नई दिल्ली
राज्यसभा में आज सभापति जगदीप धनखड़ और टीएमसी सांसद डेरेक ओ ब्रायन के बीच तीखी नोकझोंक हुई। डेरेक चेयर की तरफ चिल्लाए और पॉइंट ऑफ ऑर्डर दिया। जब धनखड़ ने पूछा कि आपका पॉइंट ऑफ ऑर्डर क्या है? ब्रायन की आवाज तेज होती चली गई। उन्होंने कहा कि सर, हमें कम्युनिकेट करने की जरूरत है कि हम मणिपुर पर चर्चा के लिए तैयार हैं लेकिन वैसे नहीं जैसा वे (सत्तापक्ष) चाहते हैं। इस पर सभापति नाराज हो गए। उन्होंने कहा कि मैं सदस्यों से स्पष्ट कहना चाहता हूं कि अगर वे पॉइंट ऑफ ऑर्डर चाहते हैं और खड़े होकर पॉइट ऑफ ऑर्डर नहीं देते हैं… उस पर भाषण देने लगते हैं। अगर आप सिर्फ स्पेस चाहते हैं तो यह ठीक नहीं है। धनखड़ ने कहा, ‘मुझे बताइए कि किस रूल के तहत पॉइंट ऑफ ऑर्डर दे रहे हैं।’ इस पर डेरेन के जवाब दिया, ‘रूल पेज 92 पर है। रूल 267 है विपक्ष के नेता लगातार मणिपुर पर चर्चा के लिए कह रहे हैं।’ यह कहते हुए ब्रायन चीखने लगे। इसके बाद उन्हें सभापति ने सस्पेंड कर दिया।
TMC सासंद की चीखें सुनकर धनखड़ ने भी आवाज तेज की। उन्होंने निर्देश देते हुए कहा कि अपनी सीट पर बैठिए। हालांकि वह बोलते जा रहे थे। इसके बाद सभापति खड़े हुए और उन्होंने आदेश दिया कि मैं डेरेक ओ ब्रायन को सदन छोड़ने का निर्देश देता हूं। इसके बाद पीयूष गोयल ने मोशन मूव किया। उन्होंने बाकी बचे हुए सत्र के लिए डेरेक ओ ब्रायन के सस्पेंशन का प्रस्ताव रखा। वह लगातार सदन की कार्यवाही को बाधित कर रहे हैं और चेयर का अपमान कर रहे हैं। गोयल ने कहा कि डेरेक वेल में जाकर नारेबाजी कर रहे थे।
इससे पहले, हुआ यूं कि विपक्षी सदस्य मणिपुर पर चर्चा की मांग कर रहे थे। पीयूष गोयल ने कहा कि मैं चेक करता हूं कि गृह मंत्री कहां है। 12 बजे चर्चा के लिए हम तैयार हैं। हालांकि विपक्षी सदस्यों ने 267 के तहत चर्चा की बात दोहराई तो सभापति ने कहा कि मैं अपनी रूलिंग के खिलाफ नहीं जा सकता। हालांकि हंगामा चलता रहा। चेयरमैन ने सभी नोटिस को खारिज कर दिया। आज कुछ नोटिस हरियाणा पर चर्चा के आए थे। उन्होंने कहा कि मैं केवल उसी नोटिस को स्वीकार करूंगा जो समयसीमा में रूल के तहत दिए जाएंगे।
