भोपाल। देश में विद्युत उपकरण निर्माण के क्षेत्र में अग्रणी सार्वजनिक उपक्रम भारत हैवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड (बीएचईएल), भोपाल ने तकनीकी क्षेत्र में एक और बड़ी उपलब्धि हासिल की है। संस्थान के ट्रांसफॉर्मर प्रभाग (ब्लॉक 3) द्वारा निर्मित प्रथम 765 केवी, 500 एमवीए, आईसीटी ट्रांसफॉर्मर को बीएचईएल भोपाल के कार्यपालक निदेशक प्रदीप कुमार उपाध्याय ने हरी झंडी दिखाकर गंतव्य के लिए रवाना किया। इस अवसर पर निर्माण टीम के प्रयासों की सराहना करते हुए श्री उपाध्याय ने कहा कि यह ट्रांसफॉर्मर बीएचईएल भोपाल के उत्कृष्ट तकनीकी कौशल और देश की ऊर्जा आत्मनिर्भरता के प्रति हमारी प्रतिबद्धता का जीता-जागता प्रतीक है।
यह उच्च क्षमता वाला ट्रांसफॉर्मर देश की अग्रणी विद्युत पारेषण कंपनी पावरग्रिड की कर्नाटक स्थित ‘कोप्पल परियोजना’ के लिए तैयार किया गया है। विशेष बात यह है कि इस प्रकार के पहले ट्रांसफॉर्मर का निर्माण और कड़ा परीक्षण बीएचईएल भोपाल परिसर में ही पावरग्रिड के वरिष्ठ अधिकारियों की सीधी निगरानी में संपन्न हुआ, जिसने गुणवत्ता और आपसी भरोसे का एक नया मापदंड स्थापित किया है।
समय सीमा के भीतर और उच्च मानकों के साथ हुए इस निर्माण ने वैश्विक बाजार में बीएचईएल की साख को और मजबूत किया है। इस गौरवपूर्ण अवसर पर बीएचईएल के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे, जिनमें रूपेश तैलंग, महाप्रबंधक (फीडर्स एंड टीसीबी-मैनु., कमर्शियल एवं मेनटेंनेंस), जीपी बघेल, महाप्रबंधक (गुणता),एसके महाजन, महाप्रबंधक (टीसीबी-इंजी., सर्विसेज एवं एमएम), और आरके अग्रवाल, महाप्रबंधक (एसओएम) मुख्य रूप से शामिल थे। इस सफलता के साथ ही बीएचईएल भोपाल ने एक बार फिर समय पर आपूर्ति और विश्वस्तरीय उत्पाद देने के अपने संकल्प को दोहराया है।
