2.4 C
London
Tuesday, May 12, 2026
Homeराज्यबीजेपी और RSS में कोई मतभेद नहीं... बोले संघ के सह सरकार्यवाह...

बीजेपी और RSS में कोई मतभेद नहीं… बोले संघ के सह सरकार्यवाह अरुण कुमार

Published on

नई दिल्ली:

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ यानी आरएसएस के नेता अरुण कुमार ने शनिवार को कहा कि संघ और बीजेपी के बीच कोई मतभेद नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि बीजेपी अध्यक्ष का चुनाव जल्द होगा। आरएसएस नेता ने परिसीमन प्रक्रिया को लेकर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि अभी तो परिसीमन की कोई प्रक्रिया शुरू भी नहीं हुई है। अरुण कुमार ने कहा कि बीजेपी और आरएसएस के बीच कोई मतभेद नहीं है। हम समाज और राष्ट्र से जुड़े मुद्दों पर साथ मिलकर काम करते हैं। हम आपसी विश्वास के आधार पर काम करना जारी रखते हैं।

बीजेपी अध्यक्ष के चुनाव को लेकर क्या कहा?
संघ के सह सरकार्यवाह अरुण कुमार ने बीजेपी अध्यक्ष के चुनाव पर भी बात की। उन्होंने कहा कि आरएसएस के अंतर्गत 32 से अधिक संगठन काम करते हैं। हर संगठन स्वतंत्र है और उसकी अपनी निर्णय लेने की प्रक्रिया है। हर संगठन के अपने सदस्य, चुनाव और स्थानीय, जिला और मंडल स्तर पर ढांचे हैं। वे अपनी प्रक्रियाओं का पालन करते हैं।अरुण कुमार ने आगे कहा कि संगठनों की प्रक्रियाएं चल रही हैं। उनकी सदस्यता बढ़ रही है। जिला और राज्य स्तर पर कमेटियां बन रही हैं। भविष्य में उनके राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव होगा।

परिसीमन के मुद्दे पर भी रखी बात
उन्होंने परिसीमन प्रक्रिया पर चर्चा कर रहे लोगों से पूछा कि क्या उनका कोई राजनीतिक एजेंडा है या फिर वे वास्तव में इसे लेकर चिंतित हैं। कुमार ने इन नेताओं से ऐसी चर्चाओं से बचने को कहा क्योंकि केंद्र ने अभी तक प्रक्रिया शुरू नहीं की है। उन्होंने कहा, ‘‘मेरी राय में, जो लोग परिसीमन पर चर्चा में भाग ले रहे हैं, उन्हें आत्मनिरीक्षण करना चाहिए कि क्या यह उनका राजनीतिक एजेंडा है या वे वास्तव में अपने क्षेत्र के हित के बारे में सोच रहे हैं।’’

‘अभी तो कोई प्रक्रिया शुरू भी नहीं हुई’
आरएसएस नेता ने कहा, ‘उन्हें (स्टालिन और अन्य को) इस बारे में चर्चा करने दीजिए और आपको (मीडिया को) उनसे पूछना चाहिए कि क्या परिसीमन प्रक्रिया वास्तव में शुरू हो गई है?’ आरएसएस नेता ने कहा कि परिसीमन प्रक्रिया शुरू होने और अधिनियम का मसौदा तैयार होने पर चर्चा होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि न तो जनगणना शुरू हुई है और न ही परिसीमन पर चर्चा (केंद्र द्वारा) शुरू की गई है। यहां तक कि अधिनियम का मसौदा भी अभी तक तैयार नहीं हुआ है।बता दें कि डीएमके प्रमुख और तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम के स्टालिन के निमंत्रण पर कुछ दक्षिणी राज्यों के नेता परिसीमन के नतीजों और इससे निपटने की रणनीतियों पर चर्चा करने के लिए चेन्नई में एकत्र हुए हैं।

Latest articles

सोमनाथ स्वाभिमान पर्व: प्रधानमंत्री के नेतृत्व में देश की सनातन संस्कृति को मिला नया गौरव : मुख्यमंत्री साय

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय सोमवार को राजधानी रायपुर के महादेव घाट स्थित हाटकेश्वर...

आध्यात्मिक विरासत और राष्ट्रीय स्वाभिमान का प्रतीक है सोमनाथ मंदिर: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा

जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा सोमवार को गुजरात के सोमनाथ मंदिर में आयोजित 'सोमनाथ अमृत...

बरनाला पहुंचे सीएम भगवंत मान: बोले- अब कोई नहीं बचा पाएगा बेअदबी के दोषियों को, हाईकोर्ट ने भी कानून पर लगाई मुहर

बरनाला। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान शुक्रवार को 'शुकराना यात्रा' के दौरान बरनाला पहुंचे।...

More like this

सोमनाथ स्वाभिमान पर्व: प्रधानमंत्री के नेतृत्व में देश की सनातन संस्कृति को मिला नया गौरव : मुख्यमंत्री साय

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय सोमवार को राजधानी रायपुर के महादेव घाट स्थित हाटकेश्वर...

आध्यात्मिक विरासत और राष्ट्रीय स्वाभिमान का प्रतीक है सोमनाथ मंदिर: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा

जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा सोमवार को गुजरात के सोमनाथ मंदिर में आयोजित 'सोमनाथ अमृत...