12.3 C
London
Wednesday, April 22, 2026
Homeअंतरराष्ट्रीयइंडो-पैसिफिक को जंग का अखाड़ा न बनाएं... चीन ने अमेरिका और जापान...

इंडो-पैसिफिक को जंग का अखाड़ा न बनाएं… चीन ने अमेरिका और जापान को खुलेआम धमकाया

Published on

बीजिंग

चीन ने पूर्वी एशिया के सैन्यीकरण को लेकर अमेरिका और जापान को खुलेआम धमकी दी है। चीनी विदेश मंत्रालय ने दोनों देशों से काल्पनिक दुश्मन बनाने से बचने और इलाके को जंग के अखाड़े में बदलने से बचने को कहा। चीन ने यह भी कहा कि इन देशों को शीत युद्ध की मानसिकता से बाहर आने की जरूरत है। इतना ही नहीं, चीन ने अमेरिका से अपन वैचारिक पूर्वाग्रह को छोड़ने के लिए भी कहा। चीन और जापान के बीच पूर्वी चीन सागर में द्वीपों को लेकर विवाद है। वहीं, चीन और अमेरिका ताइवान, तिब्बत, हॉन्ग कॉन्ग, उइगर और दक्षिण चीन सागर के सैन्यीकरण को लेकर आमने-सामने हैं। जापान और अमेरिका इन दिनों एक बड़े नौसैनिक अभ्यास को अंजाम दे रहे हैं। चीन इसी को लेकर चिढ़ा हुआ है।

अमेरिका-जापान पर शांति भंग करने का लगाया आरोप
चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता वांग वेनबिन ने एक नियमित प्रेस वार्ता में कहा कि इंडो पैसिफिक शांति और विकास का केंद्र है। यह किसी भूराजनीतिक प्रतिस्पर्धा के लिए कुश्ती का मैदान नहीं है। इस क्षेत्र के देश न्याय के लिए हैं और अधिपत्य के खिलाफ हैं। वे सहयोग में भागीदार बनने की उम्मीद करते हैं, टकराव के नहीं। वे सच्चे बहुपक्षवाद की आकांक्षा रखते हैं और गोलबंदी को अस्वीकार्य करते हैं। वांग ने अमेरिका और जापान से चीन के खिलाफ शीत युद्ध की मानसिकता और वैचारिक पूर्वाग्रह को त्यागने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि अमेरिका, चीन को काल्पनिक दुश्मन बनाना बंद करे और एशिया प्रशांत में एक नए शीत युद्ध का बीज बोने की कोशिश करना बंद करे।

जापान-अमेरिका के संयुक्त बयान पर भड़का चीन
वांग वेनबिन ने दोनों देशों के विदेश और रक्षा मंत्रियों की बैठकों के बाद वाशिंगटन में यूएस-जापान सुरक्षा सलाहकार समिति के 11 जनवरी को जारी संयुक्त बयान को भी खारिज किया। इस बयान में चीन पर वर्ल्ड ऑर्डर को बदलने और पूर्वी चीन सागर में ताकत के दम पर एकतरफा स्थिति को बदलने का आरोप लगाया गया था। वांग ने कहा कि इस संयुक्त बयान में शीत युद्ध मानसिकता की भारी बू आ रही है। उन्होंने दावा किया कि चीन पर लगाए गए आरोप निराधार हैं। उन्होंने कहा कि अमेरिका और जापान क्षेत्रीय शांति और सुरक्षा को आगे बढ़ाने का दावा करते हैं, लेकिन वे सैन्य निर्माण और ताकत के जानबूझकर उपयोग के बहाने खोजने में व्यस्त हैं।

आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप पर जताई नाराजगी
चीनी प्रवक्ता ने कहा कि अमेरिका और जापान एक स्वतंत्र और खुले इंडो-पैसिफिक का दावा करते हैं, लेकिन विभाजन और टकराव पैदा करने के लिए विभिन्न ब्लॉक बनाते हैं। वे नियम-आधारित अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था को बनाए रखने का दावा करते हैं, लेकिन अंतरराष्ट्रीय कानून और अंतरराष्ट्रीय संबंधों को नियंत्रित करने वाले बुनियादी मानदंडों को रौंदते हैं और अन्य देशों के आंतरिक मामलों में व्यापक रूप से हस्तक्षेप करते हैं।

Latest articles

पहलगाम हमले की बरसी: PM मोदी ने जान गंवाने वाले निर्दोषों को याद किया, कहा- आतंक के आगे भारत कभी नहीं झुकेगा

नई दिल्ली। पहलगाम आतंकी हमले की पहली बरसी पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भावुक...

चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी ने एआई इम्पैक्ट समिट-2026 की तर्ज पर भारत के पहले एआई फेस्ट की मेजबानी

चंडीगढ़ l इंडिया एआई मिशन को मजबूती देने के लिए सीयू एआई मिशन लॉन्च...

अवैध प्लाटिंग और अतिक्रमण पर सख्ती बरतें, कोताही बर्दाश्त नहीं: उप मुख्यमंत्री अरुण साव के कड़े निर्देश

रायपुर। छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री तथा नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री अरुण साव ने...

राजस्थान: पेयजल संकट से निपटने के लिए सरकार का ‘सुपर एक्शन’, दो दिन में ठीक हुए 1500 से ज्यादा हैंडपंप

जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के निर्देश पर प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल व्यवस्था...

More like this

ट्रम्प बोले- इजराइल और लेबनान 10 दिन के सीजफायर पर राजी, आज रात 2:30 बजे से लागू होगा

दोनों देशों से बात कर सहमति बनाई तेहरान/वॉशिंगटन डीसी। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा...

इस्लामाबाद में ईरान-अमेरिका वार्ता: लेबनान पर तकरार, तेहरान और अमेरिका अपनी शर्तों पर अड़े!

नई दिल्ली। लगभग छह हफ़्तों तक चले विनाशकारी संघर्ष के बाद अब पूरी दुनिया...