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Tuesday, March 17, 2026
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एक भी मंत्रालय नहीं लेते थे केजरीवाल, सीएम रेखा गुप्ता ने लिए 10, आखिर संकेत क्या है?

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नई दिल्ली

रेखा गुप्ता ने दिल्ली की मुख्यमंत्री के रूप में कार्यभार संभालने के बाद अपनी कैबिनेट का गठन किया और मंत्रियों को उनके विभाग आवंटित किए। यह पहली कैबिनेट मीटिंग गुरुवार देर रात हुई। इसके बाद एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए, मुख्यमंत्री गुप्ता ने विभागों के बंटवारे की घोषणा की। उन्होंने खुद वित्त, राजस्व और महिला एवं बाल विकास जैसे महत्वपूर्ण विभाग अपने पास रखे। दिलचस्प बात यह है कि उन्होंने किसी को भी अपना उपमुख्यमंत्री नहीं बनाया है।

प्रवेश वर्मा और आशीष सूद को भी बड़ी जिम्मेदारी
कैबिनेट में शामिल मंत्री प्रवेश वर्मा को लोक निर्माण, सिंचाई एवं बाढ़ नियंत्रण और जल विभाग की जिम्मेदारी दी गई है। आशीष सूद गृह, शिक्षा, बिजली और शहरी विकास जैसे महत्वपूर्ण विभागों को संभालेंगे। कैबिनेट में शामिल सिख मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा को उद्योग, पर्यावरण एवं वन और खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है। पंकज कुमार सिंह को स्वास्थ्य, परिवहन और सूचना प्रौद्योगिकी विभाग दिए गए हैं।

कपिल मिश्रा पहले भी रहे हैं मंत्री
कैबिनेट में केवल कपिल मिश्रा ही ऐसे चेहरा हैं जो पहले भी दिल्ली सरकार में मंत्री रह चुके हैं, हालांकि तब AAP सत्ता में थी। उन्हें कानून एवं न्याय, श्रम, रोजगार, पर्यटन और कला एवं संस्कृति विभाग की जिम्मेदारी दी गई है। रविंदर इंद्रज सिंह सामाजिक कल्याण, अनुसूचित जाति एवं जनजाति कल्याण और सहकारिता विभाग देखेंगे।

विजेंद्र गुप्ता बन सकते हैं स्पीकर
तीन बार के विधायक विजेंद्र गुप्ता के विधानसभा अध्यक्ष बनने की संभावना है, जबकि वरिष्ठ नेता मोहन सिंह बिष्ट उनके उपाध्यक्ष हो सकते हैं। एक अधिसूचना में सामान्य प्रशासन विभाग ने कहा कि मुख्यमंत्री के परामर्श से उपराज्यपाल ने विभागों का आवंटन किया है।

अधिसूचना में कहा गया है, ‘राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली सरकार (कार्य आवंटन) नियम 1993 के नियम 3 के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली के उपराज्यपाल, मुख्यमंत्री के परामर्श से, राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली के मंत्रियों को निम्नलिखित विभाग आवंटित करते हुए प्रसन्नता व्यक्त करते हैं।’

सीएम रेखा गुप्ता के पास 10 विभाग
अपने पास 10 विभागों के साथ, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता कैबिनेट की सबसे बिजी मंत्री होंगी। उनके बाद सूद और मिश्रा हैं, जिनके पास छह-छह विभाग हैं। वर्मा के पास पांच, इंद्रज और सिंह को तीन-तीन विभाग आवंटित किए गए हैं। वित्त और योजना जैसे महत्वपूर्ण विभागों के अलावा, गुप्ता के पास सेवा और सतर्कता विभाग भी होंगे। वह किसी भी अन्य विभाग का भी कार्यभार संभालेंगी, जिसका उल्लेख अधिसूचना में नहीं किया गया है।

सरकार ने काम करने के तरीके में किया बदलाव
आम आदमी पार्टी सरकार में, अरविंद केजरीवाल हमेशा बिना किसी विभाग के मुख्यमंत्री रहे, जबकि उनके डिप्टी मनीष सिसोदिया के पास एक समय में 18 विभाग थे। सत्येंद्र जैन और सिसोदिया की गिरफ्तारी के बाद भी, केजरीवाल ने नए शामिल हुए मंत्रियों, आतिशी और सौरभ भारद्वाज के बीच विभागों का पुनर्वितरण किया, लेकिन अपने पास कोई विभाग नहीं रखा। यह नई सरकार के काम करने के तरीके में एक बड़ा बदलाव दिखाता है।

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