17.4 C
London
Friday, June 19, 2026
Homeराज्यठिठुरती रात में बैंक के 42 लॉकर काटते रहे चोर, चंद कदम...

ठिठुरती रात में बैंक के 42 लॉकर काटते रहे चोर, चंद कदम दूर पुलिस चौकी, लखनऊ का ‘क्राइम थ्रिलर

Published on

लखनऊ

अगर आप भी बैंक के लॉकरों में अपने बेशकीमती गहने रखते हैं तो अलर्ट हो जाइए। बैंक भी अब सुरक्षित नहीं रहे। लखनऊ के इंडियन ओवरसीज बैंक में शनिवार देर रात सेंध लगाकर घुसे चोर रविवार सुबह चार बजे तक लॉकर तोड़ते रहे और किसी को भनक तक नहीं लगी। मटियारा चौराहा पुलिस चौकी से मात्र 100 मीटर दूर मौजूद बैंक की चिनहट शाखा में इतना बड़ा कांड हो गया और गश्‍त करने वाली पुलिस भी अनभिज्ञ रही। बताया जा रहा है कि 42 लॉकरों में रखा लाखों रुपये का सोना लेकर चोर फरार हो गए।

सीसीटीवी फुटेज से पता चला है कि चोर बाइक पर सवार होकर आए और बैंक से 200 मीटर दूर बाइक खड़ी कर दी। इसके बाद पैदल बैंक तक पहुंचे। चोरों को बैंक में जाने का रास्‍ता पता था। इससे साफ है कि पहले रेकी की गई थी। रविवार को छुट्टी होने के कारण शनिवार रात चोरी की गई जिसका पता काफी देर से चला। नकाबपोश चोर शनिवार रात 12.35 मिनट पर बैंक के अंदर दाखिल हुए। रविवार सुबह 4.35 बजे चोर फरार हो गए।

चार बदमाश अंदर, चार बाहर करते रहे रखवाली
पुलिस ने सीसीटीवी खंगाले तो बैंक परिसर के बाहर सिर्फ एक कैमरा लगा मिला। पुलिस का दावा है कि बैंक में कोई भी अलार्म सिस्‍टम नहीं लगा मिला। बदमाश बैंक के पीछे खाली प्‍लाट से दाखिल हुए थे, जिसकी दीवार टूटी थी। इसके बाद बैंक परिसर की पिछली दीवार में सेंध लगाकर अंदर घुस गए। अंदर घुसने के बाद चोरों ने करीब दो फीट की गोलाई में लॉकर रूम का दीवार काट दिया। चार बदमाश बैंक के अंदर थे और चार बाहर रखवाली कर रहे थे।

गेट पीटने लगे लॉकर होर्ल्‍डस
लॉकर तोड़कर चोरी का पता चलते ही अफरातफरी मच गई। कुछ देर में होल्डर अपने लॉकर की स्थिति जानने बैंक पहुंचने लगे। बैंक या पुलिस की तरफ से काई जानकारी नहीं मिलने से परेशान लॉकर होल्डर्स ने गेट पीटना शुरू कर दिया। करीब तीन घंटे बाद पुलिस की तरफ से जानकारी दी गई। हालांकि स्थिति स्पष्ट नहीं होने से लॉकर होल्डर देर शाम तक परेशान रहे। सभी अपने-अपने लॉकर सुरक्षित होने की दुआ करते रहे।

चोरी के डर से लॉकर में रखे थे गहने
बैंक के पास ही रहने वाले गोपाल कृष्ण गुप्ता ने बताया करीब भतीजी नेहा का बैंक में लॉकर है। निजी स्कूल में पढ़ाने वाली भतीजी ने पाई-पाई जोड़कर जेवर बनवाए थे। चोरी के डर से घर की जगह बैंक के लॉकर में रखे थे। इसी प्रकार मौके पर मौजूद सुनील जायसवाल ने बताया कि 2010 में पत्नी कुसुम के नाम से बैंक में लॉकर लिया था। जारी जमापूंजी लॉकर में ही रखी थी।

कोई बताने को तैयार नहीं कि लॉकर सुरक्षित है या नहीं
पेशे से इंजीनियर एम खान ने भी पत्नी के नाम से लॉकर लिया था। दस्तावेज सहित अन्य सामान लॉकर में ही रखा था। चोरी होने की जानकारी से सभी लॉकर धारक सदमे में है। सभी जानने का प्रयास करते रहे कि उनका लॉकर सुरक्षित है या नहीं। बीबीडी इलाके में बुटिक चलाने वाली पूनम जायसवाल ने बताया कि परिचित से चोरी का पता चला। इसके बाद पति के साथ बैंक पहुंचीं। हालांकि कोई बताने को तैयार नहीं है कि लॉकर सुरक्षित है या नहीं।

Latest articles

भेल में तय समय सीमा में तैयार हुआ ट्रैक्शन अल्टरनेटर और मोटर का अंतिम सेट, लागत की हुई बचत

भोपाल। भारत हैवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड (भेल), भोपाल के फीडर विभाग के ब्लॉक-10 स्थित प्रेस...

​ताजिंदर गुप्ता को भेल के निदेशक (HR) का अतिरिक्त प्रभार मिला

नई दिल्ली। भारत सरकार के सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम, भारत हैवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड (BHEL)...

राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस को झटका; क्रॉस वोटिंग और वोट रद्द होने से बदला पूरा समीकरण

रांची। झारखंड की दो राज्यसभा सीटों के लिए हुए चुनाव की मतगणना में बड़ा...

मध्य प्रदेश में प्री-मानसून का असर जारी, 28 जिलों में बारिश-आंधी का अलर्ट, जून में 35% कम वर्षा

भोपाल। मध्य प्रदेश में मानसून की दस्तक से पहले प्री-मानसून गतिविधियां लगातार सक्रिय बनी...

More like this

मध्य प्रदेश में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल: छह आईएएस अधिकारियों के तबादले, कई अफसरों को मिली नई जिम्मेदारी

भोपाल। मप्र शासन ने प्रशासनिक व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त करने के उद्देश्य से भारतीय प्रशासनिक...

राजस्थान में सुशासन की नई मिसाल: भजनलाल सरकार के ‘ग्रामीण सेवा शिविरों’ से 5.76 लाख से अधिक नागरिक लाभान्वित

जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राज्य सरकार द्वारा 'प्रशासन को गांव-गांव और...