नई दिल्ली
रामलीला मैदान में आम आदमी पार्टी (AAP) की मेगा रैली हुई। दिल्ली में सेवाओं पर नियंत्रण संबंधी केंद्र के अध्यादेश के खिलाफ सीएम सीएम अरविंद केजरीवाल ने जमकर हमला बोला। केजरीवाल ने कहा कि ‘पहली बार ऐसा पीएम आया है जो सुप्रीम कोर्ट का आदेश नहीं मानता, संविधान को नहीं मानता।’ उन्होंने सभी विपक्षी दलों से इस अध्यादेश का विरोध करने की अपील की। रामलीला मैदान से केजरीवाल ने ‘चौथी पास राजा’ की वो कहानी दोहराई जो उन्होंने दिल्ली विधानसभा में सुनाई थी। पूर्व कांग्रेस नेता और निर्दलीय राज्यसभा सांसद कपिल सिब्बल भी AAP के मंच पर दिखे। रैली में केजरीवाल के साथ पंजाब सीएम भगवंत मान और सौरभ भारद्वाज, आतिशी और संजय सिंह सहित पार्टी के बड़े नेता मौजूद रहे। केजरीवाल ने इसी रामलीला मैदान से 2012 में राजनीतिक सफर की शुरुआत की थी।
इस दौरान अरविंद केजरीवाल ने एक कहानी भी सुनाई. उन्होंने कहा, “एक महान देश था. उस देश के गरीब घर में बच्चा पैदा हुआ. गांव में ज्योतिषी आते हैं. ज्योतिषी बच्चे का भविष्य बताते हैं. उसने कुंडली देखकर कहा कि माई तेरा बेटा बड़ा होकर बड़ा सम्राट बनेगा. माई को समझ नहीं आया. मैं गरीब हूं तो बच्चा सम्राट कैसे बनेगा. बच्चा बड़ा हुआ, सरकारी स्कूल में एडमिशन करा दिया. पढ़ने लिखने में मन नहीं लगता था. चौथी में आकर नाम कटवा लिया. बगल में रेलवे स्टेशन था, घर में गरीबी थी. वो बच्चा वहां जाकर चाय बेचने लगा. चाय बेचकर गुजारा करता था. बचपन में अच्छा भाषण देता था. धीरे-धीरे आस-पास के गांवों में फैल गया कि भाषण अच्छा देता है. जो भी टॉपिक हो, सभी पर भाषण देता रहता था. बढ़ा होकर देश का सम्राट बन गया. अफसर आते और सम्राट से साइन करा लेते. उसे तो पढ़ना आता नहीं था, लेकिन उसे लगता था कि अगर मैं अफसरों से पूछूंगा तो मेरी कमजोरी सामने आ जाएगी. धीरे-धीरे देश के अंदर फैल गया राजा अनपढ़ है. उसे बुरा लगने लगा तो राजा ने फर्जी डिग्री का जुगाड़ कर लिया. एमए की डिग्री का. वह धीरे-धीरे अहंकारी होता गया. एक बार कुछ लोग गए, राजा को बोले नोटबंदी कर दो भ्रष्टाचार और आतंकवाद खत्म हो जाएगा. रात में आठ बजे टीवी पर आकर उसने नोटबंदी कर दी. पूरे देश को बेड़ा गर्क कर दिया. कोई आकर बोला कि 2000 का नोट लेकर आ जाओ फिर कोई आया तो बोल दिया कि नोट बंद कर दो, उसने नोट बंद कर दिया. उसे अक्ल नहीं थी तो कभी नोट बंद करता कभी चालू. किसी के कहने पर किसानों का कानून बना दिया. पूरे देश के किसान सड़कों पर उतर आए. 750 किसान मर गए आंदोलन में. एक साल बाद राजा को कानून वापस लेने पड़े. महामारी फैल गई तो चम्मच थाली बजवा दी, लेकिन उसे समझ नहीं आया कि दवाई, इंजेक्शन की जरूरत पड़ेगी. राजा अपने दोस्तों का ख्याल रखता था. एक दोस्त ने 12 हजार करोड़ रुपये चोरी कर लिए तो उसे राजा ने देश से भगा दिया. एक दोस्त ने 20 हजार करोड़ चोरी किए तो उसे भी भगा दिया. एक करीबी दोस्त पर राजा मेहरमान था. उसे खदान, जमीन सब बेच दिए.
