12 C
London
Tuesday, March 17, 2026
HomeUncategorizedRBI ने भर दिया सरकार का खजाना, चुनाव के बाद नई सरकार...

RBI ने भर दिया सरकार का खजाना, चुनाव के बाद नई सरकार की होगी बल्ले-बल्ले!

Published on

नई दिल्ली,

लोकसभा चुनाव के बीच सरकार का खजाना भर गया है. दरअसल, सभी अनुमानों को पीछे छोड़ते हुए RBI ने केंद्र सरकार का खजाना भरने के लिए भारी भरकम रकम बतौर डिविडेंड देने का फैसला किया है. 2023-24 में 3 लाख करोड़ का मुनाफा कमाने वाले बैंकों के शानदार प्रदर्शन के चलते RBI ने केंद्र सरकार को 2.11 लाख करोड़ रुपये (2,10,874 करोड़) का डिविडेंड देने का ऐलान किया है.

RBI ने 22 मई को एक बयान में कहा कि ये डिविडेंड बिमल जालान समिति की सिफारिशों के अनुसार दिया जा रहा है, जो 26 अगस्त, 2019 को केंद्रीय बैंक द्वारा अपनाई गई थी. हर साल RBI निवेश से होने वाली डिविडेंड इनकम को केंद्र सरकार को एक निश्चित राशि के रूप में हस्तांतरित करता है. पिछले वित्त वर्ष में केंद्रीय बैंक ने केंद्र को डिविडेंड के तौर पर 87,416 करोड़ रुपये दिए थे.

आने वाली सरकार के लिए गुड न्यूज
लेकिन इस साल की राशि कुछ हद तक सबसे बड़ी है और वित्त वर्ष 23 की तुलना में 141% अधिक है. आप अंदाजा लगा सकते हैं आने वाली सरकार को इस डिविडेंड से कितनी मदद मिलेगी. इस राशि से सरकार को अपना वित्तीय घाटा कम करने में मदद मिलेगी, साथ ही नई योजनाओं में खर्च करने में भी मदद मिलेगी. यही नहीं, इतनी बड़ी रकम मिलने से भारत सरकार को विनिवेश के लक्ष्य से चूक जाने के बाद रेवेन्यू कलेक्शन में आई कमी की भरपाई करने का मौका मिलेगा. इसके साथ ही सरकार की जनकल्याण योजनाओं के लिए पैसा जुटाना भी इस रकम के मिलने के बाद काफी हद तक आसान हो जाएगा.

कोटक महिंद्रा बैंक की मुख्य अर्थशास्त्री उपासना भारद्वाज का कहना है कि इस तरह के ऐतिहासिक डिविडेंड से वित्त वर्ष 25 में राजकोषीय घाटे में 0.4% की कमी आएगी. आगामी बजट में घोषित किए जा रहे कम उधार की गुंजाइश अब बॉन्ड बाजारों को महत्वपूर्ण राहत प्रदान करेगी.

IRCA की चीफ इकोनॉमिस्ट अदिति नायर ने कहा, ‘2.11 ट्रिलियन रुपये की राशि वित्त वर्ष 2025 के लिए अंतरिम बजट में लाभांश और मुनाफे के तहत 1.5 ट्रिलियन रुपये के बजटीय आंकड़े से काफी अधिक है, जिसमें पीएसयू से लाभांश भी शामिल है. बजट से अधिक आरबीआई डिविडेंड वित्त वर्ष 2025 में भारत सरकार के संसाधन को बढ़ाने में मदद करेगी. इसके अलावा, आरबीआई बोर्ड ने आकस्मिक जोखिम बफर को पहले के 6% से बढ़ाकर 6.5% करने पर भी सहमति जताई है.

ये कदम आरबीआई और केंद्र सरकार के बीच बेहतर तालमेल को दिखाता है. बता दें, RBI की तरफ से ये सरकार को दिए जाने वाला अब तक का रिकॉर्ड डिविडेंड है. 2023-24 में RBI ने सरकार को 87 हजार 416 करोड़ रुपये बतौर डिविडेंड ट्रांसफर किए गए थे. इसके पहले साल 2019 में सरकार को रिकॉर्ड 1.2 लाख करोड़ रुपये का डिविडेंड RBI से मिला था.

RBI के पास कहां ये आया इतना पैसा?
RBI अपनी सरप्लस इनकम से सरकार को डिविडेंड देती है. ये पैसा RBI निवेश और डॉलर को रखने के बाद वैल्यूएशन में हुई बढ़ोतरी से से कमाती है. इसके साथ ही करेंसी प्रिंट करने पर मिलने वाली फीस भी इसमें शामिल होती है.

नियमों के मुताबिक RBI को अपनी बैलेंस शीट का 5.5%-6.5% तक रकम CRB के तौर पर रखना अनिवार्य है. आर्थिक गतिविधियों में 2022-23 के दौरान तेजी आने से CRB को बढ़ाकर 6 फीसदी कर दिया गया और इनमें तेजी जारी रहने पर इसके बाद 2023-24 में इसे बढ़ाकर साढ़े 6 फीसदी कर दिया गया. इसके अलावा RBI की सिक्योरिटीज घरेलू मार्केट और विदेशों में रखी होती हैं, जिनसे भी उसकी कमाई होती है.

