13.8 C
London
Tuesday, May 5, 2026
Homeराज्यहम अपने बेटों से रिक्‍शा चलवाएंगे क्‍या? UP के मंत्री संजय निषाद...

हम अपने बेटों से रिक्‍शा चलवाएंगे क्‍या? UP के मंत्री संजय निषाद ने परिवारवाद पर कह दी दिल की बात

Published on

लखनऊ:

एनडीए के सहयोगी दल निषाद पार्टी के मुखिया संजय निषाद ने राजनीति में परिवारवाद को गलत नहीं बताया। उनका कहना है कि वे अपने बेटों को राजनीति में आगे बढ़ाएंगे ताकि उनका राजनीतिक मिशन जारी रहे। एक न्‍यूज चैनल से बातचीत में संजय निषाद ने कहा- ‘हम अपने बच्‍चों को अगर विधायक और मंत्री नहीं बना पाएंगे तो दूसरे के बच्‍चों को क्‍या बनाएंगे। हमारे बच्‍चे रिक्‍शा चलाएंगे क्‍या। अगर हम अपने बेटे से रिक्‍शा चलवाएंगे और खेती करवाएंगे तो कैसे राजनीति करवा पाएंगे।’

संजय निषाद ने समाजवादी पार्टी के परिवारवाद से अपने परिवारवाद को अलग बताया है। उनका मानना है कि उनके बेटों के राजनीति में आने से समाज का भला होगा। उन्होंने कहा कि सपा का परिवारवाद सिर्फ अपने लोगों को सत्ता का सुख देने के लिए है, जबकि उनका परिवारवाद राजनीतिक मिशन को आगे बढ़ाने के लिए है। उनके बाद उनके बेटे उनके राजनीतिक मिशन को आगे बढ़ाएंगे और समाज को बिखरने नहीं देंगे।

फूलन देवी समेत कई नेताओं का उदाहरण दिया
यूपी सरकार में कैबिनेट मंत्री संजय निषाद ने फूलन देवी, महेंद्र सिंह राजपूत लोधी, धनीराम वर्मा, मनोहर लाल निषाद और यमुना निषाद जैसे नेताओं का उदाहरण दिया। उन्होंने कहा कि ये सभी समाज के बहुत बड़े नेता थे। जब इन नेताओं का निधन हुआ, तो मछुआ समुदाय के कारवां को आगे ले जाने वाला कोई नहीं था। अगर इन नेताओं ने भी अपने पीछे परिवार को खड़ा किया होता, तो मछुआ समुदाय और भी सशक्त होता।

‘मेरे परिवार के लोग कफन बांधकर मिशन को आगे बढ़ाएंगे’
संजय निषाद ने उन्होंने फूलन देवी का उदाहरण देते हुए कहा कि जब तक उन्होंने मछुआ समाज का वोट सपा को दिलाया, वे नेता रहीं। लेकिन जब उन्होंने अपनी पार्टी बनाकर राजनीति करने की कोशिश की, तो उनकी हत्या करा दी गई। संजय निषाद ने कहा कि वे ऐसी कोई गलती नहीं करेंगे। उन्होंने कहा कि उनके बाद उनके परिवार के लोग खड़े होंगे जो कफन बांधकर उनके मिशन को आगे बढ़ाएंगे। उन्होंने कहा कि बहुत विचार-विमर्श के बाद उन्होंने अपने बेटों को राजनीति में आगे किया है। निषाद समाज एक मार्शल कौम है और इस समाज को हमेशा एक बड़े नेता की जरूरत होती है।

 

Latest articles

भारतीय राजनीति के कई पुराने किले ढहे, बंगाल में दीदी तो तमिलनाडु में स्टालिन हारे, शुभेंदु और विजय का चला जादू

नई दिल्ली। चार राज्यों और एक केंद्र शासित प्रदेश के चुनावी नतीजे लगभग साफ...

वैष्णव छीपा समाज भोपाल का प्रांतीय युवक युवती परिचय सम्मेलन सम्पन्न

भोपाल। वैष्णव छीपा समाज भोपाल का नौवां प्रांतीय युवक युवती परिचय सम्मेलन गुफा मन्दिर...

भोपाल में शासकीय जमीन पर अवैध कब्जे का आरोप, भूमाफियाओं द्वारा प्लॉटिंग और निर्माण जारी

भोपाल। राजधानी भोपाल के ग्राम हताईखेड़ा में शासकीय जमीन पर अवैध कब्जे और निर्माण...

विक्रमशिला सेतु का 34 मीटर हिस्सा गंगा नदी में गिरा, 16 जिलों का आवागमन प्रभावित

भागलपुर। बिहार के भागलपुर में स्थित 4.7 किलोमीटर लंबे विक्रमशिला सेतु का एक बड़ा...

More like this

विक्रमशिला सेतु का 34 मीटर हिस्सा गंगा नदी में गिरा, 16 जिलों का आवागमन प्रभावित

भागलपुर। बिहार के भागलपुर में स्थित 4.7 किलोमीटर लंबे विक्रमशिला सेतु का एक बड़ा...

सीसी रोड की खराब गुणवत्ता पर सख्त हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, दोषियों पर कार्रवाई के निर्देश

रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बेमेतरा जिले के नगर पंचायत दाढ़ी...

15 जून तक पूरे हों मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा जल स्वावलंबन अभियान के कार्य, पौधारोपण की तैयारी के निर्देश

जयपुर। मुख्यमंत्री जल स्वावलंबन अभियान 2.0 एवं जल संचय जन भागीदारी 2.0 की समीक्षा...