मुंबई
महाराष्ट्र ग्राम पंचायत चुनाव में उद्धव ठाकरे वाली शिवसेना को करारा झटका लगा है। वहीं बीजेपी ने सबसे 125 ग्राम पंचायतों पर जीत दर्ज की। इसके बाद एनसीपी को 118 सीटों पर जीत हासिल हुई। 608 ग्राम पंचायतों पर हुए चुनाव में 416 के नतीजे आधिकारिक रूप से घोषित हो गए हैं। इनमें कांग्रेस को 53 और शिंदे गुट को 28 सीटें मिली हैं जबकि मात्र 20 ग्राम पंचायतों पर जीत दर्ज कर उद्धव ठाकरे गुट चौथे नंबर पर खिसक गया है।
हालांकि बीजेपी के प्रदेश प्रमुख चंद्रशेखर बावनकुले ने दावा कर रहे हैं कि बीजेपी ने 259 ग्राम पंचायतों पर जीत दर्ज की है जबकि शिंदे कैंप ने 40 पर। बावनकुले ने कहा कि बीजेपी समर्थित 259 उम्मीदवार सरपंच चुन लिए गए हैं। पूर्व मंत्री ने दावा किया कि मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाले शिवसेना के गुट द्वारा समर्थित 40 उम्मीदवार सरपंच चुने गए हैं।
50 फीसदी से अधिक गठबंधन के सरंपच
बावनकुले ने कहा कि कुल मिलाकर, नवनिर्वाचित सरपंचों में से 50 प्रतिशत से अधिक शिंदे-बीजेपी गठबंधन के समर्थित उम्मीदवार हैं। गौरतलब है कि ग्राम पंचायत चुनाव पार्टी चिह्नों पर नहीं लड़े जाते हैं और पार्टी अपने कार्यकर्ताओं को अपना प्रभाव बढ़ाने के लिए चुनाव में उतारते हैं।
‘जनता का फैसला हमारे पक्ष में’
महाराष्ट्र सीएम एकनाथ शिंदे ने कहा कि चुनाव में बीजेपी और उनके गुट के प्रदर्शन ने दिखा दिया है कि जनता का फैसला उनके पक्ष में है। उन्होंने कहा, ‘यह सिर्फ शुरुआत है बीजेपी और हमारा गठबंधन पहले स्थान पर है। हम उनकी आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए यथासंभव कोशिश करेंगे।’
शिवसेना जीत पाई सिर्फ 20 सीटें, उद्धव को और टेंशन
फिलहाल भाजपा और एकनाथ शिंदे गुट ने इन नतीजों को अपने पक्ष में बताना शुरू कर दिया है। वहीं शिवसेना के लिए महज 20 सीटें ही जीत पाना चिंता की वजह है। सवाल यह भी उठ रहा है कि आखिर उद्धव ठाकरे अब कैसे पार्टी को संभाल पाएंगे, जो लगातार झटके झेल रही है और अब चुनावी जंग में भी उसे निराशा हाथ लगी है। एकनाथ शिंदे ने चुनाव को लेकर कहा, ‘भाजपा और हमारे गठबंधन के लिए यह शुरुआत करने जैसा है। हम लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए हरसंभव प्रयास करेंगे।’ वहीं देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि इन नतीजों ने हमारे गठबंधन पर मुहर लगा दी है।
फडणवीस ने किया 300 से ज्यादा सीटें जीतने का दावा
उन्होंने कहा कि नतीजों ने बताया है कि लोगों को हमारा गठबंधन पूरी तरह से स्वीकार्य है। उन्होंने दावा किया कि भाजपा और एकनाथ शिंदे गुट ने मिलकर 300 से ज्यादा सीटों पर जीत हासिल की है। हालांकि अब तक इन नतीजों को लेकर शिवसेना की ओर से कोई रिएक्शन नहीं आया है। बता दें कि शिवसेना पर भी एकनाथ शिंदे गुट ने दावा किया है। फिलहाल पार्टी पर दावे का मामला सुप्रीम कोर्ट और चुनाव आयोग के समक्ष लंबित है।