RBI की कमाई बैंकों ने बढ़ाई!
वैसे इस साल फॉरेन एक्सचेंज ट्रांजैक्शन से होने वाली आमदनी कम होने की आशंका है, क्योंकि 2022-23 के मुकाबले 2023-24 में RBI ने ज्यादा डॉलर नहीं बेचे थे. इस साल मार्च में RBI का फॉरेक्स रिजर्व 67 अरब डॉलर बढ़ा था. बढ़ते डिविडेंड के चलते वित्त मंत्रालय अपने बॉन्ड की बिक्री में कमी ला सकती है. फरवरी में आए अंतरिम बजट के मुताबिक 2024-25 के लिए भारत सरकार ने बॉन्ड के जरिए 14.13 लाख करोड़ रुपये जुटाने की योजना बनाई है.

रिजर्व बैंक भारत सरकार के वित्त मंत्रालय के दायरे में आता है. उसका काम भारत के बैंकिंग सिस्टम को रेगुलेट करना है. इसके अलावा करेंसी यानी भारतीय रुपये की छपाई करना, उसकी बाजार में सप्लाई करना, रुपये की आपूर्ति से लेकर उसके भाव को कंट्रोल करना भी रिजर्व बैंक का काम है.

RBI की कमाई के मुख्य स्रोत-
1. केंद्रीय बैंक सरकारी बॉन्ड के जरिए ब्याज कमाता है. विदेशी मुद्रा में निवेश के जरिए भी आय होती है. रिजर्व बैंक की बैलेंस शीट में करीब 70 फीसदी हिस्सा फॉरेन करेंसी एसेट का है, जबकि 20 फीसदी हिस्सा सरकारी बॉन्डों के रूप में है. RBI डॉलर रिजर्व में रखता है, कीमत बढ़ने पर उसे बेचने से खासा रिटर्न आता है.

सरकार बाजार में लगाने के लिए आरबीआई से जो पैसा लेती है, उससे भी केंद्रीय बैंक की कमाई करता है. इसके अलावा आरबीआई विभिन्न कमर्शियल बैंकों को कर्ज देता है. उसके बदले में बैंक आरबीआई को ब्याज का भुगतान करते हैं.

2. आरबीआई के पास जो सर प्लस अमाउंट यानी लाभांश होता है, उसका डिविडेंड सरकार को देने के बाद जो बचता है उसके ब्याज से कमाई करता है.

3. फॉरेन एसेट्स का रीवैलुएशन यानी विदेशी संपत्तियों और सोने का पुनर्मूल्यांकन से कमाई होती है.रिजर्व सोने को उच्चे दाम पर बेचकर जबरदस्त कमाई होती है.

डिविडेंड क्या है?
डिविडेंड यानी लाभांश कंपनी के मुनाफे का एक हिस्सा है, जो शेयरधारकों को भुगतान किया जाता है. यह नकद, नकद समतुल्य, शेयर वगैरह के रूप में हो सकता है.

Latest articles

नई दिल्ली में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से की मुलाकात, शिक्षा सुधारों पर हुई चर्चा

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने रविवार को नई दिल्ली में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान...

हमीदिया अस्पताल फायरिंग: पुलिस की बड़ी लापरवाही उजागर, घायल हिस्ट्रीशीटर के साथ पहुंचे जवान भी थे निहत्थे

भोपाल हमीदिया अस्पताल की इमरजेंसी के बाहर शनिवार सुबह हुई फायरिंग की घटना में पुलिस...

मप्र में पेंशन भुगतान की नई व्यवस्था 1 अप्रैल से लागू, एसबीआई बनेगा एग्रीगेटर बैंक

भोपाल मध्यप्रदेश सरकार ने राज्य के करीब साढ़े चार लाख पेंशनभोगियों को बड़ी राहत देते...

ग्रुप-5 भर्ती परीक्षा 2026: स्वास्थ्य विभाग में 373 पदों पर भर्ती के लिए आवेदन शुरू

भोपाल मप्र कर्मचारी चयन मंडल (ईएसबी) ने स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े स्टाफ नर्स, पैरामेडिकल और...

More like this

समय पर खर्च करें केंद्रीय निधि, ताकि विकास की गति बनी रहे: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा

राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने राज्य के विकास में केंद्रीय सहायता प्राप्त योजनाओं...

मप्र में टैक्स फ्री हुई फिल्म ‘शतक’ — मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव बोले— राष्ट्रसेवा और आत्मनिर्भर भारत का देती है संदेश

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने हिंदी फिल्म ‘शतक’ को मध्य प्रदेश में टैक्स फ्री...

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में ‘राज-उन्नति’ की दूसरी बैठक — 84,282 करोड़ रुपये की परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा, लापरवाही पर सख्त कार्रवाई...

भोपाल मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में ‘राज-उन्नति’ कार्यक्रम की दूसरी उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित...