14.1 C
London
Monday, June 8, 2026
Homeराष्ट्रीयचुनाव आयोग ला रहा है एक नई ऐप, इलेक्शन से जुड़ी सभी...

चुनाव आयोग ला रहा है एक नई ऐप, इलेक्शन से जुड़ी सभी सेवाएं एक ही जगह मिलेंगी

Published on

नई दिल्ली

चुनाव आयोग अब एक नया और आसान डिजिटल प्लेटफॉर्म तैयार कर रहा है, जिससे वोटर, चुनाव अधिकारी, राजनीतिक दल और सामाजिक संगठन सभी को सुविधा मिलेगी। इस नए प्लेटफॉर्म का नाम ईसीआईनेट होगा। ईसीआईनेट चुनाव आयोग के पहले से मौजूद 40 से ज्यादा मोबाइल और वेबसाइट ऐप्स को एक साथ लाएगा और उन्हें नया रूप देगा। यह एक ही जगह से चलने वाला ऐसा ऐप होगा जिसमें चुनाव आयोग की 40 से ज़्यादा पुरानी मोबाइल और वेब ऐप्स को जोड़ दिया जाएगा। ईसीआईनेट के शानदार यूजर इंटरफेस के साथ इसे इस्तेमाल करना भी बहुत आसान होगा, क्योंकि सभी चुनावी काम एक ही जगह पर हो सकेंगे। अब लोगों को अलग-अलग ऐप डाउनलोड करने और अलग-अलग लॉगिन याद रखने की जरूरत नहीं पड़ेगी।

इस प्लेटफॉर्म की शुरुआत मार्च 2025 में हुई थी जब मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और दो अन्य चुनाव आयुक्त डॉ. सुखबीर सिंह संधू और डॉ. विवेक जोशी ने मुख्य निर्वाचन अधिकारियों (सीईओ) के सम्मेलन में इसकी योजना बनाई थी। ईसीआईनेट के माध्यम से उपयोगकर्ता अपने कंप्यूटर या स्मार्टफोन पर चुनाव से जुड़ी जरूरी जानकारी आसानी से देख सकेंगे।

चुनाव से जुड़ी ज़रूरी जानकारी आसानी से देख सकेंगे
ईसीआईनेट के माध्यम से उपयोगकर्ता अपने कंप्यूटर या स्मार्टफोन पर चुनाव से जुड़ी ज़रूरी जानकारी आसानी से देख सकेंगे। यह सुनिश्चित करने के लिए कि जानकारी एकदम सही हो, ईसीआईनेट पर डेटा केवल अधिकृत चुनाव आयोग के अधिकारी ही डालेंगे। संबंधित अधिकारी द्वारा डेटा डालने से यह पक्का होगा कि हितधारकों को जो जानकारी मिले वह अधिक से अधिक सही हो। हालांकि, किसी भी विवाद की स्थिति में, वैधानिक प्रपत्रों में विधिवत भरा गया प्राथमिक डेटा मान्य होगा।

ईसीआईनेट में पहले से मौजूद कई ऐप्स जैसे वोटर हेल्पलाइन ऐप, वोटर टर्नआउट ऐप, सीविजिल, सुविधा 2.0, ईएसएमएस, सक्षम और केवाईसी ऐप शामिल होंगे। इन सभी ऐप्स को मिलाकर अब तक 5.5 करोड़ से अधिक बार डाउनलोड किया जा चुका है।

चुनाव अधिकारियों को फायदा होगा
उम्मीद है कि ईसीआईनेट से लगभग 100 करोड़ वोट करने वाले लोगों और पूरे चुनाव प्रक्रिया में काम करने वाले 10.5 लाख से ज़्यादा बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ), राजनीतिक पार्टियों द्वारा नियुक्त लगभग 15 लाख बूथ लेवल एजेंटों (बीएलए), लगभग 45 लाख पोलिंग अधिकारियों, 15,597 सहायक निर्वाचक पंजीकरण अधिकारियों (एईआरओ), 4,123 निर्वाचक पंजीकरण अधिकारियों (ईआरओ) और पूरे देश के 767 जिला चुनाव अधिकारियों (डीईओ) को फायदा होगा।

Latest articles

मध्य प्रदेश में भाजपा उतारेगी तीसरा राज्यसभा कैंडिडेट, दिल्ली से मिली हरी झंडी

कल नामांकन दाखिल करेंगी कांग्रेस प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन भोपाल। मध्य प्रदेश में राज्यसभा की तीसरी...

जनता पर फिर महंगाई की मार: घरेलू गैस सिलिंडर 29 रुपये महंगा, विपक्षी दलों ने सरकार को घेरा

नई दिल्ली। एलपीजी गैस सिलिंडर की कीमत में बढ़ोतरी के बाद विपक्ष एक बार...

भोपाल के रेस्टोरेंट में आग, लोगों में हड़कंप, बुझाने के लिए दीवार तोड़कर घुसे दमकलकर्मी

भोपाल। राजधानी के लालघाटी क्षेत्र स्थित भोज इन रेस्टोरेंट में रविवार को अचानक आग...

सांसद आलोक शर्मा के प्रयास लाए रंग: सीहोर में फिर रुकेगी इंदौर-जबलपुर ओवरनाइट एक्सप्रेस

​भोपाल। लंबे समय से चली आ रही सीहोरवासियों की बड़ी मांग आखिरकार पूरी हो...

More like this

जनता पर फिर महंगाई की मार: घरेलू गैस सिलिंडर 29 रुपये महंगा, विपक्षी दलों ने सरकार को घेरा

नई दिल्ली। एलपीजी गैस सिलिंडर की कीमत में बढ़ोतरी के बाद विपक्ष एक बार...

एनटीपीसी प्रमुख गुरदीप सिंह को मिल सकता है सेवा विस्तार, नए उत्तराधिकारी की खोज जारी

नई दिल्ली। भारत की सबसे बड़ी बिजली उत्पादक कंपनी एनटीपीसी के अध्यक्ष और प्रबंध...

कॉकरोच पार्टी का दिल्ली में प्रदर्शन, अभिजीत बोले- हिंदू-मुसलमान की राजनीति करने से नौकरी नहीं मिलती

नई दिल्ली। कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन में...