नई दिल्ली,
यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी (ईएसए) का इंस्टाग्राम पेज उन लोगों के लिए किसी खजाने से कम नहीं है जो अंतरिक्ष के बारे में जानना पसंद करते हैं. चाहे वह हमारे सौर मंडल के बारे में अपडेट हो या लाखों लाइट ईयर दूर स्थित कोस्मिक बॉडीज के बारे में जानकारी, इस पेज के पोस्ट अक्सर लोगों को हैरान कर देते हैं.
मंगल ग्रह की सतह पर ‘मुस्कुराते डरावने स्माइली’ की हालिया तस्वीर कुछ ऐसी ही हैं. ईएसए द्वारा साझा की गई तस्वीरें क्लोराइड नमक भंडार की हैं जो रेड प्लेनेट के इतिहास के बारे में अधिक बताती हैं.
ईएसए ने इसके कैप्शन में लिखा है- ‘Why so serious? कभी नदियों, झीलों और संभवतः महासागरों की दुनिया रहा मंगल ग्रह अब हमारे एक्सोमार्स ट्रेस गैस ऑर्बिटर द्वारा पाए गए क्लोराइड नमक भंडार के माध्यम से अपने रहस्यों को उजागर कर रहा है. कुल मिलाकर मंगल की सतह पर स्माइली की तरह दिख रहा नजारा क्लोराइड नमक भंडार है.
इसमें आगे लिखा है ‘नमक का ये जमाव, प्राचीन जल निकायों के अवशेष, अरबों साल पहले के रहने योग्य क्षेत्रों का संकेत देता है. लगभग एक हजार संभावित स्थलों की खोज मंगल की जलवायु और पिछले जीवन की संभावनाओं के बारे में नया इनसाइट प्रदान करती है. इस तस्वीर में मंगल ग्रह के परिदृश्य को एक्सप्लोर करें. पोस्ट में स्माइली के अलावा मंगल ग्रह की कई अन्य तस्वीरें हैं.
शेयर किए जाने के बाद से, वायरल पोस्ट को लगभग 9,000 लाइक्स मिल चुके हैं – और यह संख्या बढ़ती ही जा रही है. इसपर लोगों ने ढेरों कमेंट भी किए हैं. एक इंस्टाग्राम यूजर ने लिखा, ‘पहला वाला मुझे जैक स्केलेटन की याद दिलाता है.’ एक अन्य ने कहा, ‘यह बहुत सुंदर है.’
बता दें कि ईएसए का एक्सोबायोलॉजी ऑन मार्स प्रोग्राम (एक्सोमार्स प्रोग्राम) दो मिशनों के साथ लॉन्च किया गया था ‘पहला, ट्रेस गैस ऑर्बिटर, 2016 में लॉन्च किया गया था, जबकि दूसरा, रोज़लिंड फ्रैंकलिन रोवर ले जाने वाला, 2028 में लॉन्च होने वाला है. साथ में, वे संबोधित करेंगे कि क्या मंगल ग्रह पर कभी जीवन था.’
