17.5 C
London
Friday, June 5, 2026
Homeराजनीतिकेजरीवाल का मिडिल क्लास कार्ड: दिल्ली चुनाव से पहले केंद्र पर साधा...

केजरीवाल का मिडिल क्लास कार्ड: दिल्ली चुनाव से पहले केंद्र पर साधा निशाना

Published on

दिल्ली

दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 को लेकर राजनीति गरमाई हुई है। ऐसे में तमाम राजनीतिक दल के नेता एक-दूसरे पर तंज कसते हुए नजर आ रहे हैं। इसके साथ ही चुनाव प्रचार में समाज के हर वर्गों के लिए लुभावने वादे किए जा रहे हैं। इसी क्रम में बुधवार (22 जनवरी) को आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की और भाजपा और कांग्रेस पर जमकर निशाना साधा। केजरीवाल ने कहा कि कुछ पार्टियां धर्म तो कुछ जाति के नाम पर चुनावी वादे करते हैं और बड़े-बड़े उद्योगपतियों को खुश करते हैं ताकि चंदा मिल सके। क्योंकि उद्योगपति नोटबैंक हैं तो बाकी लोग वोटबैंक हैं। इस नोटबैंक और वोटबैंक के बीच में एक वर्ग ऐसा है जो पिसकर रह गया है। वह है भारत का मिडिल क्लास। कोई भी पार्टी आज मिडिल क्लास के हित की बात करने को तैयार नहीं है।

केजरीवाल ने कहा कि एक वर्ग इनके बीच में है जो पिसकर रह गया है। 75 सालों में एक के बाद एक दूसरी पार्टी सत्ता में आई। हर सरकार ने मिडिल क्लास को दबाकर रखा है। ये मिडिल क्लास के लिए करते कुछ नहीं है लेकिन टैक्स का हथियार चला देती है। मिडिल क्लास सरकार का ATM बनकर रह गया है।

केजरीवाल ने मिडिल क्लास को टैक्स टेररिज्म का शिकार बताया है, साथ ही उन्होंने कहा कि एक सरकार के बाद दूसरी सरकार आई सबने मिडिल क्लास को डराकर दबाकर रखा हुआ है, लेकिन कोई सरकार मिडिल क्लास के लिए ये कुछ करती नहीं है। AAP संयोजक ने कहा कि वह सड़क से लेकर संसद तक मिडिल क्लास की आवाज उठाएंगे। हम जनता का पैसा जनता पर खर्च करते हैं। हमने दिल्ली का शिक्षा बजट 16 हजार करोड़ का किया है। केजरीवाल ने कहा कि साल 2020 में 85 हजार लोगों ने भारत को छोड़ दिया था। इसके साथ ही केजरीवाल ने केंद्र सरकार से 7 अहम मांग की है।

अरविंद केजरीवाल ने केंद्र सरकार से की ये मांग
  • वरिष्ठ नागरिकों के लिए मजबूत रिटायरमेंट प्लान बनाए जाएं और देशभर में उन्हें मुफ्त इलाज दिया जाए।
  • पहला, शिक्षा का बजट दो परसेंट से बढ़ाकर 10% किया जाए और PVT स्कूल पर लगाम लगाई जाए।
  • हेल्थ का बजट भी 10% किया जाए। हेल्थ इंश्योरेंस से टैक्स हटाया जाए।
  • इनकम टैक्स की छूट की सीमा को 7 लाख से बढ़ाकर 10 लाख किया जाए।
  • उच्च शिक्षा के लिए सब्सिडी और स्कॉलरशिप दी जाए।
  • रेलवे में बुजुर्गों को मिलने वाली छूट को फिर से लागू किया जाए।
  • जरूरी चीजों के ऊपर से GST खत्म किया जाए।

Latest articles

गांवों में ‘स्वामित्व योजना’ की जमीनों की मुफ्त रजिस्ट्री कराएगी सरकार, 3800 करोड़ का खर्च खुद उठाएगी राज्य सरकार

भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंगलवार को आयोजित कैबिनेट बैठक में...

जनजातीय कार्य विभाग में तबादलों की प्रक्रिया शुरू: e-HRMS पोर्टल पर 8 जून तक मांगे ऑनलाइन आवेदन

भोपाल। मप्र में तबादलों का दौर शुरू होने के साथ ही जनजातीय कार्य एवं...

नगर निगम की नई बिल्डिंग में लिफ्ट में फंसी महिला, 20 मिनट तक चला रेस्क्यू ऑपरेशन

भोपाल। लिंक रोड नंबर-2 स्थित नगर निगम के नवनिर्मित मुख्यालय भवन में सुरक्षा इंतजामों...

भोपाल में जल संकट: भरपूर पानी के बावजूद बूंद-बूंद को तरसे शहरवासी

भोपाल। झीलों की नगरी भोपाल में भरपूर जलस्रोत होने के बावजूद नगर निगम लोगों...

More like this

भेल में अत्याधुनिक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग प्रणालियों का उद्घाटन— ईडी ने किया शुभारंभ

भोपाल। भारत हैवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड (भेल) भोपाल के कार्यपालक निदेशक (ईडी) पीके उपाध्याय ने...

एक जिला एक उत्पाद’ नीति से राजस्थान के स्थानीय उत्पादों को मिल रही वैश्विक पहचान

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राजस्थान सरकार स्थानीय उत्पादों को वैश्विक पहचान दिलाने...

1 अप्रैल से भोपाल में प्रॉपर्टी खरीदना होगा महंगा, 740 लोकेशन पर बढ़ेगी कलेक्टर गाइड लाइन

भोपाल राजधानी भोपाल में 1 अप्रैल से प्रॉपर्टी खरीदना महंगा हो जाएगा। जिले की कुल...