विदिशा
मध्य प्रदेश के विदिशा में पंडित प्रदीप मिश्रा की कथा का सोमवार को पहला दिन था। कथा सुनने के लिए इतने श्रद्धालु पहुंचे की बाइपास स्थित कॉलोनी में कथा का पंडाल छोटा पड़ गया। भारी बारिश में भी हजारों श्रद्धालु कथा सुन रहे थे। पंडाल में जगह ना होने से श्रद्धालुओं ने पंडाल के बाहर छाता लगाकर कथा सुनी।
दरअसल, विवादों के बाद विदिशा में पंडित प्रदीप मिश्रा की कथा चल रही है। कथा में प्रदीप मिश्रा ने कहा कि भगवान शिव जी पर एक लोटा जल चढ़ा देने मात्र से ही हमारी सभी इच्छाएं और मनोकामना पूरी हो जाती हैं। इसके लिए आवश्यक है कि हम चल निष्कपट भाव से चढ़ाएं।
प्रेम जोड़ता है
पंडित प्रदीप मिश्रा ने कहा कि प्रेम जोड़ता और भ्रम तोड़ता है। कभी संबंध बना हो तो यह मत देखना कि उसका घर कितना बड़ा है, उसका घर भले ही छोटा हो पर उसका दिल बड़ा होना चाहिए। मिश्रा ने कहा कि वह 23 साल पहले विदिशा आए थे। पहले भागवत कथा के माध्यम से आए और अब शिव महापुराण के माध्यम से विदिशा आए हैं।
बारिश मे भींगते हुए लोगों ने लिया कथा का आनंद
गौरतलब है कि पिछले कई दिनों से पंडित प्रदीप मिश्रा विवादों में घिरे नजर आ रहे थे। राधारानी का विवाद समाप्त ही हुआ था कि ताप्ती नदी को लेकर दिए गए बयान से विवादों में एक बार फिर घिर गए हैं। इन विवादों के बावजूद उनकी कथा सुनने वालों पर इसका कोई असर नहीं पड़ा है। विदिशा में सोमवार को हजारों लोग बारिश में भीगते हुए कथा का आनंद लेने पहुंचे। कोई छाता लेकर कथा सुन रहा था तो कोई सर पर तिरपाल रख कर कथा का रसपान कर रहा था।
