9.5 C
London
Tuesday, April 28, 2026
Homeराज्यमहाराष्ट्र में अजीत पवार का साथ छोड़ेंगे छगन भुजबल, जानें किससे बढ़...

महाराष्ट्र में अजीत पवार का साथ छोड़ेंगे छगन भुजबल, जानें किससे बढ़ रही हैं नजदीकियां?

Published on

मुंबई

महाराष्ट्र की नई सरकार में मंत्री नहीं बनाए जाने पर जहां नहीं चैना, वहां नहीं रहना.. के जरिए अजीत पवार पर कटाक्ष करने वाले दिग्गज ओबीसी नेता छगन भुजबल की नाराजगी दूर नहीं हुई है। भुजबल लगातार बागी तेवर अपनाए हुए हैं। मालेगांव के सहकारिता सम्मेलन में जिस तरह से केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने छगन भुजबल को अपने बगल में बैठने के लिए बुलाया। उसके बाद अटकलें लग रही है कि क्या भुजबल बीजेपी में जाने का मन बना चुके हैं? क्योंकि मंत्रीमंडल में जगह नहीं मिलने पर वह अजित पवार की बजाए फडणवीस से मिले थे। तब भुजबल ने फडणवीस की तारीफ भी की थी।

बैनर से अजीत पवार गायब
राजनीतिक हलकों में चर्चा है कि राज्यसभा का टिकट नहीं मिलने तथा बाद में सीएम देवेंद्र फडणवीस के नेतृत्व वाली महायुति सरकार 2.0 में मंत्री पद कटने की वजह से भुजबल दुखी हैं। यही वजह है किउनकी BJP से नजदीकियां बढ़ रही हैं। नासिक में सहकारिता सम्मेलन में शाह ने भुजबल को अपने पास बैठने के लिए आमंत्रित किया था। इतना ही नहीं उन्होंने भुजबल की काफी तारीफ भी की। शाह के तारीफ करने पर भुजबल के चेहरे पर खुशी दिखी थी। उन्होंने कहा था कि यह उनके लिए सम्मान की बात है। पिछले एक महीने के घटनाक्रम के बाद दावा किया जा रहा है कि नाराज भुजबल बीजेपी में शामिल हो जाएंगे। दावा किया जा रहा है कि उन्होंने मालेगांव में अपने बैनर से अजीत की तस्वीर नहीं लगाई। इतना ही नहीं पार्टी का चुनाव चिन्ह ‘घड़ी’ भी नहीं लगाया। इन्हें भुजबल ने एनसीपी छोड़ने के संकेत के तौर पर देखा जा रहा है, हालांकि सोशल मीडिया की पोस्ट में भुजबल ने घड़ी का इस्तेमाल कर रहे हैं।

अजित को लगेगा झटका
महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री और गृह मंत्री रह चुके छगन भुजबल की ओबीसी समाज में गहरी पैठ है। यही वजह है कि बीजेपी भुजबल को साधना चाहती है। अगर ऐसा होता है तो राज्य में नव संकल्प लेकर खुद को मजबूत करने में जुटे अजीत पवार की अगुवाई वाली एनसीपी को बड़ा झटका लगेगा। भुजबल ने अपने राजनीतिक में कदम एक शिवसैनिक के तौर पर रखा था। इसके बाद वह कांग्रेस और फिर पवार के साथ एनसीपी में आए थे। अगर वह एनसीपी छोड़ते हैं तो वह तीसरी बार पार्टी बदलेंगे? भुजबल अभी येवला से विधायक हैं। 77 साल के भुजबल शरद पवार को अपना मेंटर मानते हैं।

Latest articles

विधानसभा में 33% महिला आरक्षण का संकल्प पारित: CM बोले-कांग्रेस ने बहनों की क्षमता-आकांक्षाओं की पीठ में खंजर घोंपा

भोपाल। मध्यप्रदेश विधानसभा के विशेष एक दिवसीय सत्र में सोमवार को ‘नारी शक्ति वंदन’...

मनरेगा ई-केवाईसी में छत्तीसगढ़ देश में अव्वल: 97.11% लक्ष्य पूरा कर रचा इतिहास, बड़े राज्यों को भी पछाड़ा

  रायपुर। छत्तीसगढ़ ने महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के क्रियान्वयन में...

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने राज्यपाल थावरचंद गहलोत से की शिष्टाचार भेंट, विकास और जनहित के मुद्दों पर हुई चर्चा

जयपुर। राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने अपने बेंगलुरु प्रवास के दौरान कर्नाटक के...

More like this

मनरेगा ई-केवाईसी में छत्तीसगढ़ देश में अव्वल: 97.11% लक्ष्य पूरा कर रचा इतिहास, बड़े राज्यों को भी पछाड़ा

  रायपुर। छत्तीसगढ़ ने महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के क्रियान्वयन में...

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने राज्यपाल थावरचंद गहलोत से की शिष्टाचार भेंट, विकास और जनहित के मुद्दों पर हुई चर्चा

जयपुर। राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने अपने बेंगलुरु प्रवास के दौरान कर्नाटक के...