9.5 C
London
Wednesday, May 13, 2026
Homeराज्य'क्षत्रियों से BJP को नफरत' UP के डीजीपी रहे सुलखान की पोस्ट...

‘क्षत्रियों से BJP को नफरत’ UP के डीजीपी रहे सुलखान की पोस्ट से हंगामा

Published on

लखनऊ ,

उत्तर प्रदेश के पूर्व डीजीपी और रिटायर्ड आईपीएस अफसर सुलखान सिंह की एक फेसबुक पोस्ट से हंगामा मच गया है. बुधवार सुबह की गई पोस्ट में सुलखान ने भारतीय जनता पार्टी को क्षत्रियों से नफरत करने वाली पार्टी करार दिया. साथ आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) व्यवस्था पर भी सवाल उठाए हैं.

‘भाजपा की क्षत्रियों से नफरत और गरीब सवर्णों के लिए आरक्षण’ शीर्षक से लिखी गई पोस्ट में सुलखान सिंह ने लिखा, ”काफी पहले मैंने गरीब सवर्णों के लिए आरक्षण का विरोध किया था. मैंने स्पष्ट लिखा था कि एक चाल है कुछ लोगों द्वारा बचे खुचे पचास प्रतिशत पदों को हड़पने का षड्यंत्र है. गरीबी का पैमाना ऐसे बनाया जाएगा कि EWS का प्रमाण पत्र कुछ वर्ग के लोग ही ले जाएंगे.

अभी अपने एक रिश्तेदार के मामले में इस व्यवस्था को देखा. EWS के लिए आठ लाख सालाना आय रखी गई है. लेकिन यदि किसी के पास पांच एकड़ या अधिक कृषि भूमि है तो वह EWS के दायरे से बाहर हो जाएगा, भले ही उसकी आय कुछ भी हो.

कोई भी व्यक्ति यह समझ सकता है कि पांच एकड़ जमीन से आठ लाख तो दूर, चार लाख भी नहीं सकता है. यह शासनादेश भारत सरकार द्वारा जानबूझकर खेतीबाड़ी में लगे सवर्णों को आरक्षण श्रेणी से बाहर रखने के लिए जारी किया गया है. खेतीबाड़ी ही जिनकी आजीविका है और जो पिछड़ा वर्ग और अनुसूचित जाति और जनजाति के आरक्षण में नहीं आते हैं, वे हैं क्षत्रिय.

अनारक्षित सवर्णों में क्षत्रिय ही ऐसे हैं जो अधिकांश खेतीबाड़ी पर निर्भर हैं. पांच एकड़ की यह सीमा जानबूझकर क्षत्रियों को आरक्षण से बाहर करने के लिए की गई है. भाजपा सरकार क्षत्रिय विरोधी है, क्षत्रियों से नफरत करती है. और क्षत्रिय हें कि भाजपा की चाल में फंसकर अपनी ही दुर्दशा पर आगे आगे उछल रहे हैं. ”

बता दें कि उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ की पहली सरकार में ही सुलखान सिंह पहले डीजीपी बनाए गए थे. कार्यकाल पूरा होने के बाद भी उत्तर प्रदेश सरकार ने सुलखान सिंह को 3 माह का एक्सटेंशन भी दिया था.

Latest articles

असम के दूसरी बार मुख्यमंत्री बने हिमंता, 2 बीजेपी और 2 सहयोगी दलों से मंत्री बने, मोदी-शाह मौजूद रहे

गुवाहाटी। हिमंता बिस्वा सरमा लगातार दूसरी बार असम के मुख्यमंत्री बने हैं। असम के...

मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना से धनंजय तिवारी को मिली 14 हजार से अधिक रुपये की राहत

रायपुर। विष्णुदेव साय के नेतृत्व में संचालित मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना 2026...

बीएचईएल में नई भर्ती आर्टिजनों के वेतन पुनरीक्षण की मांग, ऐबू ने प्रबंधन को सौंपा ज्ञापन

भोपाल। बीएचईएल भोपाल में नई भर्ती कामगारों (आर्टिजनों) के हितों और वेतन विसंगतियों को...

उद्यमशीलता से प्रवासी राजस्थानियों ने देश-विदेश में बनाई अलग पहचान : मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा

जयपुर। भजनलाल शर्मा ने कहा कि प्रवासी राजस्थानियों ने अपनी उद्यमशीलता, मेहनत और दूरदर्शिता...

More like this

मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना से धनंजय तिवारी को मिली 14 हजार से अधिक रुपये की राहत

रायपुर। विष्णुदेव साय के नेतृत्व में संचालित मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना 2026...

उद्यमशीलता से प्रवासी राजस्थानियों ने देश-विदेश में बनाई अलग पहचान : मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा

जयपुर। भजनलाल शर्मा ने कहा कि प्रवासी राजस्थानियों ने अपनी उद्यमशीलता, मेहनत और दूरदर्शिता...

विज्ञान, तकनीक और नवाचार ही विकास का वास्तविक माध्यम : मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा

जयपुर। राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस के अवसर पर आयोजित राज्य स्तरीय समारोह में भजनलाल शर्मा...