राजा ने दोस्ती नहीं छोड़ी. मजाल किसी दोस्त पर आंच आ जाए. एक दोस्त ने किसानों को कुचल दिया, लेकिन दोस्ती नहीं छोड़ी. राजा बहुत दोस्तबाज था. एक पत्रकार ने कार्टून बना दिया, उसे उठाकर जेल में डाल दिया. एक पत्रकार ने कुछ लिख दिया, उसे पकड़कर जेल में डाल दिया. कोई जज राजा के खिलाफ ऑर्डर कर दिया तो उसे भी नहीं छोड़ता. देवता सबकुछ देख रहे थे. देवताओं ने मीटिंग की. शिव जी के पास पहुंच गए देवता. जनता परेशान हो रही है. शिवजी ने नेत्र खोल दिए. पृथ्वी के ऊपर उज्जैन के मंदिर में सप्तऋषि की मूर्ति टूट गई. रेल हादसा हो गया. आकाशवाणी हुई- महान देश के लोगों उठो, खड़े हो जाओ, इस अहंकारी राजा के खिलाफ आवाज उठाओ. एक साल के अंदर जनता ने राजा का राजपाठ उठाकर फेंक दिया. ये कहानी पवित्र कहानी है. इसको सुवने-सुनाने से परिवार, समाज और देश का भला होता है.
‘महा रैली’ को संबोधित करते हुए दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा, ‘2015 में दिल्ली ने सभी 7 सीटें भाजपा को दी, मोदी जी को पीएम बनाया और कहा आप देश संभालों और दिल्ली में 70 में 3 सीट भाजपा को दी 67 सीट AAP को दी और कहा केजरीवाल जी आप दिल्ली संभालों। दिल्लीवालों ने भाजपा के लोगों को आंखे लाल कर देखा और बोला आप देश संभालो, खबरदार अगर दिल्ली की तरफ आंख उठा कर देखें तो!’
केजरीवाल ने कहा कि मोदी जी को लगा कि सिसोदिया और सत्येंद्र जैन को जेल में डालने से हमारे काम रुक जाएंगे. हमारे पास एक नहीं 100 मनीष सिसोदिया हैं. 100 सत्येंद्र जैन हैं. हमारा दूसरा आ जाएगा काम करने के लिए. जब इनको जेल में डालने से काम नहीं चला तो अध्यादेश लेकर आए हैं. दिल्ली के लोगों के ऊपर अध्यादेश थोपा जा रहा है. दिल्ली के सातों सांसद घर में छिपे हुए बैठे हैं.
दिल्ली सीएम अरविंद केजरीवाल ने कहा, ’21 साल हो गए मोदी जी को राज करते-करते… 2015 में मैं दिल्ली का मुख्यमंत्री बना, मेरे को 8 साल हो गए… आज मैं चैलेंज करता हूं… मोदी जी के 21 साल और मेरे आठ साल… देख लो दोनों में से किसने ज्यादा काम करा।’
केजरीवाल ने कहा, ‘140 करोड़ लोग मिलकर इस अध्यादेश का विरोध करेंगे, देश को बचाएंगे। मैं पूरे देश को बोलना चाहता हूं कि ये मत सोचना कि ये केवल दिल्ली के साथ हुआ है। मुझे पता चला है कि दिल्ली जैसा ही अध्यादेश राजस्थान के लिए लाया जाएगा, पंजाब के लिए लाया जाएगा, मध्य प्रदेश के लिए लाया जाएगा… इसे अभी सबको मिलकर रोकना पड़ेगा।’
दिल्ली के अंदर जनतंत्र खत्म कर दिया: केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि दिल्ली की जनता सुप्रीम है, लेकिन पीएम ने ये अध्यादेश पारित कर दिया और आदेश को खारिज कर दिया. अध्यादेश कहता है कि अब दिल्ली के अंदर जनतंत्र नहीं होगा. अब दिल्ली में तानाशाही चलेगी. अब जनता सुप्रीम नहीं है. अब जनता नहीं एलजी सुप्रीम होगा. जनता जिसे भी वोट दे और सरकार बनाए, पीएम कहते हैं कि सरकार तो मैं ही चलाऊंगा. 26 जनवरी 1950 को संविधान लागू हुआ. अंबेडकर ने संविधान में लिखा कि इस देश के अंदर जनतंत्र होगा, जनता सुप्रीम होगी. पीएम ने भारत का संविधान बदल दिया. अब जनता नहीं एलजी होगा.
