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Tuesday, April 14, 2026
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मप्र के कई जिलों में भीषण लू का अलर्ट, पारा 44°C तक जाने के आसार

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प्रदेश में रतलाम सबसे गर्म, पारा 41.2°C पहुंचा

भोपाल। मध्य प्रदेश में अब बादलों और बारिश की विदाई हो गई है। सूरज ने अपने तीखे तेवर दिखाना शुरू कर दिया है। प्रदेश के कई हिस्सों में पारा 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया है। मौसम विभाग (IMD) ने चेतावनी दी है कि 16 और 17 अप्रैल से प्रदेश के कई जिलों में भीषण लू चल सकती है। सोमवार को रतलाम प्रदेश में सबसे गर्म रहा। यहां तापमान 41.2°C दर्ज किया गया। इसके अलावा धार, नर्मदापुरम और खरगोन में भी पारा 40 डिग्री के ऊपर रहा।

16 और 17 अप्रैल को यहां चलेगी लू

रतलाम, झाबुआ, आलीराजपुर, धार, खरगोन।
खंडवा, सीधी, सिंगरौली, मंडला और बालाघाट।
भोपाल, इंदौर और उज्जैन में भी गर्म हवाओं का असर रहेगा।

 

15 अप्रैल से नया सिस्टम सक्रिय, पर नहीं मिलेगी राहत

15 अप्रैल से एक नया मौसम सिस्टम बन तो रहा है, लेकिन वह काफी कमजोर है। इसका मतलब है कि अब गर्मी से राहत मिलने के आसार कम हैं। मौसम विभाग के अनुसार, अप्रैल का दूसरा पखवाड़ा ऐतिहासिक रूप से सबसे गर्म रहता है। ग्वालियर में तो तापमान 45°C और भोपाल में 44°C तक जाने का रिकॉर्ड रहा है।

 

अप्रैल में लगातार 9 दिन तक बारिश

बता दें कि अप्रैल में अब तक भीषण गर्मी पड़ने के बजाय आंधी-बारिश और ओले वाला मौसम रहा। 1 से 9 अप्रैल तक प्रदेश में कहीं न कहीं मौसम बदला। 15 से ज्यादा जिलों में ओलावृष्टि हुई तो करीब 45 जिलों में पानी गिरा। ग्वालियर में सबसे ज्यादा पानी गिरा।

MP के 5 बड़े शहरों में अप्रैल में मौसम का ऐसा ट्रेंड…

एमपी में अप्रैल के दूसरे पखवाड़े से गर्मी का असर तेज होने लगता है। महीने के आखिरी दिनों में तो तापमान रिकॉर्ड तोड़ देता है। भोपाल, इंदौर, जबलपुर और ग्वालियर की 10 साल की डेटा बेस्ड स्टडी में सामने आया कि भोपाल-इंदौर में पारा 43 डिग्री, जबकि जबलपुर में 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच जाता है। ग्वालियर में तो तापमान 45 डिग्री सेल्सियस पार कर चुका है।

 

भोपाल में 1996 में पड़ी थी सबसे ज्यादा गर्मी

अप्रैल में गर्मी के ट्रेंड की बात करें तो भोपाल में 29 अप्रैल 1996 को अधिकतम तापमान 44.4 डिग्री सेल्सियस पहुंचा था। इस महीने भोपाल में बारिश-आंधी के आसार भी बनते हैं। यही कारण है कि कुछ साल से अप्रैल में बारिश का दौर चल रहा है। 20 अप्रैल 2013 को भोपाल में 24 घंटे के भीतर 30.8 मिमी यानी एक इंच से ज्यादा बारिश हुई थी। वहीं, 2023 में 22.6 मिमी पानी गिरा था।

इंदौर में पिछले साल गिरा था 22.3 मिमी पानी

इंदौर में भी पारा 44 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है। मौसम विभाग के अनुसार, 25 अप्रैल 1958 को सर्वाधिक 44.6 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया था। इस महीने यहां भी मौसम में बदलाव देखने को मिलता है। गर्मी के साथ बादल छाए रहते हैं तो बौछारें भी गिरती हैं। हर साल बारिश का दौर भी बनता है।

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