भोपाल
सोमवार को बीएचईएल में पांच दिवसीय अनुवाद प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ नर्मदा भवन अतिथि गृह, अहिल्या बाई सभागार में किया गया । इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में महाप्रबंधक बीके सिंह एवं विशिष्ट अतिथि के रूप में सहायक निदेशक, केन्द्रीय अनुवाद ब्यूरो, नई दिल्ली जनवारियुस तिर्की एवं प्रमुख सलाहकार आरडी शुक्ल मौजूद थे । श्री सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि अनुवाद कार्यक्रम बीएचईएल की कार्य प्रकृति के अनुसार तैयार किया गया है । इसका सभी प्रतिभागी पूर्ण लाभ उठाएं और अपने कार्य क्षेत्रों में भरपूर प्रयोग करें ।
अनुवाद करते समय यह ध्यान रखना चाहिए कि हमारा अनुवाद ऐसा हो जिसमें शब्दों का अर्थ स्पष्ट हो और उसकी मूल भावना जीवित रहे । कार्यक्रम में उपस्थित केन्द्रीय अनुवाद ब्यूरो जनवारियुस तिर्की ने कहा कि इतनी संख्या में उपस्थित प्रतिभागियों को देखकर मुझे एहसास हो रहा है कि अनुवाद सीखने की कितनी अभिलाभा लोगों में मौजूद है । अनुवाद सीखना एक कला है । एक अनुवादक को हमेशा अर्थ बदले बिना जटिल भाषा को यथासंभव सरल बनाने का लक्ष्य रखना चाहिए ।
अंत में उन्होंने कहा कि इस पांच दिवसीय सत्र में हम गागर में सागर भरने की कोशिश करेंगें । कार्यक्रम में उपस्थित केन्द्रीय अनुवाद ब्यूरो से आमंत्रित श्री शुक्ल ने कहा कि आज हम दूसरे देशों की जानकारी, उनसे व्यापार आदि अनुवाद के माध्यम से ही कर रहें हैं । आज अनुवाद हमारी आवश्यकता हो गई है । अनुवाद प्रशिक्षण में 40 प्रतिभागियों ने प्रतिभागिता की । कार्यक्रम का संचालन उप प्रबंधक (राजभाषा) श्रीमती पूनम साहू ने किया ।