पीएम कहते हैं कि मैं सुप्रीम कोर्ट को नहीं मानता: केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि 19 मई को देश के प्रधानमंत्री ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले को खारिज कर दिया है. पीएम कहते हैं कि मैं सुप्रीम कोर्ट को नहीं मानता. 75 साल के इतिहास में पहली बार पीएम आया है, जो कहता है कि मैं सुप्रीम कोर्ट को नहीं मानता. पूरे देश के लोग स्तब्ध हैं. देश के लोगों को यकीन नहीं हो रहा है कि इतना अहंकारी पीएम. पीएम कहता है कि मैं सुप्रीम कोर्ट कहता है कि मोदी को क्या हो गया.
मोदी जी को समझ नहीं आ रहा देश कैसे चलाएं: केजरीवाल
केजरीवाल ने कहा कि चौथी पास राजा को समझ ही नहीं आ रहा है कि देश कैसे चलाया जाता है. चारों ओर बेरोजगारी फैली हुई है. इनको समझ नहीं आ रहा है कि कैसे दूर करें. भ्रष्टाचार कैसे दूर करें. जीएसटी की वजह से व्यापारी परेशान हैं. रेलवे का क्या हाल कर दिया. बेड़ा गर्क कर दिया. 2002 में पीएम गुजरात के सीएम बने. 12 साल गुजरात के सीएम रहे. बीते 9 साल से पीएम हैं. 21 साल हो गए राज करते-करते. मैं 2015 में सीएम बना. मेरे को 8 साल हो गए . आज उन्हें चैलेंज करता हूं. 21 साल और आठ साल किसने ज्यादा काम किया.
भगवंत मान ने कहा, ‘बीजेपी कहीं भी जोड़-तोड़ से सरकार बना लेती है। बीजेपी मतलब भारतीय जुगाड़ू पार्टी है।’ मान ने कहा, ‘दरिया का रास्ता रोका नहीं जा सकता… हुकूमत वो करते हैं जिनका दिलों पर राज होता है, यूं तो मुर्गे के सिर पर भी ताज होता है…। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा, ‘ये कोई शक्ति प्रदर्शन नहीं है। हमने सिर्फ जनता तक बात पहुंचाने के लिए रैली बुलाई है। आप धूप, बारिश में लाइन लगकर वोट डालते हो कि ये मेरा पसंदीदा नेता है। लेकिन मोदी साहब चाहते ही नहीं है कि किसी और पार्टी की गवर्नमेंट बन जाए।’
आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने कहा कि ‘मोदी सरकार काला अध्यादेश लेकर आई है। पूरे देश के नेताओं से अरविंद केजरीवाल जी ने मुलाकात की है, सबका समर्थन मिल रहा है। पूरे देश में इस आंदोलन को बढ़ाना होगा।’
कपिल सिब्बल ने कहा कि ‘जनता पिस रही है… हम इंसाफ चाहते हैं।’ उन्होंने सभी विपक्षी दलों से एकजुट होकर बीजेपी के खिलाफ लड़ने की अपील की। कपिल सिब्बल पूरा घटनाक्रम समझा रहे हैं कि कैसे अधिकारों का मामला सुप्रीम कोर्ट तक गया। वह कानूनी पेचीदगियों से रूबरू कराते हुए आरोप लगा रहे हैं कि केंद्र सरकार ने संघवाद का गला घोंटा है।
रामलीला मैदान में रैली को अब कपिल सिब्बल संबोधित कर रहे हैं। उन्होंने कहा, ‘2014 से अब तक काफी कुछ बदल गया है। तब मैं कांग्रेस में था और अरविंद केजरीवाल हमारा विरोध करते थे।’ सिब्बल ने कहा कि अब काफी कुछ बदल गया है। उन्होंने कहा, ‘बीजेपी ने सबको अपनी गोदी में बिठा लिया है। आज मैं आपके सामने एक निर्दलीय सांसद के रूप में खड़ा हूं। वक्त आ गया है कि सभी विपक्षी दलों को एकजुट होकर मोदी जी का सामना करना होगा।’
