सुल्तानपुर
पूर्व केंद्रीय मंत्री और सांसद मेनका गांधी सुल्तानपुर से एक बार फिर लोकसभा चुनाव के मैदान में उतरेंगी। अपने कार्यों के आधार पर अपनी दावेदारी पेश करती वे दिख रही हैं। इसके संकेत उन्होंने अपने संसदीय क्षेत्र के दौरे पर दिए हैं। उन्होंने अपना फ्यूचर रोडमैप भी शेयर किया है। तीन दिवसीय दौरे पर पहुंचीं मेनका गांधी ने कहा कि ये मेरा आखरी साल है। मैं चाहती हूं कि आखिरी मिनट में भागा- दौड़ी न करें। इससे अच्छा है कि हर गांव के जो 15-20 मुखिया लोग हैं, उनसे बात करके अभी से ही हम लोग तैयारी करें। मेनका गांधी ने ये भी कहा कि अगर मुझमें कोई कमी है तो यही वक्त है बताने के लिए। अगर हम गलतियां कर रहे हैं तो ये समय सुधार का है। सुधार की गुंजाइश अभी है। मेनका ने कहा है कि मेरी अब इतनी उम्र नहीं है कि एक दिन में 70-70 मीटिंग करूं। जैसे वरुण भइया करते थे। इसलिए, अब मैं केवल न्याय पंचायतों की मीटिंग करूंगी
मेनका गांधी ने बताया कि पिछले 4 वर्षों में 1100 गांवों का मैंने दौरा किया है। उन्होंने अपनी उपलब्धियां गिनाईं। कहा कि मैं बिना जात-पात पूछे सबका काम करती हूं। सरकारी विकास योजनाओं के क्रियान्वयन के लिए अनवरत संघर्ष किया है। इसका परिणाम है कि पिछले 4 वर्षों में कई बड़े विकास कार्य हुए हैं। उन्होंने कहा कि जो विकास कार्य शेष रह गए हैं, उनके लिए हम बेहद गंभीर हैं।
600 से बदलेगी सुल्तानपुर में बिजली व्यवस्था
बिजली व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए संपूर्ण संसदीय क्षेत्र के लिए केंद्र सरकार ने 600 करोड़ रुपए की मंजूरी दे दी है, जिसका कार्य हैदराबाद की कंपनी द्वारा किया जाएगा। इस योजना से जनपद के जर्जर तार ट्रांसफार्मर और जर्जर केबल के बदलने में बड़ी मदद मिलेगी।
