और बिसनखेड़ी जैसे इलाकों में सबसे ज्यादा अवैध कब्जे सामने आए हैं। प्रशासन केवल सरकारी जमीन तक ही सीमित नहीं है। टीटी नगर सर्कल में निजी जमीन पर बने 92 निर्माणों की भी अलग से जांच की जा रही है। इनमें कई होटल, रिसॉर्ट, फार्महाउस और दुकानें शामिल हैं। नगर निगम ने इन सभी को नोटिस जारी कर आवश्यक दस्तावेज मांगे हैं। प्रशासन ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि बिना अनुमति के किए गए सभी निर्माणों को संबंधित लोग खुद हटा लें, अन्यथा प्रशासन उन्हें तोड़ने की सख्त कार्रवाई करेगा।
