नई दिल्ली
दिल्ली में आज नई सरकार का गठन हो जाएगा। शालीमार बाग से पहली बार की विधायर रेखा गुप्ता दिल्ली की मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेंगी। वहीं रेखा गु्प्ता की कैबिनेट में 6 मंत्री भी शामिल होंगे। इसमें करावल नगर से विधायक कपिल मिश्रा भी शामिल हैं। मिश्रा कभी आम आदमी पार्टी के सदस्य हुआ करते थे। लेकिन 2019 में वे बीजेपी में शामिल हो गए। कपिल मिश्रा अपने बयानों को लेकर अक्सर चर्चा में रहते हैं।
करावल नगर विधानसभा से जीते चुनाव
कपिल मिश्रा को बीजेपी ने इस बार करावल नगर विधानसभा से उम्मीदवार बनाया था। उन्होंने इस सीट पर आम आदमी पार्टी के मनोज कुमार त्यागी को 23,355 वोटों से हराया। करावल नगर बीजेपी का गढ़ माना जाता है। 2015 में भी कपिल मिश्रा इसी सीट से आम आदमी पार्टी के टिकट पर चुनाव जीते थे। लेकिन 2019 में उन्होंने आप छोड़कर बीजेपी का दामन थाम लिया।
केजरीवाल सरकार में भी रहे हैं मंत्री
2015 का चुनाव जीतने के बाद केजरीवाल ने उन्हें जल और पर्यटन मंत्री बनाया। लेकिन 2017 में उन्हें बर्खास्त कर दिया गया और आप से निलंबित कर दिया गया। मिश्रा ने आरोप लगाया था कि तत्कालीन स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन ने आप प्रमुख अरविंद केजरीवाल को उनके साले के लिए 50 करोड़ रुपये के जमीन सौदे में मदद की थी। आप से निकाले जाने के बाद कपिल मिश्रा लगातार आम आदमी पार्टी और अरविंद केजरीवाल पर हमलावर रहे।
2019 में AAP छोड़ बीजेपी में हुए शामिल
साल 2019 में कपिल मिश्रा बीजेपी में शामिल हो गए। 2020 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने मॉडल टाउन विधानसभा से चुनाव लड़ा, लेकिन हार गए। बीजेपी ने अगस्त 2023 में मिश्रा को दिल्ली बीजेपी का उपाध्यक्ष बनाया। वहीं अब वो दिल्ली सरकार में मंत्री के रूप में काम देखेंगे।
