5.3 C
London
Monday, March 16, 2026
HomeUncategorized'धर्म' धर्मा नहीं होता, 'रामायण' रामायणा नहीं होता... अमिताभ बच्चन का ये...

‘धर्म’ धर्मा नहीं होता, ‘रामायण’ रामायणा नहीं होता… अमिताभ बच्चन का ये वीडियो खोल देगा दिमाग के पुर्जे

Published on

अमिताभ बच्चन जब भी बोलते हैं, तो हर कोई उनका मुरीद हो जाता है। ठीक ऐसा ही हुआ था चार साल पहले। जब एक कार्यक्रम में ऐसा भाषण दिया था कि हर कोई उनका कायल हो गया था। सोशल मीडिया पर रविवार को एक बार फिर उनका वीडियो तैरने लगा। यूजर्स उनकी भर-भरकर तारीफ करने लगे। कहने लगे कि इसलिए अमिताभ बच्चन को महानायक या फिर बिग बी कहा जाता है। अमिताभ बच्चन ने ब्रांड पर बातचीत करते हुए भाषा, अर्थ और कई जरूरी विषयों पर दमदार बातें कही थीं।

दरअसल साल 2019 की, जब अमिताभ बच्चन IAA World Congress Kochi के कार्यक्रम में शामिल हुए थे। तब सबसे पहले उन्होंने अपनी बात की शुरुआत की थी पुलवामा हमले में शहीद हुए जवानों से। उन्होंने जवानों को श्रंद्धाजलि व्यक्त की और उनके परिवार को हिम्मत दी।

अमिताभ बच्चन ने बताए थे अर्थ
इसके बाद अमिताभ बच्चन कहते हैं, ‘धर्म का मतलब धर्म होता है न कि धर्मा, कर्म का कर्म ही होता है न कि कर्मा। रामायण, रामायणा नहीं होता है। जैसे हिमालय, हिमालया नहीं होता है। जब आप धर्म की जगह धर्मा कहते हैं तो इसका अर्थ बदल जाता है। भारत में इन शब्दों का गहरा मतलब है। शब्द ऐसा बाण होते हैं, जिनसे आप किसी को भी मोह लेते हैं। जिनके जरिए ब्रांड बन जाते हैं।’ इसके आगे वह भाषा और बदलते स्वरूव पर भी बात करते हैं। वह बताते हैं कि कैसे त्रिवेंद्रम पुरम से तिरुवनंतपुरम हो गया। जिसका अपना खास अर्थ होता है। उन्होंने कहा कि कुछ शब्द ऐसे हैं जिन्हें आप हिंदी से इंग्लिश में ट्रांसलेट नहीं कर सकते हैं। यही वजह है कि आप धर्म को धर्मा नहीं कर सकते हैं।

भाषा और उच्चारण पर अमिताभ बच्चन
उन्होंने रवींद्र नाथ टैगोर के नाम का उदाहरण भी दिया कि कैसे उनके सरनेम ठाकुर था। मगर वह अंग्रेजों के उच्चारण की वजह से टैगोर हो गया। इसी तरह कमेंटेटर सुनील गावस्कर के नाम का भी उच्चारण अलग तरीके से करते हैं।

बिग बी ने मार्केटिंग पर कही थी ये बातें
इस कार्यक्रम में Amitabh Bachchan ब्रांड, विज्ञापन व मार्केटिंग की बात कर रहे थे। वह बता रहे थे कि कैसे ब्रांड भी एक धर्म है। यहां धर्म का मतलब होता है आचार संहिता। वह बताते हैं कि जब वह पोलियो या फिर स्वच्छता से जुड़ा कोई विज्ञापन कर रहे होते हैं तो वह वहां न तो दवाई बेच रहे होते हैं न ही साफ सफाई। बल्कि ऐसे में उनका एक ही धर्म है सामाजिक भलाई।

अमिताभ बच्चन ने मूर्ति और किताब का शानदार उदाहरण भी दिया था
अमिताभ बच्चन अपने इस भाषण में मूर्ति और किताब का बहुत ही अच्छा उदाहरण देते हैं। वह समझाते हैं कि अगर आप मंदिर में मौजूद मूर्ति का मतलब समझते है तो इसके कई मायने है। अगर आप ये नहीं जानते तो आपके लिए ये एक पत्थर है। ठीक वैसे ही, जो किताब का मोल समझता है, उसके लिए ये खजाना है वरना तो व्यर्थ का सामान।

अमिताभ बच्चन का 75% लिवर है डैमेज
इस दौरान अमिताभ बच्चन ने अपनी लिवर सिरोसिस बीमारी के बारे में भी बात की। जिसकी वजह से उनका 75% लीवर का हिस्सा डैमेज हो चुका है। उन्होंने बताया कि ‘कुली’ फिल्म की शूटिंग के दौरान वह बुरी तरह जख्मी हो गए थे। इस वजह काफी ब्लीडिंग भी हो गई थी। उस समय 200 ब्लड डोनर्स का 60 बोतल खून उन्हें चढ़ाया गया था। मगर इनमें से कुछ लोगों को हेपेटाइटिज बी से इन्फेक्टिड थे। यही कारण है कि बिग बी भी हेपेटाइटिस से संक्रमित हो गए।

Latest articles

निगम के सेंट्रल वर्कशाप में लोकायुक्त का छापा, कर्मचारियों से पूछताछ, दस्तावेजों की जांच

निगम के वाहनों की मरम्मत के नाम पर फर्जी बिल बनाकर भुगतान किए जाने...

भोपाल नगर निगम में फर्जी बिल और वित्तीय अनियमितताओं को लेकर लोकायुक्त की बड़ी छापा मार कार्रवाई

भोपाल नगर निगम में रविवार सुबह 9 बजे लोकायुक्त की टीम ने सेंट्रल वर्क...

भोपाल में स्मार्ट सिटी रोड पर हवाला लूट: 12 गिरफ्तार, 35 लाख जब्त, फरार आरोपियों की तलाश जारी

भोपाल। राजधानी भोपाल के स्मार्ट सिटी रोड पर हवाला के 55 लाख रुपए लूटने...

खण्डेलवाल परिवार के दुख में शामिल हुए सांसद आलोक शर्मा, दी श्रद्धांजलि

भारतीय जनता पार्टी भोपाल लोकसभा के सांसद श्री आलोक शर्मा ने शनिवार को भारतीय...

More like this

समय पर खर्च करें केंद्रीय निधि, ताकि विकास की गति बनी रहे: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा

राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने राज्य के विकास में केंद्रीय सहायता प्राप्त योजनाओं...

मप्र में टैक्स फ्री हुई फिल्म ‘शतक’ — मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव बोले— राष्ट्रसेवा और आत्मनिर्भर भारत का देती है संदेश

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने हिंदी फिल्म ‘शतक’ को मध्य प्रदेश में टैक्स फ्री...

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में ‘राज-उन्नति’ की दूसरी बैठक — 84,282 करोड़ रुपये की परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा, लापरवाही पर सख्त कार्रवाई...

भोपाल मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में ‘राज-उन्नति’ कार्यक्रम की दूसरी उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित...