नूंह
हरियाणा के नूंह जिले में मनरेगा योजना के तहत गड़बड़ी की परतें अब लगातार खुलती नजर आ रही हैं। मरे हुए और नाबालिग बच्चों के जॉब कार्ड बनाकर उनको मनरेगा में मजदूरी दिखाकर करोड़ों रुपये का घोटाला विभिन्न पंचायतों में किया गया है। इन पंचायतों की लगातार शिकायतें हो रही हैं, कार्रवाई भी लगातार की जा रही है। ऐसा ही एक मामला नगीना ब्लाक के गांव अकलीमपुर नूंह की पूर्व सरपंच जायदा के ससुर असरुद्दीन और एबीपीओ साजिद को नगीना पुलिस ने गिरफ्तार किया है। हालांकि इससे पहले पुन्हाना में दर्ज हुए मनरेगा घोटाले के मामले में पंचायत विभाग के अधिकारी अभी भी पुलिस गिरफ्त से बाहर खुले में घूम रहे है।
7 मृत लोगों का बनाया फर्जी जॉब कार्ड
मुख्यमंत्री उड़नदस्ता रेवाड़ी के डीएसपी राजेश चेंची ने बताया कि गांव अकलीमपुर में मनरेगा स्कीम के तहत वर्ष 2019–2021 में हुए विकास कार्यों की एक शिकायत उनके कार्यालय में प्राप्त हुई थी। जिसमें आरोप लगाया गया था कि गांव की सरपंच ने पंचायत विभाग के अधिकारियों से मिलीभगत कर मृत लोगों के फर्जी जॉब कार्ड बनवाए हुए है। इसके साथ ही विदेश में रहने वाले एक व्यक्ति को भी मनरेगा योजना के तहत कार्य करते हुए दिखाया गया है। उक्त लोगों ने मृत लोगों को मजदूर दिखाकर फर्जी बैंक खाते भी खुलवाए हुए हैं। शिकायत के आधार पर टीम द्वारा गांव में जांच की गई। जांच में पाया गया कि सरपंच और पंचायत विभाग के अधिकारियों ने मृत मजदूरों के नाम से फर्जी मस्टररोल जारी कर कोआपरेटिव बैंक नगीना में खुलवाए गए फर्जी खातों में मजदूरों के नाम से जारी सरकारी राशि को डलवाकर उसका गबन किया है।
मृत मजदूरों के नाम से जारी हुई 95 हजार रुपए की राशि
डीएसपी ने बताया कि जांच में पाया गया कि मनरेगा में काम करने वाले महमूदा, सोराब खान, शेरू उर्फ शेर मोहम्मद, सुबानी बसीर,याकूब कपूरा और हुसैना निवासी अकलीमपुर सभी की मृत्यु काफी समय पहले हो चुकी थी । लेकिन पंचायत विभाग के अधिकारियों ने फर्जी मस्टररोल जारी कर सभी मजदूरों की हाजरी दिखाकर योजना में फर्जीवाड़ा किया है। इसके अतिरिक्त जैकम निवासी अकलीमपुर जो काफी समय से विदेश में रहता है उसकी भी हाजरी लगवाई गई है। डीएपी ने बताया कि सरपंच व पंचायत विभाग के अधिकारियों ने मिलीभगत कर सभी मृत लोगों के बैंक में फर्जी खाता खुलवाएं। जिसके बाद उन खातों में मजदूरों की राशि डलवाई गई। जांच में पाया गया कि करीब 95 हजार रुपए मजदूरों के नाम से हड़पे गए है।
पुलिस ने नहीं दी कोई जानकारी
मुख्यमंत्री उड़नदस्ता रेवाड़ी के सब इंस्पेक्टर की शिकायत के आधार पर गांव अकलीमपुर की महिला सरपंच जायदा ,उसके ससुर असरुद्दीन और पंचायत विभाग के एबीपीओ साजिद हुसैन के खिलाफ नगीना थाना पुलिस ने आईपीसी की धारा 409, 420, 467, 468, 471 और 120B के तहत मुकदमा दर्ज कर पूर्व महिला सरपंच के ससुर और एबीपीओ को गिरफ्तार कर लिया गया। लेकिन पुलिस मामले की जानकारी देने से कतराती रही। जांच अधिकारी न केवल आरोपियों का फोटो देने से मना किया बल्कि जानकारी देने से भी साफ इंकार कर दिया।
