पेरिस ,
रेसलर विनेश फोगाट ने कुश्ती को आज (8 अगस्त) अलविदा कह दिया है. उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट करते यह जानकारी लिखी. उनके इस फैसले से पहले मेडल पर भी आज सुनवाई होनी है. ऐसे में भारत के लिए अब भी मेडल की आस बाकी है. कुल मिलाकर भले ही विनेश फोगाट ने संन्यास का ऐलान कर दिया हो लेकिन मेडल की आस अब भी बाकी, आज इसे लेकर CAS (कोर्ट ऑफ अर्बिट्रेशन फॉर स्पोर्ट) फैसला सुनाएगा.
दरअसल, पेरिस ओलंपिक में विनेश की सिल्वर की उम्मीद अभी जिंदा है. हालांकि उनको मेडल मिलेगा या नहीं, इसे लेकर आज फैसला होगा. दरअसल, अयोग्य करार देने के बाद भारत की स्टार रेसलर विनेश फोगट ने CAS (कोर्ट ऑफ अर्बिट्रेशन फॉर स्पोर्ट) में अपील की है. उन्होंने खुद को अयोग्य करार दिए जाने के खिलाफ अपील की है.
फोगाट ने कहा है कि उन्हें संयुक्त सिल्वर मेडल दिया जाए. इसके साथ ही उन्होंने फाइनल मुकाबला खेलने की भी इजाजत मांगी थी, जिसे खारिज कर दिया गया. अब विनेश की सिल्वर मेडल की मांग पर फैसला होना है. CAS ने अपना अंतिम फैसला सुनाने के लिए गुरुवार सुबह तक का समय मांगा है. खेल मामलों की कोर्ट सुबह करीब 11:30 बजे फैसला सुनाएगा. यदि CAS विनेश के पक्ष में फैसला सुनाता है तो IOC को विनेश को संयुक्त रूप से सिल्वर मेडल देना होगा. यानी 50 किलो वर्ग महिला कुश्ती के फाइनल मैच में हारने वाली रेसलर के साथ ही विनेश को भी संयुक्त रूप से सिल्वर मेडल देना होगा.
CAS का क्या है काम
कोर्ट ऑफ अर्बिट्रेशन फॉर स्पोर्ट Court of Arbitration for Sport (CAS) दुनिया भर में खेलों के लिए बनाई गई एक स्वतंत्र संस्था है. इसका काम खेल से जुड़े सभी कानूनी विवादों का निपटारा करना है. 1984 में स्थापित अंतरराष्ट्रीय निकाय काम खेल से संबंधित विवादों को मध्यस्थता के माध्यम से निपटाते का काम करता है. इसका मुख्यालय लॉज़ेन , स्विटज़रलैंड में है और इसकी अदालतें न्यूयॉर्क शहर , सिडनी और लॉज़ेन में स्थित हैं. अस्थायी अदालतें वर्तमान ओलंपिक मेजबान शहरों में भी स्थापित की जाती हैं.
विनेश ने रिटायरमेंट पोस्ट में क्या लिखा?
विनेश फोगाट ने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा, “मां कुश्ती मेरे से जीत गई मैं हार गई माफ करना आपका सपना मेरी हिम्मत सब टूट चुके इससे ज्यादा ताकत नहीं रही अब. अलविदा कुश्ती 2001-2024. उन्होंने माफी मांगते हुए कहा कि आप सबकी हमेशा ऋणी रहूंगी.’
