भोपाल
भेल भोपाल के विभिन्न श्रमिक संगठनों ने प्रबंधन से मानवीय आधार पर एक महत्वपूर्ण मांग की है। शनिवार को भारतीय मजदूर संघ , एचएमएस और सीटू के प्रतिनिधियों ने संयुक्त रूप से भेल के कार्यपालक निदेशक ) को एक मांग पत्र सौंपकर कोविड-19 के दौरान जान गंवाने वाले कर्मचारियों के आश्रितों के लिए वित्तीय सहायता की अवधि बढ़ाने का आग्रह किया। वर्तमान प्रावधान और समस्या मांग पत्र में उल्लेख किया गया है कि प्रबंधन द्वारा 6 जुलाई 2021 को जारी परिपत्र के अनुसार, वर्ष 2020-21 और 2021-22 में कोविड-19 के कारण दिवंगत हुए कर्मचारियों के परिवारों को 5 वर्ष की अवधि तक वित्तीय सहायता देने का प्रावधान था।
यह अवधि अब वर्ष 2026-27 में समाप्त होने जा रही है। परिवारों के भविष्य पर चिंता यूनियनों का कहना है कि प्रभावित परिवारों की आर्थिक स्थिति अभी भी पूरी तरह सुदृढ़ नहीं हो पाई है। दिवंगत कर्मचारियों के आश्रितों की शिक्षा, भरण-पोषण और अन्य पारिवारिक जिम्मेदारियां निरंतर जारी हैं। ऐसी स्थिति में आर्थिक सहयोग बंद होने से इन परिवारों के सामने गहरा संकट खड़ा हो सकता है। सेवानिवृत्ति तक सहायता की मांग संस्थान के सामाजिक दायित्व को ध्यान में रखते हुए मांग की गई है कि वर्तमान में दी जा रही 5 वर्ष की सहायता अवधि को बदला जाए। इस अवधि को दिवंगत कर्मचारी की संभावित सेवानिवृत्ति तिथि तक बढ़ाया जाए। इससे प्रभावित परिवारों को दीर्घकालिक आर्थिक संबल प्राप्त हो सकेगा।
मांग पत्र सौंपने वालों में कमलेश नागपुरे (महामंत्री, भारतीय मजदूर संघ), हेमंत सिंह (महासचिव, एचएमएस) और लोकेंद्र सिंह शेखावत (अध्यक्ष, सीटू) प्रमुख रूप से शामिल थे। अब देखना यह है कि प्रबंधन इस संवेदनशील विषय पर क्या निर्णय लेता है।
Read Also :- तमिलनाडु की राजनीति में बड़ा उलटफेर ओ. पन्नीरसेल्वम डीएमके में शामिल
