7.4 C
London
Wednesday, March 25, 2026
Homeराष्ट्रीयदेसी वैक्‍सीन आपको BF.7 से बचा लेगी? नए कोरोना वेरिएंट की 'चीरफाड़'...

देसी वैक्‍सीन आपको BF.7 से बचा लेगी? नए कोरोना वेरिएंट की ‘चीरफाड़’ में लगे भारतीय वैज्ञानिक

Published on

नई दिल्‍ली

चीन समेत कई देशों में कोरोना के BF.7 स्‍ट्रेन ने कहर बरपा रखा है। पिछले दो दिन में विदेश से आने वाले 39 यात्री पॉजिटिव मिले हैं। भारत में इसका सैंपल आइसोलेट किया जा चुका है। क्‍या अपने यहां बनी कोविड वैक्‍सीन BF.7 संक्रमण से बचा सकती हैं? या देसी वैक्‍सीन लेने वालों को गंभीर बीमारी का खतरा कम है? इन्‍हीं सब सवालों के जवाब जानने के लिए स्‍टडी चल रही है। एक्‍सपर्ट्स के अनुसार, ओमीक्रोन वेरिएंट का यह सब-लीनिएज बेहद संक्रामक है। इससे संक्रमित व्‍यक्ति कम से कम 10 और लोगों को संक्रमण दे सकता है। भारत में जुलाई से अबतक BF.7 वेरिएंट के चार मामलों का पता चला है। सूत्रों के अनुसार, इनमें से तीन गुजरात से हैं और एक ओडिशा से। सभी चारों मरीज या तो एसिम्‍प्‍टोमेटिक थे या उनमें बीमारी के हल्‍के लक्षण दिखे। राहत की बात है कि सभी कोरोना संक्रमण से रिकवर हो गए।

भारत पर कितना असर डालेगा BF.7, एक्‍सपर्ट्स ने क्‍या कहा
एक्‍सपर्ट्स ने कहा कि BF.7 सब-वेरिएंट चीन, जापान और साउथ कोरिया समेत कई देशों में ताजा लहर के पीछे है लेकिन भारत में इसके असर का आंकलन करने में वक्‍त लगेगा। इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (ICMR) के वैज्ञानिक डॉक्‍टर एनके मेहरा ने बताया कि BF.7 का रीप्रोडक्‍शन वैल्‍यू 10 से ज्‍यादा है मतलब एक संक्रमित व्‍यक्ति 10 से ज्‍यादा को संक्रमित कर सकता है। हालांकि, उन्‍होंने कहा कि अभी तक देश में इसकी वजह से मामले नहीं बढ़े हैं।

सावधान रहें! जनवरी में बढ़ सकते हैं केस
चीन, जापान के साथ अमेरिका और यूरोप के कुछ देशों में जिस तरह से कोविड के मामले तेजी से बढ़े हैं, उसे देखते हुए भारत के लिए जनवरी का महीना काफी अहम होगा। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के सूत्रों ने कहा कि 30 से 40 दिनों तक लोगों को बहुत सतर्कता बरतनी होगी। मास्क पहनने समेत कोविड से बचाव के सभी नियमों का सख्ती से पालन करना होगा। कोविड की पिछली लहरों का ट्रेंड देखें तो चीन, जापान, कोरिया में केस बढ़ने के 10 दिन बाद यूरोप और उसके बाद अमेरिका, लैटिन अमेरिका के देशों में केस बढ़ते हैं। फिर भारत में भी मामलों में इजाफा होता है। अगर इस बार भी ऐसा ही ट्रेंड रहा तो जनवरी में देश में कोरोना के केस बढ़ सकते हैं, लेकिन अस्पताल में भर्ती होने की दर कम ही रहेगी।

कोविड की नई लहर से निपटने की क्‍या तैयारी?
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने मंगलवार को देशभर के 20,021 अस्पतालों में कोविड की तैयारियों को जांचा। इनमें 15,424 सरकारी और 4,597 प्राइवेट अस्पताल थे। इस ड्रिल में 2.16 लाख से ज्यादा डॉक्टरों, 3.87 लाख नर्सों, 1.93 लाख पैरामेडिकल स्टाफ और 17,791 आयुष प्रैक्टिशनरों ने हिस्सा लिया। एक्‍सपर्ट्स का मानना है कि लोगों को ओमीक्रोन के नए वेरिएंट से बचाव के लिए कोविड-उपयुक्त व्यवहार और वैक्सिनेशन अपनाना चाहिए। डरने की जरूरत नहीं है, क्योंकि कुछ महीनों से ये वेरिएंट भारत में मौजूद है लेकिन हमें सभी तरह की स्थितियों के लिए तैयार रहना चाहिए।

Latest articles

कलेक्टर ने की जनसुनवाई में 150 आवेदनों पर सुनवाई, कई समस्याओं का मौके पर निराकरण

भोपाल कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह के निर्देशन में आयोजित जनसुनवाई में मंगलवार को जिलेभर से...

ऋण जमा करने की तिथि बढ़ाएं सरकार, वरना होगा उग्र आंदोलन: किसान कांग्रेस का अल्टीमेटम

भोपाल किसान कांग्रेस भोपाल ग्रामीण ने किसानों की समस्याओं को लेकर सरकार के खिलाफ मोर्चा...

जनता की सेवा और क्षेत्र का विकास ही हमारा मूलमंत्र — राज्यमंत्री श्रीमती कृष्णा गौर

भोपाल पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण (स्वतंत्र प्रभार) राज्यमंत्री श्रीमती कृष्णा गौर ने मंगलवार को...

राजस्थान सेमीकंडक्टर पॉलिसी-2026 जारी, निवेश और रोजगार को मिलेगी नई दिशा

जयपुर। भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राज्य सरकार ने ‘‘राजस्थान सेमीकंडक्टर पॉलिसी-2026’’ जारी कर तकनीकी...

More like this

हर घर जल’ की दिशा में राजस्थान का ऐतिहासिक कदम, JJM 2.0 में एमओयू करने वाला देश का पहला राज्य बना

जयपुर । प्रदेश ने ‘हर घर जल’ के लक्ष्य को नई गति देते हुए एक...

भारत इलेक्ट्रिसिटी समिट 2026: भेल की निदेशक बानी वर्मा ने यशोभूमि में प्रदर्शनी का अवलोकन किया

नई दिल्ली । दिल्ली के यशोभूमि (द्वारका) में आयोजित 'भारत इलेक्ट्रिसिटी समिट 2026' के तीसरे...