7.1 C
London
Thursday, April 23, 2026
Homeअंतरराष्ट्रीयसुनीता विलियम्स और स्पेस स्टेशन को रूस ने बचाया, 6 दिन में...

सुनीता विलियम्स और स्पेस स्टेशन को रूस ने बचाया, 6 दिन में दो बार टकराने वाला था अंतरिक्ष का कचरा

Published on

नई दिल्ली,

इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन को 19 और 25 नवंबर के बीच दो बार अपनी पोजिशन बदलनी पड़ी. अगर ऐसा न करते तो स्पेस स्टेशन पर मौजूद छह एस्ट्रोनॉट्स की जान खतरे में आ जाती. इस बार चार अमेरिकी और तीन रूसी एस्ट्रोनॉट्स की जान बचाने के लिए रूस आगे आया.

रूस के रोबोटिक कार्गो शिप प्रोग्रेस 89 फ्राइटर (Progress 89 freighter) जो इस समय स्पेस स्टेशन से जुड़ा हुआ है, उसने स्टेशन को बचाने के लिए अपने इंजन 3.5 मिनट के लिए ऑन किए. ये बात है 25 नवंबर की. ताकि स्पेस स्टेशन को अंतरिक्ष में तेजी से आ रहे कचरे से बचाया जा सके. स्पेस स्टेशन की पोजिशन बदली जा सके.

NASA ने अपने बयान में कहा है कि स्पेस स्टेशन जिस रास्ते पर जा रहा था, उसपर अंतरिक्ष का कचरा आता दिखाई दिया. तब रूस के कार्गो शिप प्रोग्रेस 89 के थ्रस्टर्स ऑन किए गए. ये करीब साढ़े तीन मिनट ऑन रहे. स्पेस स्टेशन की पोजिशन बदली गई ताकि कचरे से स्टेशन और इस पर मौजूद एस्ट्रोनॉट्स को बचाया जा सके.

1650 फीट ऊपर ले जाया गया स्पेस स्टेशन
रूसी स्पेस एजेंसी रॉसकॉसमॉस ने कहा कि 25 नवंबर को स्पेस स्टेशन की ऊंचाई को 1650 फीट यानी करीब 500 मीटर बढ़ाया गया था. ऐसा ही काम प्रोग्रेस 89 ने 19 नवंबर को भी किया था. तब इसके इंजन 5.5 मिनट के लिए ऑन किए गए थे. क्योंकि उस समय स्पेस स्टेशन से साल 2015 में बेकार हो चुका अमेरिकी डिफेंस और मौसम की जानकारी देने वाला सैटेलाइट टकराने वाला था.

इस समय कौन-कौन है स्पेस स्टेशन पर?
अमेरिकी एस्ट्रोनॉटः बुच विलमोर, सुनीता विलियम्स, डॉन पेटीट और निक हेग.
रूसी कॉस्मोनॉटः एलेक्जेंडर गोरबुनोव, एलेक्सी ओवशिनिन और इवान वैगनर.

धरती के चारों तरफ 10,200 सैटेलाइट
यूरोपियन स्पेस एजेंसी के मुताबिक धरती की निचली कक्षा यानी लोअर अर्थ ऑर्बिट में इस समय करीब 10,200 सक्रिय सैटेलाइट्स धरती के चक्कर लगा रही हैं. इसमें सबसे ज्यादा SpaceX के Starlink ब्रॉडबैंड मेगाकॉन्स्टीलेशन के सैटेलाइट्स हैं. करीब 6700 स्टारलिंग इस समय धरती के चारों तरफ चक्कर लगाते हुए काम कर रहे हैं.

अंतरिक्ष का कचरा इससे कई गुना ज्यादा
यूरोपियन स्पेस एजेंसी के मुताबिक सैटेलाइट तो कम हैं. इनसे कई गुना ज्यादा कचरा धरती के चारों तरफ घूम रहा है. इसमें 40,500 पदार्थ तो करीब 4 इंच चौड़े हैं. 11 लाख टुकड़े 0.4 इंच से 4 इंच के बीच हैं. यानी 1 से 10 सेंटीमीटर के बीच. 13 करोड़ टुकड़े एक मिलिमीटर चौड़े हैं.

ये छोटे-छोटे टुकड़े भी स्पेस स्टेशन और एस्ट्रोनॉट्स की जान ले सकते हैं. क्योंकि ये अत्यधिक स्पीड में उड़ते हैं. आमतौर पर स्पेस स्टेशन को धरती की सतह से 400 किलोमीटर की ऊंचाई पर रखा जाता है. यह धरती के चारों तरफ 28,160 km/hr की स्पीड से घूमता है. स्पेस स्टेशन लगभग ये काम हर साल करता है. 1999 के बाद से अब तक करीब 32 बार स्पेस स्टेशन की पोजिशन बदली गई है, ताकि वह सुरक्षित रहे.

 

Latest articles

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सादगी और सेवा के साथ 62वां जन्मदिन मनाया

जशपुर/बगिया। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बुधवार को अपना 62वां जन्मदिन अपने गृह...

मानसिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में मॉडल स्टेट बनेगा राजस्थान: हर जिले में खुलेंगे ‘मेंटल हेल्थ केयर सेल्स’

जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राज्य सरकार प्रदेशवासियों के शारीरिक स्वास्थ्य के...

सीएम मान का कैंसर अस्पताल में औचक निरीक्षण, बोले- रोबोटिक सर्जरी जैसी सुविधाओं से लैस होगा संस्थान

बठिंडा। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने राज्य में कैंसर के इलाज को विश्व-स्तरीय...

सीएम मान ने तलवंडी साबो में किया नई एसडीएम बिल्डिंग का उद्घाटन, अकाली दल पर साधा निशाना

तलवंडी साबो। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बठिंडा जिले के तलवंडी साबो में...

More like this

ट्रम्प बोले- इजराइल और लेबनान 10 दिन के सीजफायर पर राजी, आज रात 2:30 बजे से लागू होगा

दोनों देशों से बात कर सहमति बनाई तेहरान/वॉशिंगटन डीसी। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा...

इस्लामाबाद में ईरान-अमेरिका वार्ता: लेबनान पर तकरार, तेहरान और अमेरिका अपनी शर्तों पर अड़े!

नई दिल्ली। लगभग छह हफ़्तों तक चले विनाशकारी संघर्ष के बाद अब पूरी दुनिया...