पटना
बिहार में राजनीतिक पारा चढ़ गया है। ये सबकुछ तब हुआ जब जीतन राम मांझी ने पशुपति पारस से मुलाकात के बाद एक बड़ा बयान दे दिया। राजद ने इसके बाद दीवाली से पहले ही बड़ा सियासी बम फोड़ दिया है। राजद के दावे को एक लाइन में समझें तो उसके मुताबिक BJP एक ही औजार से चिराग पासवान और नीतीश कुमार दोनों को ही निपटाने की तैयारी कर रही है।
राजद के हिसाब से बीजेपी का औजार कौन?
अब सवाल ये कि राजद के हिसाब से बीजेपी का औजार कौन है? राजद नेता अत्रिमुनी उर्फ शक्ति सिंह यादव के अनुसार ये और कोई नहीं बल्कि नीतीश की नाव एक बार पहले भी डगमगा देने वाले मांझी अर्थात आज की तारीख में केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी हैं। राजद का दावा है कि जीतन राम मांझी के बयान ही ये बता रहे हैं कि NDA में कुछ भी ठीक नहीं है।
राजद नेता का नीतीश-चिराग पर बीजेपी के निशाने का दावा
राजद के हिलसा से पूर्व विधायक अत्रिमुनी उर्फ शक्ति सिंह यादव ने एक न्यूज चैनल से बातचीत में दावा तक किया कि बीजेपी अपने ही साथियों को निशाना बना रही है। इसी दौरान उन्होंने जीतन राम मांझी को औजार की संज्ञा तक दे डाली। शक्ति सिंह के मुताबिक BJP चिराग पासवान को अपमानित करवा रही है। चिराग पासवान ने जिस तरह से वक्फ बोर्ड बिल समेत कुछ मुद्दों पर पीएम मोदी की नीतियों का विरोध किया, उसी की वजह से BJP में बौखलाहट है। यही वजह है कि मांझी ने पशुपति पारस को रामविलास पासवान का वारिस बता दिया।
कितना सच है राजद का दावा?
राजद ने इससे एक कदम आगे बढ़ कर ये भी दावा किया कि बीजेपी के टार्गेट पर नीतीश कुमार भी हैं। इसीलिए वो चिराग के साथ उन्हें भी निपटाने की तैयारी में है। वहीं इस मामले में मशहूर पॉलिटिकल एक्सपर्ट संजय कुमार ने बताया कि राजद की नई रणनीति है। जीतन राम मांझी के बयान से राजद को जो मौका मिला है, वो उसे भुनाने में कोई कसर नहीं छोड़ेगी। ये अलग बात है कि इसका असर चिराग पासवान और सीएम नीतीश कुमार पर कितना पड़ता है। हालांकि दोनों ही सुलझे हुए नेता हैं।
पहले भी निकल चुकी है खेला की हवा
इससे पहले जब सीएम नीतीश कुमार राजद का साथ छोड़ जब भी बीजेपी के साथ गए हैं तो राजद ने ऐसे ही कई दावे किए हैं। इस साल जनवरी में जब नीतीश ने पाला बदला था तो तेजस्वी ने खेला होने का दावा किया था। लेकिन वहां दांव उल्टा पड़ गया था। अब सवाल ये भी है कि क्या राजद का ये दावा सच है या फिर पहले ही तरह ही एक दांव?
