रायसेन। आगामी जनगणना-2027 को डिजिटल और सुगम बनाने की दिशा में जिला प्रशासन ने सक्रिय पहल शुरू कर दी है। इसी क्रम में कलेक्टर अरूण कुमार विश्वकर्मा ने मंगलवार को स्वयं अपने मोबाइल के माध्यम से ‘स्व-गणना’ (Self-Enumeration) फॉर्म भरकर जिले के नागरिकों के सामने एक उदाहरण पेश किया। उन्होंने नागरिकों को प्रेरित करते हुए कहा कि भारत सरकार द्वारा प्रदान की गई यह डिजिटल सुविधा अत्यंत सरल, सुरक्षित और सुविधाजनक है, जिसका उपयोग हर नागरिक को करना चाहिए।
कलेक्टर विश्वकर्मा ने बताया कि जनगणना-2027 के प्रथम चरण के तहत मकानों की सूचीकरण और गणना का कार्य 1 मई से 30 मई 2026 तक किया जाना है। इससे पूर्व, नागरिकों को अपनी जानकारी स्वयं दर्ज करने के लिए 16 अप्रैल से 30 अप्रैल 2026 तक पोर्टल पर विशेष सुविधा दी गई है। उन्होंने अपील की कि लोग घर बैठे ही पोर्टल पर लॉगिन कर आसान सवालों के जवाब देकर अपने परिवार की जानकारी दर्ज करें। यह पहली बार है जब जनगणना में नागरिकों को ‘स्व-गणना’ का विकल्प दिया गया है, जो डेटा संग्रहण को अधिक सटीक और प्रभावी बनाएगा।
उल्लेखनीय है कि इस डिजिटल प्रक्रिया का मुख्य उद्देश्य समय की बचत करना और डेटा-संपन्न भारत के निर्माण में जन-भागीदारी सुनिश्चित करना है। जो नागरिक इस अवधि में स्वयं जानकारी दर्ज करेंगे, उनके लिए आगामी प्रक्रिया और अधिक सुगम हो जाएगी। जनगणना का दूसरा और मुख्य चरण, जिसमें जनसंख्या की वास्तविक गणना होगी, फरवरी 2027 में देशव्यापी स्तर पर संपन्न किया जाएगा। कलेक्टर ने जिले के सभी वर्गों से इस आधुनिक और समावेशी प्रक्रिया का हिस्सा बनने का आह्वान किया है।
