13 C
London
Saturday, June 6, 2026
Homeभोपालछिंदवाड़ा में पालतू बिल्लियों में मिला बर्ड फ्लू, देश में पहले मामले...

छिंदवाड़ा में पालतू बिल्लियों में मिला बर्ड फ्लू, देश में पहले मामले से स्वास्थ्य विभाग में मचा हड़कंप

Published on

छिंदवाड़ाः

मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा शहर में बर्ड फ्लू (एच5एन1) से पालतू बिल्लियों की मौत का मामला सामने आया है। इसने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। ऐसे में अगली एक महीने तक छिंदवाड़ा में पूरी तरह से मटन-चिकन और अंडों की खरीदी-बिक्री पर पाबंदी लगा दी गई है। इसके साथ ही संक्रमित क्षेत्रों में सभी मटन और चिकन शॉप को सील कर दिया है।

डॉक्टर जीएस पक्षवार ने जानकारी देते हुए बताया कि पिछले दिनों छिंदवाड़ा में लगभग 18 बिल्लियों की मौत हो गई थी। जिसके बाद 15 जनवरी को 4 और 22 जनवरी को 3 बिल्लियों के सैंपल लेकर जांच के लिए पुणे के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ वायरलॉजी भेजे गए थे। 31 जनवरी को आई रिपोर्ट में इनमें से दो पालतू बिल्लियों के सैंपल H5N1 (बर्ड फ्लू) पॉजिटिव मिले थे। देश में ऐसा पहली बार है जब घरेलू बिल्लियों में बर्ड फ्लू पाया गया है।

मीट आई दुकानों में की गई सेंपलिंग
पशु चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर जीएस पक्षवार ने बताया कि मृत बिल्लियों को कच्चा मांस 2 मीट शॉप से लाकर खिलाया गया था। उन 2 दुकानों विक्की चिकन सेंटर और नावेल्टी सेंटर के यहां सैंपलिंग की गई, जिसमें बर्ड फ्लू की पुष्टि हुई। प्रभावित क्षेत्र में प्रोटोकॉल का पालन कर संबंधित क्षेत्र में मटन, मुर्गी और अंडों को नष्ट किया गया था। साथ ही मार्केट में इनके क्रय विक्रय पर पाबंदी लगा दी गई थी।

65 व्यक्तियों की रिपोर्ट भी आई नेगेटिव
शहरी क्षेत्र छिंदवाड़ा में पशु विभाग की ओर से लिए गए सैंपल में 2 बिल्लियों के सैंपल में एच5एन1 पॉजिटिव पाए जाने के बाद सीएमएचओ ने एक टीम बनाई थी। टीम ने संक्रमित क्षेत्र में बिल्लियों के संपर्क में आए 65 व्यक्तियों के सैंपल बर्ड फ्लू की जांच के लिए नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ वायरलॉजी, पुणे भेजे गए थे। सभी 65 सैंपल की रिपोर्ट नेगेटिव आने से फिलहाल छिंदवाड़ा में बर्ड फ्लू का खतरा टल गया है। हालांकि, स्वास्थ्य विभाग स्थिति पर लगातार निगरानी बनाए हुए है।

बर्ड फ्लू कितना खतरनाक
आपको बता दें कि बर्ड फ्लू एक प्रकार का इन्फ्लुएंजा है। इन्फ्लुएंजा एक एच5एन1 प्रकार का वायरस है। पानी के फव्वारे से शुरू हुआ वायरस मुर्गी पालन में सबसे तेजी से फैला। इसके प्रभाव में घरेलू पोल्ट्री फॉर्म आ जाते हैं। अगर यह वायरस किसी पक्षी में फैलता है तो उसके मरने की गति तेज हो जाती है। हालांकि यह वायरस इंसान से इंसान में नहीं फैलता है। लेकिन पक्षियों से इंसानों में फैल सकता है।

Latest articles

भाजपा प्रत्याशी तरुण चुघ और रजनीश अग्रवाल ने दाखिल किया नामांकन, सीएम यादव रहे साथ

भोपाल। मध्यप्रदेश से राज्यसभा के लिए भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी तरुण चुघ और...

कॉकरोच पार्टी का दिल्ली में प्रदर्शन, अभिजीत बोले- हिंदू-मुसलमान की राजनीति करने से नौकरी नहीं मिलती

नई दिल्ली। कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन में...

छत्तीसगढ़ में पारंपरिक डिग्रियों से ‘ग्लोबल करियर’ की ओर युवा: 36 कॉलेज बनेंगे ‘उत्कृष्टता केंद्र’, लोकल शोध को मिलेगी ग्लोबल पहचान

रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य को खनिज और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत के साथ-साथ अब एक वैश्विक...

More like this

भाजपा प्रत्याशी तरुण चुघ और रजनीश अग्रवाल ने दाखिल किया नामांकन, सीएम यादव रहे साथ

भोपाल। मध्यप्रदेश से राज्यसभा के लिए भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी तरुण चुघ और...

कर्ज के तनाव में युवक ने खाया सल्फास, अस्पताल में इलाज के दौरान मौत, परिजनों ने लगाया प्रताड़ना का आरोप

भोपाल। राजधानी के मंगलवारा थाना इलाके में कर्ज के बोझ और तकादेदारों की कथित...