11.9 C
London
Saturday, April 4, 2026
Homeराजनीति'आप जीवन भर पछताएंगी...' महिला सांसद से सभापति धनखड़ ने क्यों कहा...

‘आप जीवन भर पछताएंगी…’ महिला सांसद से सभापति धनखड़ ने क्यों कहा ऐसा?

Published on

नई दिल्ली,

संसद के शीतकालीन सत्र के 12वें दिन राज्यसभा की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्ष ने हंगामा शुरू कर दिया. विपक्षी सांसद चीन-भारत झड़प पर चर्चा की मांग कर रहे थे. ऐसे में हंगामे के चलते, विपक्षी सदस्य वेल के सामने जा पहुंचे. सदस्यों को चेयर के सामने देखकर सदन के सभापति और उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ बेहद नाराज हुए. नाराज़गी में ही उन्होंने एक महिला को सदस्य को फटकार लगा दी.

विपक्ष के सदस्य अपनी सीट से उठकर सभापति के सामने ‘We want discussion’ के नारे लगा रहे थे. सभापति सदस्यों के व्यवहार को लेकर लगातार चेताते रहे. वे बार-बार उन्हें अपनी सीट पर बैठने के लिए कह रहे थे. वे कह रहे थे कि क्या इस तरह चर्चा की जाती है? उन्होंने सदस्यों से यह भी कहा कि आप सदन की वीडियो ध्यान से देखिएगा और अपने घरवालों और मित्रों के साथ शेयर कीजिएगा कि आप सदन में इस तरह का व्यवहार करते हैं.

‘आप मुझे सख्त कार्रवाई करने के लिए मजबूर कर रहे हैं’
विपक्ष का व्यवहार ज़रा भी नहीं बदला और वे सभापति की चेयर के सामने आ गए. ऐसे में सभापति बहुत नाराज़ हो गए. उन्होंने सदस्यों से कहा कि आप इस तरह का व्यवहार कैसे कर सकते हैं. आप इस तरह से चेयर के सामने नहीं आ सकते. उन्होंने सदस्यों को वापस अपनी सीट पर जाने के लिए कहा.

उन्होंने कहा कि वेल में आए सदस्य मुझे सख्त कार्रवाई करने के लिए मजबूर कर रहे हैं. मैं उनसे आग्रह करता हूं कि मुझे मजबूर न करें. डिस्कशन इसलिए नहीं हो सकता क्योंकि एक भी नोटिस ऑर्डर में नहीं है. 267 के हर रूल का उल्लंघन किया गया है.

‘आप जीवन भर पछताएंगी’
सभापति वेल में पहुंचे सांसदों से इतना नाराज़ थे कि उन्होंने एक महिला सदस्य की भी फटकार लगा दी. उन्होंने कहा ‘ मैम,आप काफी कुछ कर चुकी हैं. इसके लिए आप जीवन भर पछताएंगी, मैं कह रहा हूं. आपसे ये उम्मीद नहीं की जा सकती.’ उन्होंने उन्हें वापस अपनी सीट पर जाने के लिए कहा.

इसके बाद सभी अपनी-अपनी सीट पर बैठ गए. फिर राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा- ‘विपक्ष के किसी सदस्य का मकसद आपका अपमान करना नहीं है. हम आपका सम्मान करते हैं. संसद के लोकतंत्र में ऐसा होता है. लेकिन आप गुस्से में आ जाते हैं.’ इस पर सभापति बोले- ‘मुझे गुस्सा नहीं आता खड़गे जी, क्योंकि मैंने 40 साल तक वकालत की है. वकील को गुस्सा करने का राइट नहीं है.’

Latest articles

Amla Benefits: सेहत के लिए किसी वरदान से कम नहीं है आंवला, इसे खाने से मिलेंगे ढेरों फ़ायदे

Amla Benefits: आयुर्वेद के अनुसार आंवला (Amla) सेहत बेहद फायदेमंद होता है। आंवला शरीर...

केरलम में शशि थरूर के काफिले पर हमला, गनमैन और ड्राइवर को पीटा, एक आरोपी गिरफ्तार

नई दिल्ली। केरलम के मलप्पुरम जिले के वांडूर इलाके में शुक्रवार शाम कांग्रेस सांसद...

अजाक्स के प्रांतीय कार्यालय पर कब्जा करने का प्रयास, पुलिस में शिकायत

भोपाल। राजधानी स्थित अजाक्स के प्रांतीय कार्यालय में एक त्यक्ति ने 20 मार्च को...

मुख्यमंत्री ग्रामीण बस योजना से बदली वनांचल की सूरत, लुण्ड्रा के ग्रामीणों का पैदल सफर हुआ खत्म

अंबिकापुर। छत्तीसगढ़ शासन की 'मुख्यमंत्री ग्रामीण बस योजना' वनांचल और दूरस्थ क्षेत्रों के ग्रामीणों...

More like this

एक जिला एक उत्पाद’ नीति से राजस्थान के स्थानीय उत्पादों को मिल रही वैश्विक पहचान

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राजस्थान सरकार स्थानीय उत्पादों को वैश्विक पहचान दिलाने...

1 अप्रैल से भोपाल में प्रॉपर्टी खरीदना होगा महंगा, 740 लोकेशन पर बढ़ेगी कलेक्टर गाइड लाइन

भोपाल राजधानी भोपाल में 1 अप्रैल से प्रॉपर्टी खरीदना महंगा हो जाएगा। जिले की कुल...

इंद्रपुरी लेबर कॉलोनी को बचाने के लिए कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन: पट्टा धारियों के घर तोड़ने की कार्रवाई का विरोध

भोपाल राजधानी के वार्ड 66 स्थित इंद्रपुरी लेबर कॉलोनी के निवासियों के आशियानों पर मंडरा...