11 C
London
Wednesday, April 29, 2026
HomeUncategorizedक्या है FATF का 'रेग्युलर फॉलोअप रेटिंग' जो सिर्फ चार जी-20 देशों...

क्या है FATF का ‘रेग्युलर फॉलोअप रेटिंग’ जो सिर्फ चार जी-20 देशों को मिली है? अब भारत भी हो गया शामिल

Published on

नई दिल्ली

वैश्विक धन शोधन एवं आतंकवाद के वित्तपोषण रोधी निकाय एफएटीएफ (FATF) ने गुरुवार को भारत पर अपनी बहुप्रतीक्षित पारस्परिक मूल्यांकन रिपोर्ट जारी की। एफएटीएफ ने कहा कि देश की प्रणालियां ‘प्रभावी’ हैं, लेकिन इन मामलों में अभियोजन को मजबूत करने के लिए ‘बड़े सुधारों’ की आवश्यकता है। तिरंगे की रोशनी में लिपटी भारत की नई संसद की आवरण तस्वीर के साथ 368 पृष्ठों की रिपोर्ट जून में आयोजित अपनी पूर्ण बैठक के दौरान पेरिस मुख्यालय वाले निकाय द्वारा मूल्यांकन को अपनाए जाने के बाद जारी की गई।

अब 2031 में आएगी रिपोर्ट
यह रिपोर्ट पिछले वर्ष नवंबर में एफएटीएफ एक्सपर्ट्स के भारत दौरे के बाद आई है। इसने देश को ‘रेगुलर फॉलोअप’ कैटेगरी में रखा है। यह वह स्थान है जो केवल चार अन्य जी20 देशों को प्राप्त है। भारत का अगला मूल्यांकन 2031 में होगा। दरअसल, हमारे देश में मनीलॉन्ड्रिंग का सबसे बड़ा जोखिम धोखाधड़ी से संबंधित है। इसमें साइबर-सक्षम धोखाधड़ी, भ्रष्टाचार और मादक पदार्थों की तस्करी शामिल है। भारत में मनी लॉन्ड्रिंग का मुख्य स्रोत देश के भीतर की अवैध गतिविधियों से उत्पन्न होता है। रिपोर्ट के अनुसार, इससे देश को विभिन्न प्रकार के आतंकवादी खतरों का सामना करना पड़ रहा है। इनमें सबसे प्रमुख खतरा आईएसआईएल (इस्लामिक स्टेट या आईएसआईएस) या अलकायदा से जुड़े समूहों से है, जो जम्मू-कश्मीर तथा उसके आसपास सक्रिय हैं।

रेगुलर फॉलोअप रेटिंग के मायने?
एफएटीएफ अनुशंसाओं के कार्यान्वयन के स्तर का आकलन करने के लिए एफएटीएफ प्रत्येक सदस्य की निरंतर समीक्षा करता है। इसके आधार पर रेटिंग दी जातीहै। यह रेटिंग वित्तीय प्रणाली के आपराधिक दुरुपयोग को रोकने के लिए प्रत्येक देश की प्रणाली का गहन विवरण और विश्लेषण प्रदान करता है। ‘रेगलुर फॉलोअप’ रेटिंग FATF की तरफ से दी जाने वाली सर्वोच्च रेटिंग श्रेणी है। भारत के अलावा, ब्रिटेन, फ्रांस और इटली ही ऐसे G-20 देश हैं जिन्हें इस श्रेणी में रखा गया है।

वित्तीय कार्रवाई कार्य बल (FATF) के संदर्भ में ‘रेगुलर फॉलोअप’ रैंकिंग उन देशों को संदर्भित करती है, जो एफएटीएफ के मनीलॉन्ड्रिंग विरोधी (एएमएल) और आतंकवाद के वित्तपोषण का मुकाबला करने (सीएफटी) मानकों के साथ काफी हद तक अनुपालन करते पाए गए हैं। इस श्रेणी के देशों, जैसे भारत, में आम तौर पर मजबूत प्रणालिया हैं। हालांकि, अभी भी कुछ क्षेत्रों, जैसे प्रवर्तन या कुछ तकनीकी पहलुओं में कुछ सुधार करने की आवश्यकता हो सकती है।

क्यों मिली यह रेटिंग?
भारत ने एफएटीएफ की सिफारिशों के अनुरूप उच्च स्तर का तकनीकी अनुपालन हासिल किया है। साथ ही अवैध वित्त से निपटने के उपायों को लागू करने के लिए महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। भारत ने मनी लॉन्ड्रिंग निरोधक और आतंकवाद वित्तपोषण निरोधक (एएमएल/सीएफटी) ढांचा कार्यान्वित किया है। इससे ‘अच्छे; परिणाम प्राप्त हो रहे हैं, जिसमें जोखिम को समझना, लाभकारी स्वामित्व संबंधी जानकारी तक पहुंच और अपराधियों को उनकी संपत्ति से वंचित करना शामिल है।

रिपोर्ट में कहा गया है कि यह महत्वपूर्ण है कि देश अपनी प्रणाली में सुधार करना जारी रखे, क्योंकि इसकी अर्थव्यवस्था और वित्तीय प्रणाली निरंतर विकसित हो रही है। इसमें विशेष रूप से यह सुनिश्चित करना कि मनी लॉन्ड्रिंग और आतंकवादी वित्तपोषण के मुकदमे पूरे हो जाएं। अपराधियों पर उचित प्रतिबंध लगाए जाएं।

Latest articles

5वीं-8वीं की पुनः परीक्षा 1 जून से: भीषण गर्मी के बीच सुरक्षा के कड़े इंतजाम

भोपाल। राज्य शिक्षा केन्द्र (आरएसके) ने सत्र 2025-26 की कक्षा 5वीं और 8वीं की...

एमपी के कॉलेजों में प्रवेश का शंखनाद: 1 मई से शुरू होगा रजिस्ट्रेशन, छात्राओं को मिलेंगे 25 हजार रुपए

भोपाल। मप्र के सरकारी और निजी कॉलेजों में उच्च शिक्षा सत्र 2026-27 के लिए...

टीटी नगर में शेड को लेकर विवाद, ताला तोड़कर सामान निकालने का आरोप

भोपाल। राजधानी के पॉश इलाके टीटी नगर में एक शेड पर कब्जे और उसमें...

भोपाल नगर निगम में बड़ी प्रशासनिक सर्जरी: 15 अधिकारियों के तबादले, भदौरिया को गोविंदपुरा तो सृष्टि को हुजूर की कमान

भोपाल। नगर निगम कमिश्नर संस्कृति जैन ने शहर की सफाई और अतिक्रमण व्यवस्था को...

More like this

समय पर खर्च करें केंद्रीय निधि, ताकि विकास की गति बनी रहे: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा

राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने राज्य के विकास में केंद्रीय सहायता प्राप्त योजनाओं...

मप्र में टैक्स फ्री हुई फिल्म ‘शतक’ — मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव बोले— राष्ट्रसेवा और आत्मनिर्भर भारत का देती है संदेश

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने हिंदी फिल्म ‘शतक’ को मध्य प्रदेश में टैक्स फ्री...

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में ‘राज-उन्नति’ की दूसरी बैठक — 84,282 करोड़ रुपये की परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा, लापरवाही पर सख्त कार्रवाई...

भोपाल मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में ‘राज-उन्नति’ कार्यक्रम की दूसरी उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित...