भोपाल
भेल में पहली डायरेक्टर पॉवर के आगमन से भेल कर्मचारी-अधिकारी काफी खुश नजर आये अब वह चेयरमेन साहब के आने का इंतजार कर रहे हैं । दरअसल लंबे समय से भेल कारखाने और टाउनशिप की साफ सफाई का काम रूका हुआ था जैसे ही डायरेक्टर साहब व अन्य अफसर भोपाल आये तो ताबड़तोड़ सफाई अभियान शुरू हो गया। कचरे के ढेर को सड़क से हटाया गया । ब्लॉकों की साफ-सफाई कर बेहतर तरीके से सजाया गया ।
सिविल का पूरा अमला दिन-रात मेहनत करता रहा सबसे बड़ी बात यह है कि टाउनशिप के मुखिया भी मुख्य मार्गों की साफ-सफाई में लगे रहे जगह-जगह पार्कों से गमले उठवाकर जहां से साहब को गुजरना था वहां सजवा दिये। देखते ही बन रहा था डायरेक्टर साहब के आगमन पर कारखना और टाउनशिप की बदली तस्वीर का नजारा । यूं तो भेल के नये ईडी खुद भी इस तस्वीर को बदलने का मन बना चुके थे क्योंकि यह काम वह झांसी यूनिट में पहले ही कर चुके थे लेकिन प्रोडक्शन में उलझे होने के कारण यह काम नहीं कर पाये ।
देर आये दुरूस्त आये की तर्ज पर डायरेक्टर साहब का आगमन उनके लिये वरदान साबित हुआ उन्होंने इस मौके पर कारखाने की तस्वीर बदलने मेें देर नहीं की । ऐसा ही चलता रहा तो भेल के चेयरमेन साहब इसी साल में भोपाल दौरे पर आ गये तो समझों तस्वीर कुछ और ही होगी । यूं भी प्रोडक्शन यह यूनिट पिछले 8 माह से बेहतर प्रदर्शन कर रही उस पर डायरेक्टर साहब का आना वरदान साबित हुआ ।
दो माह से नहीं मिला वेतन
पिपलानी स्थित भेल सहकारी उपभोक्ता भंडार के कर्मचारी पिछले दो माह से वेतन न मिलने से परेशान हैं । इसको लेकर कई बार शिकायत भी की गई है लेकिन कोई सुनने वाला नहीं । श्रमिक नेता रमेश पथरौल प्रबंधन से मांग की है कि वह गरीब कर्मचारियों का वेतन का जल्द भुगतान करायें।
