— कार्यपालक निदेशक से की भेंट, अहम प्रोजेक्ट पर होगी चर्चा
भोपाल।
बीएचईएल भोपाल यूनिट में हिताची, स्वीडन और हिताची इंडिया के एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल दो दिवसीय दौर पर पहुंचा। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने एसएम रामनाथन, कार्यपालक निदेशक, बीएचईएल, भोपाल से सौजन्य भेंट की। प्रतिनिधि मंडल में वरिष्ठ विपणन और परियोजना प्रबंधन अधिकारी ओलाफ साक्सविक, एन क्रिस्टीन, पंकज कुमार और योगेश मंगल शामिल थे। इस अवसर पर महाप्रबंधक (डब्ल्यूईएक्स, एलजीएक्स, एमओडी, टीसीबी, ऑपरेशन) एवं महाप्रबंधक (टीसीबी इंजीनियरिंग—सेवाएं) भी मौजूद थे।
बैठक में आपसी सहयोग को मजबूत करने और एचवीडीसी डोमेन में नए व्यावसायिक अवसरों की पहचान पर ध्यान केंद्रित किया गया, जो हिताची और बीएचईएल के बीच साझेदारी में एक महत्वपूर्ण कदम है। यह दौरा दो आगामी प्रमुख एचवीडीसी परियोजनाओं +/- 800 केवी, 6000 मेगावाट भादला-फतेहपुर एवं +/- 800 केवी, 6000 मेगावाट खावड़ा-नागपुर ट्रांसमिशन कॉरिडोर पर केन्द्रित था।
ये महत्वपूर्ण परियोजनाएं राजस्थान और गुजरात में विकसित किए जा रहे सौर पार्कों से उत्पन्न सौर ऊर्जा के संचारण को मजबूत करेंगी, जिससे क्रमशः उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र में उच्च मांग वाले क्षेत्रों में स्वच्छ ऊर्जा का संचार होगा। हिताची एनर्जी और बीएचईएल ने पहले ही एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) के माध्यम से अपनी साझेदारी को औपचारिक रूप दे दिया है जिसमें 10,000 करोड़ से अधिक मूल्य की इन एचवीडीसी परियोजनाओं के लिए संयुक्त रूप से बोली लगाने पर सहमति व्यक्त की गई है।
प्रतिनिधि मंडल ने एचवीडीसी ट्रांसफॉर्मर के लिए बीएचईएल की अत्याधुनिक विनिर्माण और परीक्षण सुविधाओं का अवलोकन किया। टीम ने बीएचईएल भोपाल में अत्याधुनिक बुनियादी ढांचे और अनुकूल कार्य वातावरण की प्रशंसा की। यह विजिट पिछले सहयोग की मजबूत नींव पर आधारित है, क्योंकि बीएचईएल और हिताची (पूर्व में एबीबी) ने पहले भी इसी तरह की एचवीडीसी परियोजनाओं को बड़ी सफलता के साथ निष्पादित किया है जैसे कि उत्तर पूर्व-आगरा और रायगढ़-पुगलुर लिंक।
