बरेली,
उत्तर प्रदेश के बरेली में एक राजस्व अधिकारी की हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है. वो एक महीने पहले ड्यूटी जाते समय अगवा हुए थे. पुलिस उनकी तलाश में लगी हुई थी. इसी बीच रविवार को जिले के कैंटोनमेंट क्षेत्र के बभिया गांव में एक नाले के पास उनका शव क्षत-विक्षत मिला है. पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल में भेज दिया है. इस मामले की जांच की जा रही है.
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) अनुराग आर्य ने बताया कि राजस्व अधिकारी की पहचान मनीष कश्यप (45) के रूप में हुई है. वो फरीदपुर तहसील में राजस्व अधिकारी के पद पर तैनात थे. 27 नवंबर को ड्यूटी जाने के लिए घर से निकले थे. उसके बाद से लापता हो गए थे. इस मामले में पुलिस कुछ संदिग्धों से पूछताछ कर रही है. उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की तैयारी कर रही है.
मनीष कश्यप के गायब होने के बाद उनकी मां मोरकली ने स्थानीय थाने में शिकायत दर्ज कराई थी. इसमें उन्होंने खल्लपुर गांव के एक स्थानीय प्रतिनिधि और उसके साथियों पर अपने बेटे का अपहरण करने का आरोप लगाया था. बरेली जोन के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक रमित शर्मा के आदेश पर फरीदपुर थाने में एफआईआर दर्ज की गई थी. इसकी जांच के लिए एक टीम गठित की गई थी.
एडीजी ने सहायक पुलिस अधीक्षक मुकेश कुमार के नेतृत्व में एक टीम को मनीष कश्यप का पता लगाने का निर्देश दिया था. पुलिस जांच में पता चला है कि राजस्व अधिकारी की हत्या फरीदपुर के कपूरपुर गांव में जमीन की पैमाइश के विवाद से जुड़ी है. वो जमीन की पैमाइश कर रहे थे, तभी आरोपियों को उन पर विरोधी पक्ष का पक्ष लेने का शक हुआ. इसके बाद उनकी हत्या की साजिश रची गई.
पुलिस जांच में पता चला है कि 27 नवंबर को आरोपियों ने मनीष कश्यप को तहसील कार्यालय में बुलाया. वहां मारुति अर्टिगा कार के अंदर उनका गला घोंट दिया. इसके बाद उनके शव को बभिया गांव में नाले के पास फेंक दिया. एसएसपी ने पुष्टि की है कि आगे की पूछताछ जारी है. पुलिस जल्द ही सभी दोषियों के खिलाफ व्यापक कार्रवाई करेगी. एफआईआर में हत्या की धाराएं जोड़ी जा रही हैं
