15.7 C
London
Monday, May 4, 2026
Homeराज्यनीतीश के पाला बदल से अखिलेश की बांछें खिलीं... इशारों में चाचा...

नीतीश के पाला बदल से अखिलेश की बांछें खिलीं… इशारों में चाचा शिवपाल को दे दी यह सलाह

Published on

इटावा

प्रगतिशील समाजवादी पार्टी (लोहिया) के अध्यक्ष शिवपाल सिंह यादव ने शुक्रवार को कहा कि जिस तरह बिहार में प्रमुख विपक्षी दल जनता दल यूनाइटेड (जदयू) और राष्ट्रीय जनता दल (राजद) भाजपा के खिलाफ अपने मतभेदों को दरकिनार कर साथ आए हैं, वैसा उत्तर प्रदेश में तभी संभव है, जब यहां के नेता बिहार की तरह परिपक्वता दिखाएं। देश में अगले लोकसभा चुनाव में 2024 में नरेंद्र मोदी के खिलाफ बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के विपक्षी चेहरे के रूप में उभरने की संभावना के बारे में पूछे जाने पर, शिवपाल ने कोई साफ जवाब नहीं दिया।

वरिष्ठ समाजवादी नेता मुलायम सिंह यादव के छोटे भाई शिवपाल ने कहा, ‘वह (नीतीश) 8वीं बार (बिहार के) मुख्यमंत्री बने हैं। वह वरिष्ठ हैं और इसके साथ ही वह एक पुराने समाजवादी हैं। पहले नेताओं में परिपक्वता होनी चाहिए। जब तक उनमें परिपक्वता नहीं होगी, तब तक उत्तर प्रदेश में कुछ नहीं हो सकता। बिहार के नेताओं ने परिपक्वता दिखाई और इसलिए सब कुछ हुआ।’ हालांकि उन्होंने किसी पार्टी या व्यक्ति का नाम नहीं लिया। यादव यहां रक्षाबंधन के मौके पर थे।

अखिलेश यादव निशाने पर
हाल ही में, शिवपाल यादव ने उत्तर प्रदेश में अपने विपक्षी गठबंधन सहयोगियों को संभालने में राजनीतिक परिपक्वता नहीं दिखाने के लिए अपने भतीजे समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव पर हमला बोला था। शिवपाल यादव ने हाल ही में उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में सपा के टिकट पर जसवंतनगर से जीत हासिल की थी और चुनाव परिणाम आने के बाद से ही उनकी और सपा प्रमुख अखिलेश यादव के बीच दूरियां बढ़ती गई। अब शिवपाल यादव ने अपनी पार्टी के संगठन को मजबूत करना शुरू किया है।

यह पूछे जाने पर कि क्या वह अगले लोकसभा चुनाव से पहले बिहार की तरह उप्र में राजनीतिक दलों के बीच एकता बनाने की पहल करेंगे, उन्होंने कहा कि इसके लिए अभी समय है। उन्होंने कहा, “हम एक छोटी पार्टी हैं और फिलहाल हम अपने संगठन को मजबूत कर रहे हैं।”

जद (यू) नेता नीतीश कुमार ने बुधवार को रिकॉर्ड आठवीं बार बिहार के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली। हालांकि सबसे अधिक आबादी वाले राज्य उत्तर प्रदेश में नीतीश कुमार और उनकी पार्टी का कोई प्रभाव नहीं है, लेकिन राजद के साथ उनके हाथ मिलाने से यहां के नेताओं को अगले आम चुनाव में शक्तिशाली भाजपा का मुकाबला करने के लिए इसी तर्ज पर सोचने के लिए प्रेरित किया है।

Latest articles

नये मध्यप्रदेश का मार्वलस माइलस्टोन साबित होगा इन्दौर-पीथमपुर इकोनॉमिक कॉरिडोर: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने 2360 करोड़ की लागत के इंदौर-पीथमपुर इकोनॉमिक कॉरिडोर के पहले...

किसके सिर सजेगा ताज : पांच राज्यों की विधानसभा 823 सीटों के लिए आज होगी मतगणना

नई दिल्ली। देश के पांच बड़े चुनावी मोर्चों असम, पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरलम और...

जबलपुर बरगी डैम हादसा: राजधानी में बरपा युवा कांग्रेस का कहर

पर्यटन मंत्री के बंगले पर '11 अर्थियाँ' लेकर पहुँचे कार्यकर्ता भोपाल। जबलपुर के बरगी डैम...

8 करोड़ की लागत से बेहतर होगा सड़क परिवहन : राज्यमंत्री गौर

मिसरोद और बरखेड़ा पठानी में क्रमश: 2 करोड़ 68 लाख और 2 करोड़ 70...

More like this

सीसी रोड की खराब गुणवत्ता पर सख्त हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, दोषियों पर कार्रवाई के निर्देश

रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बेमेतरा जिले के नगर पंचायत दाढ़ी...

15 जून तक पूरे हों मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा जल स्वावलंबन अभियान के कार्य, पौधारोपण की तैयारी के निर्देश

जयपुर। मुख्यमंत्री जल स्वावलंबन अभियान 2.0 एवं जल संचय जन भागीदारी 2.0 की समीक्षा...

अहमदाबाद में ग्राम-2026 इन्वेस्टर मीट आयोजित, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने निवेशकों को दिया राजस्थान में निवेश का आमंत्रण

अहमदाबाद। राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने अहमदाबाद में आयोजित ग्राम-2026 इन्वेस्टर मीट में...