नई दिल्ली:
अडानी ग्रुप के चेयरमैन गौतम अडानी को अमेरिकी कोर्ट से छुटकारा नहीं मिला है। अडानी पर आरोप हैं कि उन्होंने काॅन्ट्रैक्ट हासिल करने के लिए भारतीय अधिकारियों को रिश्वत दी थी। इस मामले में गौतम अडानी और उनके भतीजे सागर अडानी के खिलाफ अमेरिकी कोर्ट की ओर से अरेस्ट वारंट जारी हो चुका है। लेकिन अब अडानी को एक उम्मीद की किरण दिखाई दे रही है।
अडानी ने अपने ऊपर लगे आरोपों को निराधार बताया है। हालांकि अमेरिकी कोर्ट ने अडानी से कहा है कि वह कोर्ट में आकर अपना स्पष्टीकरण दें। इसका सीधा सा मतलब है कि अडानी अगर अमेरिका जाते हैं तो उन्हें गिरफ्तार किया जा सकता है। ऐसे में उनके कारोबार पर बुरा असर पड़ सकता है। इसका फायदा दूसरी कंपनियां उठा सकती हैं।
क्या अडानी को मिलेगी राहत?
अमेरिका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अडानी के तारणहार बन सकते हैं। दरअसल, ट्रंप की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ दोस्ती काफी गहरी है। इकनॉमिक टाइम्स में छपी ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक अडानी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के करीबी सहयोगी हैं।
ऐसे में भारत अमेरिका की कोर्ट में आरोपों का सामना करने के लिए उनके प्रत्यर्पण की अनुमति नहीं दे सकता। इस तरह के जोखिम के सामने आने से पहले मोदी इस मामले को ट्रंप के सामने उठा सकते हैं। ट्रंप अगले महीने राष्ट्रपति पद की शपथ लेंगे। ऐसे में ट्रंप प्रशासन अडानी के इस मामले को खारिज करने का फैसला ले सकता है।
इस मामले में हो सकता है समझौता
ट्रंप अगर प्रत्यर्पण से जुड़ा मामला खारिज कर देते हैं तो अडानी पर केवल संघीय प्रतिभूति कानूनों के धोखाधड़ी से जुड़ा मामला ही बचेगा। यह एक दीवानी मुकदमा है। इस मामले में अमेरिकी प्रतिभूति और विनिमय आयोग कुछ पेनल्टी और बैन की मांग कर रहा है। इस मामले में अडानी समझौता करने की पेशकश कर सकते हैं।
कानूनी पचड़ों में नहीं पड़ना चाहेंगे अडानी
अडानी कानूनी पचड़ों में नहीं पड़ना चाहेंगे। अगर कोर्ट के ये मामले लंबे चलते हैं तो अडानी को अपना कारोबार बढ़ाने के लिए रकम जुटाना मुश्किल हो सकता है। विदेशी बैंक अडानी के नए प्रोजेक्ट के लिए लोन देने से दूरी दिखा सकते हैं। साथ ही मौजूदा लोन को निकालने के लिए ब्याज दरों में बढ़ोतरी कर सकते हैं।
शेयरों का मिला-जुला रुख
सोमवार को अडानी ग्रुप की कंपनियों के शेयर का मिला-जुला असर दिखाई दिया। दोपहर करीब 1:30 बजे अडानी इंटरप्राइजेज के शेयर 0.13% की गिरावट के साथ 2503.20 रुपये पर थे। अडानी ग्रीन एनर्जी के शेयर 0.81% की तेजी के साथ 1220.85 रुपये पर कारोबार कर रहे थे। अडानी पोर्ट्स के शेयर एक फीसदी से कुछ ज्यादा की तेजी के साथ 1272.50 रुपये पर थे।
