9 C
London
Wednesday, May 13, 2026
Homeहेल्थScience Behind A2 Ghee: देसी घी का भी अब 'A1' और 'A2' में...

Science Behind A2 Ghee: देसी घी का भी अब ‘A1’ और ‘A2’ में बंटवारा: क्या है सच कौन सा है ज्यादा फायदेमंद

Published on

Science Behind A2 Ghee: देसी घी, जो भारतीय रसोई का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, उसका भी बंटवारा होगा, क्या आपने कभी सोचा था? वैसे तो इस बात पर चर्चा होती थी कि घी गाय के दूध का है या भैंस के दूध का, लेकिन अब घी की भी 2 कैटेगरी हैं जिसमें एक ज्यादा फायदेमंद और दूसरी कम, यह कैसे संभव है? दरअसल, देसी घी को A1 और A2 दो कैटेगरी में बांटा गया है. A1 वाला देसी घी कम फायदेमंद या कम प्रोटीन वाला होता है, वहीं A2 घी को ज्यादा फायदेमंद माना जाता है. आइए जानते हैं इस पर विशेषज्ञों की राय.

भारत में बिकते हैं 2 तरह के घी: A1 vs A2

FSSAI (भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण) ने भारतीय कंपनियों को दूध और सभी दूध उत्पादों को 2 लेबल के साथ बेचने की अनुमति दी है, जिसमें A1 और A2 शामिल हैं. इन दोनों के बीच के अंतर की बात करें तो बाजार में फिलहाल अंतर कीमत का है. जहां A1 घी ₹1000 प्रति किलोग्राम में उपलब्ध है, वहीं A2 देसी घी ₹3000 प्रति किलोग्राम में उपलब्ध है. यह कीमत का बड़ा अंतर ग्राहकों के मन में सवाल पैदा करता है.

क्या हैं मुख्य अंतर?

इन दोनों घी के बीच का अंतर गायों के दूध से जुड़ा है. A1 दूध विदेशी नस्ल की गायों से लिया जाता है, जबकि A2 दूध भारतीय गायों से प्राप्त होता है. A2 घी को बीटा कैसीन प्रोटीन का स्रोत माना जाता है, जो भारतीय गायों में अधिक होता है. A2 घी को अमीनो एसिड का स्रोत माना जाता है और इसे आसानी से पचने वाला घी कहा जाता है.

लेकिन, इसका कोई वैज्ञानिक प्रमाणीकरण अभी तक नहीं मिला है. ऐसे में इसे किस आधार पर ज्यादा फायदेमंद कहा जा सकता है?

क्या कहते हैं विशेषज्ञ?

इंडियन डेयरी एसोसिएशन के अध्यक्ष आरएस सोढ़ी ने एक निजी एजेंसी को बताया है कि दोनों तरह के दूध में प्रोटीन फैटी एसिड से आता है. ऐसे में किसी एक को बेहतर कैसे माना जा सकता है? वह कहते हैं कि घी वसा (फैट) का एक स्रोत है जिसमें प्रोटीन भी पाया जाता है. लेकिन इस बात पर कोई शोध या अध्ययन नहीं हुआ है कि यह शरीर के लिए कितना फायदेमंद होगा.

वहीं, अन्य विशेषज्ञ डायटीशियन डॉ. विभूति रस्तोगी भी इसे कंपनियों की मार्केटिंग रणनीति बताती हैं और कहती हैं कि अभी तक कोई वैज्ञानिक आधार नहीं मिला है. इसे सामान्य घी से अधिक फायदेमंद मानना सही नहीं है. अगर दोनों तरह के घी कंपनी द्वारा मशीनों से निकाले जा रहे हैं, तो क्या मशीनें भी घी में प्रोटीन की मात्रा को बढ़ा या घटा सकती हैं?

यह भी पढ़िए: भेल कर्मचारियों को वेतन के साथ मिलेगा पीपीपी बोनस

कंपनियां क्यों बताती हैं इसे फायदेमंद?

दरअसल, ऐसे घी की बिक्री के लिए कंपनियां यह बताती हैं कि A2 घी के लिए दूध देसी गायों से लिया जाता है और घी निकालने के लिए पारंपरिक बिलोना प्रक्रिया का भी उपयोग किया जाता है. इस पारंपरिक तरीके को अक्सर मशीनीकृत उत्पादन की तुलना में बेहतर माना जाता है, जिससे ग्राहक आकर्षित होते हैं. हालांकि, बिना वैज्ञानिक प्रमाण के, यह केवल एक दावा ही रह जाता है.

Latest articles

असम के दूसरी बार मुख्यमंत्री बने हिमंता, 2 बीजेपी और 2 सहयोगी दलों से मंत्री बने, मोदी-शाह मौजूद रहे

गुवाहाटी। हिमंता बिस्वा सरमा लगातार दूसरी बार असम के मुख्यमंत्री बने हैं। असम के...

मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना से धनंजय तिवारी को मिली 14 हजार से अधिक रुपये की राहत

रायपुर। विष्णुदेव साय के नेतृत्व में संचालित मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना 2026...

बीएचईएल में नई भर्ती आर्टिजनों के वेतन पुनरीक्षण की मांग, ऐबू ने प्रबंधन को सौंपा ज्ञापन

भोपाल। बीएचईएल भोपाल में नई भर्ती कामगारों (आर्टिजनों) के हितों और वेतन विसंगतियों को...

उद्यमशीलता से प्रवासी राजस्थानियों ने देश-विदेश में बनाई अलग पहचान : मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा

जयपुर। भजनलाल शर्मा ने कहा कि प्रवासी राजस्थानियों ने अपनी उद्यमशीलता, मेहनत और दूरदर्शिता...

More like this

सेहत के लिए बेहद फायदेमंद होता है सौंफ, जीरा और अजवाइन का पानी

Health Tips: सुबह खाली पेट सौंफ, जीरा और अजवाइन का पानी पीना सेहत के...

सेहत के लिए वरदान है कच्ची हल्दी, रोज़ाना सेवन से कैंसर सहित कई बीमारियों का खतरा हो सकता है कम

Turmeric benefits: कच्ची हल्दी स्वास्थ्य के लिए वरदान की तरह माना गया है। कच्ची...

चाय पीने के तुरंत बाद पानी पीना सेहत के लिए हो सकता है खतरनाक

चाय पीने के तुरंत बाद पानी न पीने की सलाह दी जाती है। इसके...