14.9 C
London
Tuesday, March 24, 2026
Homeराज्यभारी बारिश के बाद जलमग्न हुआ पटना, विधानसभा कैंपस और मंत्रियों के...

भारी बारिश के बाद जलमग्न हुआ पटना, विधानसभा कैंपस और मंत्रियों के बंगले में भी घुसा पानी

Published on

पटना,

बिहार की राजधानी पटना में भारी बारिश होने के बाद सरकार की तैयारियों की पोल खुल गई. पूरा शहर पानी-पानी हो गया. लगातार बारिश के बाद बिहार विधानसभा परिसर, आसपास के कई मंत्रियों के बंगले और पटना के अस्पतालों सहित कई अन्य स्थानों पर पानी भर गया.

पटना में हुई जबरदस्त बारिश
न्यूज एजेंसी के मुताबिक मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने स्थिति का जायजा लेने के लिए अलग-अलग प्रभावित इलाकों का दौरा किया. शहर में 41.8 मिमी बारिश हुई, जिससे स्ट्रैंड रोड, राजबंसी नगर, बोरिंग रोड, बेली रोड और पाटलिपुत्र कॉलोनी सहित अधिकांश पॉश इलाकों और निचले इलाकों में पानी भर गया, साथ ही वाहनों की आवाजाही भी बाधित हुई है.

मंत्रियों के घर में जलभराव
बिहार विधानसभा परिसर में जलजमाव हो गया. कुछ सौ मीटर की दूरी पर रहने वाले कई राज्य मंत्रियों के आधिकारिक बंगलों में भी पानी भर गया. मुख्यमंत्री ने अलग-अलग क्षेत्रों में पंप हाउस का निरीक्षण किया और अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया कि भारी बारिश के दौरान शहर में जलजमाव न हो.शहर भर से सोशल मीडिया पर जलभराव के दृश्य और रिपोर्ट सामने आने के बाद शहरी विकास और आवास मंत्री नितिन नबीन ने एक आपातकालीन बैठक बुलाई.

अधिकारियों की छुट्टी रद्द
उनके कार्यालय द्वारा जारी एक बयान में कहा गया है कि मंत्री ने तैयारियों और रिस्पांस सिस्टम की कमी पर ध्यान दिया. नबीन ने कहा कि छुट्टी पर गए सभी वरिष्ठ अधिकारियों को तुरंत ड्यूटी पर वापस आने के लिए कहा जाना चाहिए और उनके कार्यालय के अनुसार, 30 सितंबर तक कोई छुट्टी मंजूर नहीं की जानी चाहिए.

इस बीच, राज्य सरकार ने राज्य भर में जिला प्रशासन के अधिकारियों को सतर्क रहने का निर्देश दिया है क्योंकि पिछले दो दिनों से लगातार बारिश के बाद कई नदियों का जल स्तर बढ़ रहा है. राज्य के जल संसाधन विभाग के अधिकारियों ने रविवार को कहा कि अब तक स्थिति चिंताजनक नहीं है.

उफान पर कई नदियां
पिछले कुछ दिनों में हुई बारिश से राज्य में गंडक, कोसी, गंगा, बूढ़ी गंडक, महानंदा और कमला जैसी नदियों का जलस्तर बढ़ गया है. पटना, गोपालगंज, पूर्वी चंपारण, पश्चिमी चंपारण में कुछ स्थानों पर नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं. राज्य में बगहा, पूर्णिया, सुपौल, दरभंगा, खगड़िया और झंझारपुर में भी नदिया उफना गई हैं.

Latest articles

हर घर जल’ की दिशा में राजस्थान का ऐतिहासिक कदम, JJM 2.0 में एमओयू करने वाला देश का पहला राज्य बना

जयपुर । प्रदेश ने ‘हर घर जल’ के लक्ष्य को नई गति देते हुए एक...

मोहन कैबिनेट की बड़ी सौगात: कर्मचारियों का DA 3% बढ़ा, ओबीसी युवाओं के लिए ‘शौर्य संकल्प योजना’ को मंजूरी

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में सोमवार को आयोजित कैबिनेट बैठक में प्रदेश...

गुना-सीधी में सीएम का बड़ा प्रशासनिक एक्शन: एसपी-कलेक्टर हटाए, नए अधिकारियों की नियुक्ति

भोपाल मध्यप्रदेश में रविवार को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गुना और सीधी जिलों में...

आईएसबीटी बस स्टैंड पर पटाखों के अवैध परिवहन को लेकर विवाद तेज

भोपाल लालघाटी स्थित आईएसबीटी बस स्टैंड पर पटाखों के अवैध परिवहन को लेकर विवाद गहराता...

More like this

हर घर जल’ की दिशा में राजस्थान का ऐतिहासिक कदम, JJM 2.0 में एमओयू करने वाला देश का पहला राज्य बना

जयपुर । प्रदेश ने ‘हर घर जल’ के लक्ष्य को नई गति देते हुए एक...

जयपुर मेट्रो विस्तार को लेकर मुख्यमंत्री की समीक्षा बैठक, प्रमुख क्षेत्रों को जोड़ने के निर्देश

जयपुर । मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने शुक्रवार को जयपुर मेट्रो के विस्तार को लेकर एक...

टीकाकरण महिलाओं और किशोरियों के सुरक्षित भविष्य और स्वास्थ्य की दिशा में बीएचईएल द्वारा क्रांतिकारी कदम — ईडी

हरिद्वार भेल  हरिद्वार के मुख्य चिकित्सालय में महिलाओं के स्वास्थ्य संरक्षण की दिशा में एक...