UP में एक दुकान में छिपा था दुर्लभ जीव, मुश्किल में है इस शर्मीले जानवर का कुनबा

नई दिल्ली

यूपी के सोनभद्र जिले में वन विभाग की टीम ने एक दुर्लभ प्रजाति के जीव को पकड़ा है। यह जंगली जानवर दुकान में छिपा था। इसे इंडियन पैंगोलिन के नाम से जाना जाता है। पिछले साल अक्टूबर में पैंगोलिन उत्तराखंड के चंपावत में भी देखा गया था। कुछ जगहों पर इसे सल्लू सांप या चींटीखोर भी कहते हैं। तस्करी के कारण इस जीव की संख्या घट रही है। तस्कर इसे 12 से 15 लाख रुपये में खरीदते बेचते हैं। चीन में इसके मांस की काफी डिमांड है। एक किलो मांस 30 हजार रुपये में बिकता है। हड्डियों आदि का दवाओं में भी इस्तेमाल करने की खबरें आती रहती हैं। चीन के लोग तो सेक्स पावर बढ़ाने के लिए इस बेजुबान को मार डालते हैं।

जंगल से भटककर आ गया था
सोनभद्र में वन विभाग की टीम ने इस इंडियन पैंगोलिन को सुरक्षित तरीके से बजिया के जंगल में ले जाकर छोड़ दिया है। बताया गया है कि छत्तीसगढ़ और यूपी सीमा के जंगल से बभनी वन रेंज के घघरा में यह जीव आ गया था। कहा जाता है ये लाखों साल से धरती पर हैं और चीटियां खाकर जिंदा रह सकते हैं। अवैध तस्करी के मामलों पर नजर डालें तो 20 प्रतिशत से ज्यादा तस्करी इसी जीव की होती है।

चीनी खाते हैं पैंगोलिन का मांस
देखने में शायद कुछ लोगों को इसकी स्किन अनानास की तरह दिखाई दे। चीन में प्रसव के बाद महिलाओं को इसका मांस खिलाया जाता है। हालांकि इस बात का कोई वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है कि इसका मांस खाने से क्या सच में ताकत बढ़ती है। कुछ समय पहले आईएफएस अधिकारी प्रवीण कासवान ने भी इस जीव की तस्वीर शेयर करते हुए जानकारी शेयर की थी।

आपको जानकर ताज्जुब होगा कि इसके शरीर का मोटा वाला हिस्सा केराटिन से बना होता है, वही जो हमारे नाखून और बाल में होता है। इसकी स्किन उतारने के लिए चीनी इस दुर्लभ जीव को जिंदा कढ़ाही में डाल देते हैं। जबकि ये इतने शांतिप्रिय प्राणी होते हैं कि कुछ आहट महसूस होने पर शरीर को गेंद की तरह गोल बना लेते हैं। एक साल में ये करोड़ों चीटियां या कीड़े खा सकते हैं। ये जमीन पर भी पाए जाते हैं और पेड़ की डाल पर भी।

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