8 C
London
Thursday, May 14, 2026
Homeराज्यक्या विधायकी छोड़ने पर विचार कर रहे अखिलेश? आजमगढ़ से तौबा, लोकसभा...

क्या विधायकी छोड़ने पर विचार कर रहे अखिलेश? आजमगढ़ से तौबा, लोकसभा 2024 में यहां से लड़ सकते हैं चुनाव

Published on

लखनऊ

लोकसभा चुनाव 2024 को अब एक साल से भी कम समय बचा है। ऐसे में सभी दल अपनी-अपनी तैयारी में जुट गए हैं। राजनीतिक गलियारों में ऐसी चर्चा है कि सपा मुखिया अखिलेश यादव कन्नौज से सांसदी लड़ सकते हैं। इसी सीट से उन्होंने राजनीतिक करियर शुरू किया था। 2019 में बीजेपी के सुब्रत पाठक ने डिंपल यादव को हरा दिया था। 2019 में अखिलेश यादव ने आजमगढ़ से लोकसभा का चुनाव लड़ा था, लेकिन यूपी विधानसभा चुनाव 2022 में अखिलेश यादव ने इस्तीफा देकर मैनपुरी के करहल से चुनाव लड़ा था। इसके बाद आजमगढ़ सीट पर उपचुनाव हुआ। यहां से उनके चचेर भाई धर्मेंद्र यादव को बीजेपी के दिनेश लाल यादव निरहुआ ने हराया था। इसलिए अखिलेश यादव आजमगढ़ सीट से वापसी नहीं करना चाहते हैं।

स्थानीय सपा नेताओं का कहना है कि सपा मुखिया अखिलेश यादव 2024 में लोकसभा का चुनाव कन्नौज से ही लड़ेंगे। कहा कि अखिलेश यादव साफ कर चुके हैं कि वह यहीं से चुनाव लड़ेंगे, इसके लिए बूथ कमेटियों की तैयारी पर जोर दिया जा रहा है। वहीं, पिछले साल अखिलेश यादव ने कन्नौज में लोकसभा चुनाव लड़ने के सवाल पर बोला था कि खाली बैठकर क्या करेंगे। हमारा काम ही चुनाव लड़ना और हम यहां से पहला चुनाव भी लड़े थे, फिर लड़ेंगे।

कन्नौज सीट पर मुलायम परिवार का लंबे समय तक कब्जा रहा है। पहले इस सीट पर मुलायम सिंह यादव, फिर अखिलेश यादव और उसके बाद उनकी पत्नी डिंपल यादव सांसद रही हैं। 1999 से लेकर 2018 तक यादव परिवार का राज कन्नौज सीट पर रहा था, लेकिन 2019 के लोकसभा चुनाव में बीजेपी के सुब्रत पाठक ने डिंपल यादव को हराकर यादव परिवार से ये सीट छीन ली थी। अखिलेश यादव ने 2000 साल में यहां से अपना पहला चुनाव लड़ा था। अखिलेश यादव ने बसपा के दिग्गज नेता अकबर अहमद डंपी को हराया था। इसके बाद 2004 और 2009 में इस सीट से जीत दर्ज की थी। अखिलेश यादव 2012 में यूपी के सीएम बने। 2014 में उनकी पत्नी डिंपल जीत गईं, लेकिन 2019 में हार का सामना करना पड़ा था।

Latest articles

मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना : शासन बना बेटियों का संबल, सामूहिक विवाह बना सामाजिक बदलाव का उत्सव

रायपुर। छत्तीसगढ़ में इन दिनों सामूहिक विवाह समारोह केवल दो लोगों के वैवाहिक बंधन...

असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल हुए सीएम भजनलाल शर्मा; दी बधाई

गुवाहाटी। राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने गुवाहाटी प्रवास के दौरान असम के मुख्यमंत्री...

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने मां कामाख्या के दरबार में टेका मत्था; हवन-पूजन कर प्रदेश की खुशहाली की मांगी दुआ

गुवाहाटी/जयपुर। राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने असम स्थित सुप्रसिद्ध शक्तिपीठ मां कामाख्या मंदिर...

केंद्रीय मंत्री गडकरी से मिले सीएम भगवंत मान: पंजाब को मिला 400 करोड़ का फंड, कई सड़क परियोजनाओं को हरी झंडी

नई दिल्ली/चंडीगढ़। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने अपने दिल्ली दौरे के दौरान केंद्रीय...

More like this

मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना : शासन बना बेटियों का संबल, सामूहिक विवाह बना सामाजिक बदलाव का उत्सव

रायपुर। छत्तीसगढ़ में इन दिनों सामूहिक विवाह समारोह केवल दो लोगों के वैवाहिक बंधन...

असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल हुए सीएम भजनलाल शर्मा; दी बधाई

गुवाहाटी। राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने गुवाहाटी प्रवास के दौरान असम के मुख्यमंत्री...

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने मां कामाख्या के दरबार में टेका मत्था; हवन-पूजन कर प्रदेश की खुशहाली की मांगी दुआ

गुवाहाटी/जयपुर। राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने असम स्थित सुप्रसिद्ध शक्तिपीठ मां कामाख्या मंदिर...