भोपाल। राजधानी की एक विशेष अदालत ने विवाहिता के घर में घुसकर मारपीट करने और उसके साथ दुष्कर्म का प्रयास करने के आरोपी आकाश चनाल को दोषी करार देते हुए 7 साल के कड़े कारावास की सजा सुनाई है। यह महत्वपूर्ण फैसला विशेष न्यायाधीश सुरेखा मिश्रा की कोर्ट ने साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर सुनाया। शासन की ओर से इस संवेदनशील मामले में अपर लोक अभियोजक प्रीति श्रीवास्तव ने सशक्त पैरवी की।
अभियोजन के अनुसार, यह घटना 10 मई 2024 की रात गोविंदपुरा थाना क्षेत्र की है। पीड़िता ने अदालत में आपबीती सुनाते हुए बताया कि घटना की रात करीब 1 बजे वह अपने घर पर अकेली थी, क्योंकि उसके पति किसी काम से कानपुर गए हुए थे। इसी दौरान सूनेपन का फायदा उठाकर आरोपी आकाश चनाल देर रात उसके घर पहुंचा और जबरन दरवाजा खुलवाने का प्रयास करने लगा। जब पीड़िता ने अंदर से दरवाजा खोलने से साफ इनकार कर दिया, तो आरोपी दीवार फांदकर घर के भीतर घुस आया। उस वक्त आरोपी के हाथ में लोहे की रॉड भी थी। घर में घुसते ही आरोपी ने महिला पर शारीरिक संबंध बनाने का दबाव बनाया। जब पीड़िता ने इसका कड़ा विरोध किया, तो आरोपी हिंसक हो उठा। उसने महिला की आंख पर जोरदार मुक्का मारा और उसे जमीन पर बेरहमी से घसीटा।
पीड़िता ने कोर्ट को बताया कि आरोपी ने उसके साथ न केवल अभद्र हरकतें कीं, बल्कि गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी भी दी। इस मारपीट के कारण पीड़िता के हाथ, पैर, पीठ, सीने और आंख पर गंभीर चोटें आईं। इस दौरान पीड़िता ने हिम्मत दिखाई और किसी तरह आरोपी के चंगुल से छूटकर घर से बाहर भागने में सफल रही। उसके मदद के लिए शोर मचाने और चिल्लाने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। अगले दिन पीड़िता ने सीधे थाने पहुंचकर आरोपी के खिलाफ नामजद शिकायत दर्ज कराई थी, जिस पर त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस ने मामला कोर्ट में पेश किया था।
