संभल
उत्तर प्रदेश के संभल से अजीबो-गरीब मामला सामने आया है। यहां पर महिला का पुलिस की तारीफ करना महंगा पड़ गया। महिला ने संभल हिंसा मामले में पुलिस की कार्रवाई को उचित ठहराया था। महिला ने संभल मामले में पुलिस के एक्शन की तारीफ कर दी। इस पर पति नाराज हो गया। उसने को काफिर करार देते हुए तीन तलाक दे दिया। पीड़िता ने इस मामले में पुलिस के समक्ष गुहार लगाई है। एसएसपी से मुलाकात कर उसने पूरे मामले की जानकारी दी। पीड़िता ने तीन तलाक दिए जाने के मामले में पति और ससुरालवालों पर गंभीर आरोप भी लगाए हैं। एसएसपी ने महिला थाना की एसएचओ को मामले की जांच के आदेश दिए हैं। मामला कटघर थाना क्षेत्र इलाके के गांव का है।
संभल हिंसा में महिला का पुलिस की तारीफ करना उसे भारी पड़ गया। कटघर थाना क्षेत्र इलाके के महिला को तीन तलाक का सामना करना पड़ा है। महिला का कहना है कि उसके पहले पति की मौत हो चुकी है। उससे उसे तीन बच्चे हैं। पीड़िता ने बताया कि पति की मौत के बाद वह 2021 में कटघर के ही लाजपत नगर के रहने वाले युवक से संपर्क में आई। उसने उसके साथ शादी का झांसा देकर रेप किया था। उस समय मामला गरमाया। युवक को कानूनी कार्रवाई का खौफ सताया तो डर के कारण महिला से निकाह कर लिया।
निकाह के बाद उत्पीड़न का आरोप
महिला ने शिकायती पत्र में आरोप लगाया है कि निकाह के बाद से ससुराल में दहेज के लिए उसका उत्पीड़न किया जाने लगा। इतना ही नहीं उसके पति ने पहली शादी से जन्मी उसकी बेटी से कई बार छेड़छाड़ भी की गई। उसके जेठ ने उससे दुष्कर्म की कोशिश की। पीड़िता का कहना है कि पिछले साल 31 दिसंबर को पति ने उसे घर से निकाल दिया था।
इसी विवाद में वह पिछले 4 दिसंबर को पति से मिलने उसके पास आई थी। मुलाकात के दौरान खाली समय में वह अपने मोबाइल में यूट्यूब पर संभल हिंसा से संबंधित वीडियो देख रही थी। पति ने उसे वीडियो बंद करने को कहा। इस पर मामला गरमा गया।
पीड़िता ने लगाया आरोप
पीड़िता ने वीडियो पर पुलिस कार्रवाई की तारीफ की। उसने कहा कि अगर कोई पुलिस को पत्थर मारेगा तो पुलिस को भी अपने बचाव का पूरा अधिकार है। महिला का आरोप है क इतना कहते ही पति भड़क गया और उसे काफिर कहते हुए तीन तलाक दे दिया। बाद में, पीड़िता ने एसएसपी ऑफिस पहुंचकर शिकायत की। मामले में एसएसपी ने महिला थाना पुलिस को जांच कर कार्रवाई के आदेश दिए हैं।
क्या कहते हैं अधिकारी?
मामले में एसपी सतपाल अंतिल ने कहा कि कटघर थाना क्षेत्र निवासी महिला ने पति और ससुरालीजनों के खिलाफ शिकायती पत्र दिखा है। इसमें संभल हिंसा की वीडियो देखने और पुलिस कार्रवाई का समर्थन करने पर तीन तलाक देने समेत अन्य कई आरोप लगाए गए हैं। महिला थाना पुलिस को मामले की जांच कर कार्रवाई के आदेश दिए गए हैं।
क्या कहते हैं कानूनी विशेषज्ञ?
इस मामले में कानूनी विशेषज्ञों का कहना है कि संविधान के अनुच्छेद 19 के प्रावधानों के अनुसार हर एक व्यक्ति को अभिव्यक्ति की आजादी है। हाई कोर्ट के वकील प्रत्यूष कुमार कहते हैं कि संविधान के अनुच्छेद के अनुसार कोई भी व्यक्ति किसी के आलोचना या सराहना कर सकता है। अगर महिला को संभाल हिंसा में पुलिस का समर्थन करने पर तलाक दिया गया है तो यह उसके संवैधानिक अधिकार के खिलाफ है। इस मामले में कार्रवाई होनी चाहिए।
